सिरसा का AAP पर प्रहार: पंजाब में 1,007 पराली घटनाएँ, केजरीवाल पर दिल्ली से बदला लेने का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
दिल्ली के पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने 30 अक्टूबर 2026 को आम आदमी पार्टी (AAP) और उसके नेता अरविंद केजरीवाल पर तीखा हमला बोला, यह आरोप लगाते हुए कि पंजाब में पराली जलाने की बढ़ती घटनाएँ दिल्ली की हवा को ज़हरीला बना रही हैं और AAP सरकार इस पर अंकुश लगाने में विफल रही है। सिरसा ने कहा कि केजरीवाल दिल्ली में अपनी चुनावी हार का बदला राजधानी की जनता के स्वास्थ्य से ले रहे हैं।
पराली जलाने के आँकड़े
सिरसा ने एक रिपोर्ट का हवाला देते हुए बताया कि पंजाब में इस सीजन अब तक पराली जलाने की 1,007 घटनाएँ दर्ज की जा चुकी हैं। इनमें से 672 मामले अकेले तरनतारन, अमृतसर और फिरोजपुर जिलों से सामने आए हैं। उनके अनुसार यह आँकड़ा बेहद चिंताजनक है और भगवंत मान सरकार की जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
AAP की दोहरी नीति पर सवाल
सिरसा ने केजरीवाल की पुरानी बयानबाज़ी को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि जब केजरीवाल दिल्ली के मुख्यमंत्री थे, तब वे और उनकी पार्टी के नेता अक्सर पंजाब में पराली जलाने को दिल्ली के वायु प्रदूषण का प्रमुख कारण बताते थे। अब जब पंजाब में AAP की सरकार है, पराली जलाने पर प्रभावी नियंत्रण नहीं हो पा रहा — यह विरोधाभास, सिरसा के अनुसार, उजागर करता है कि AAP का रुख राजनीति से प्रेरित है, नीति से नहीं।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पंजाब की भगवंत मान सरकार किसानों को पराली जलाने के लिए प्रोत्साहित कर रही है, जिसका सीधा और गंभीर असर नई दिल्ली की वायु गुणवत्ता पर पड़ रहा है।
केंद्र का किसानों को समर्थन
पर्यावरण मंत्री ने स्पष्ट किया कि केंद्र सरकार ने पराली प्रबंधन के लिए किसानों को हैप्पी सीडर, स्ट्रॉ कटर और अन्य आधुनिक कृषि उपकरण उपलब्ध कराए हैं, ताकि फसल अवशेषों का वैज्ञानिक प्रबंधन किया जा सके। उन्होंने बताया कि कई किसान अब पराली जलाने के बजाय उससे आर्थिक लाभ उठाने के विकल्पों की ओर बढ़ रहे हैं — बावजूद इसके पंजाब में घटनाएँ कम नहीं हो रहीं।
सिरसा ने केजरीवाल को सीधे संबोधित करते हुए कहा, 'अरविंद केजरीवाल, आप दस वर्षों तक दिल्ली के मुख्यमंत्री रहे हैं और वायु प्रदूषण की समस्या से भली-भाँति परिचित हैं। राजनीतिक कारणों से दिल्ली के लोगों के स्वास्थ्य और किसानों के हितों को खतरे में डालना उचित नहीं है। भगवंत मान सरकार को भी अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए और पराली जलाने को रोकने के लिए तत्काल प्रभावी कदम उठाने चाहिए।'
दिल्ली सरकार की प्रदूषण-रोधी पहल
सिरसा ने बताया कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार प्रदूषण नियंत्रण के लिए निरंतर प्रयासरत है। इस वर्ष अब तक दिल्ली में 219 दिन हवा साफ रही है और एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) 60 तक पहुँचा है। इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सेंटर के माध्यम से प्रदूषण संबंधी गतिविधियों की चौबीसों घंटे निगरानी की जा रही है।
आगे की राह
सिरसा ने जोर देकर कहा कि वायु प्रदूषण का स्थायी समाधान तभी संभव है जब दिल्ली के पड़ोसी राज्य — विशेषतः पंजाब — भी गंभीरता के साथ मिलकर काम करें। यह टकराव ऐसे समय में सामने आया है जब राष्ट्रीय राजधानी हर सर्दियों में गंभीर वायु संकट झेलती है और अदालतें तथा नागरिक समाज पड़ोसी राज्यों से जवाबदेही की माँग करते हैं।