शिवपुर बमबाजी मास्टरमाइंड शमीम अहमद की सड़क पर परेड, भाजपा नेता बोले — 'बदल रहा बंगाल'
सारांश
मुख्य बातें
मुंबई क्राइम ब्रांच की यूनिट-6 ने पश्चिम बंगाल के हावड़ा जिले के शिवपुर थाना क्षेत्र में हुई बमबाजी और फायरिंग की घटना के मास्टरमाइंड समेत तीन फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सोमवार, 25 मई 2026 को पुलिस ने मुख्य साजिशकर्ता शमीम अहमद की सार्वजनिक सड़क पर परेड कराई, जिसे भारतीय जनता पार्टी (BJP) समेत कई लोगों ने सराहा।
गिरफ्तारी कैसे हुई
मुंबई क्राइम ब्रांच को हावड़ा पुलिस से गुप्त सूचना मिली कि शिवपुर बमबाजी मामले के आरोपी मुंबई में छिपे हुए हैं। इस इनपुट के आधार पर यूनिट-6 ने जाल बिछाया और तीनों आरोपियों को मुंबई के देवनार इलाके की एकता एसआरए बिल्डिंग के एक कमरे से गिरफ्तार कर लिया। क्राइम ब्रांच के अधिकारियों के अनुसार, आरोपी पश्चिम बंगाल में वारदात को अंजाम देने के बाद अपनी पहचान छिपाकर वहाँ रह रहे थे।
आरोपियों की पहचान
गिरफ्तार तीनों आरोपियों की पहचान शमीम अहमद अब्दुल रशीद (उम्र 40), जमील अख्तर अली (उम्र 43) और अफताब अनवर खुर्शीद अनवर (उम्र 44) के रूप में हुई है। क्राइम ब्रांच के अधिकारियों के मुताबिक, पूछताछ में तीनों ने शिवपुर बमबाजी और फायरिंग मामले में अपनी संलिप्तता स्वीकार कर ली है। जाँच में यह भी सामने आया है कि तीनों का पुराना आपराधिक रिकॉर्ड भी है।
सड़क पर परेड और सार्वजनिक प्रतिक्रिया
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने शमीम अहमद को सार्वजनिक रूप से सड़क पर घुमाया। इस दृश्य का एक वीडियो सामने आया है जिसमें लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएँ देखी गईं। BJP के राष्ट्रीय सचिव तजिंदर सिंह बग्गा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर यह वीडियो शेयर किया।
बग्गा ने अपनी पोस्ट में लिखा कि पश्चिम बंगाल पुलिस ने तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कथित 'बड़े भाई' शमीम अहमद को सार्वजनिक जुलूस में घुमाया। उनके अनुसार, शमीम पर शिवपुर में हिंसा भड़काने, सड़कों पर बम फेंकने और BJP समर्थकों पर गोली चलाने का आरोप है। बग्गा ने लिखा — 'नागरिकों को धमकाने से लेकर सार्वजनिक जुलूस में घुमाए जाने तक। बंगाल बदल रहा है।'
मामले की पृष्ठभूमि
यह घटना हावड़ा जिले के शिवपुर थाना क्षेत्र की है, जहाँ बमबाजी और फायरिंग की वारदात को अंजाम दिया गया था। गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल में राजनीतिक हिंसा की घटनाएँ लंबे समय से विवाद का विषय रही हैं, और इस गिरफ्तारी को उसी संदर्भ में देखा जा रहा है।
आगे क्या
तीनों आरोपियों को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए संबंधित अधिकारियों को सौंपा जाएगा। मामले की जाँच जारी है और अधिकारियों के अनुसार और खुलासे संभव हैं।