एसएससी जीडी कांस्टेबल परीक्षा कई केंद्रों पर रद्द, केजरीवाल ने पूछा — 'एक पेपर ठीक से नहीं करा सकती सरकार?'
सारांश
मुख्य बातें
कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी) की जीडी कांस्टेबल परीक्षा 26 मई को देशभर के कई परीक्षा केंद्रों पर रद्द कर दी गई। आयोग के अनुसार, केंद्रों पर क्षमता से दोगुने छात्रों की उपस्थिति और प्रशासनिक अव्यवस्था की लगातार शिकायतों के बाद यह कदम उठाया गया। यह घटना ऐसे समय में सामने आई है जब राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) यूजी के पेपर लीक को लेकर पहले से ही परीक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
मुख्य घटनाक्रम
25 और 26 मई को आयोजित होने वाली एसएससी जीडी कांस्टेबल परीक्षा के कई केंद्रों पर स्थिति तब बिगड़ी जब निर्धारित क्षमता से अधिक छात्रों को बुला लिया गया। कई स्थानों पर सर्वर में खराबी की भी शिकायतें मिलीं। अव्यवस्था इतनी बढ़ी कि आयोग को परीक्षा स्थगित करनी पड़ी। प्रभावित छात्रों के लिए परीक्षा 27 मई (बुधवार) को दोबारा आयोजित की जाएगी।
केजरीवाल की सरकार पर तीखी प्रतिक्रिया
दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी (AAP) के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए केंद्र सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने लिखा, 'नीट, सीबीएसई कक्षा 12वीं के बाद अब एसएससी जीडी में भी कई जगहों से गड़बड़ियों की खबर आ रही है।' उन्होंने आगे सवाल उठाया, 'ये किस तरह की सरकार है जो एक पेपर ठीक से नहीं करा पा रही?'
केजरीवाल ने यह भी कहा कि कई जगहों से शिकायत है कि सर्वर में खराबी आई और परीक्षा केंद्रों पर क्षमता से ज़्यादा छात्रों को बुलाया गया। गौरतलब है कि यह उनकी ओर से परीक्षा प्रणाली की विफलता पर लगातार दूसरी बड़ी सार्वजनिक आलोचना है।
छात्रों का आक्रोश
केजरीवाल द्वारा साझा की गई पोस्ट में एक छात्रा की प्रतिक्रिया भी शामिल थी। छात्रा ने कहा, 'जब सीट नहीं थी तो यहाँ परीक्षा के लिए छात्रों को बुलाना ही नहीं चाहिए था।' उसने यह भी बताया कि वह सुबह 4:30 बजे से निकली थी और सीधे पुस्तकालय से पढ़कर परीक्षा केंद्र पहुँची थी। छात्रा ने कहा, 'हम कहाँ से, कैसे और कितनी मुश्किलों से यहाँ आए हैं, हमारे ऊपर कितना दबाव है, सरकार को इससे कोई मतलब नहीं है।'
व्यापक परीक्षा संकट का संदर्भ
यह ऐसी पहली घटना नहीं है। इससे पहले नीट यूजी पेपर लीक और सीबीएसई कक्षा 12वीं की परीक्षाओं में गड़बड़ियों के आरोप सामने आ चुके हैं। आलोचकों का कहना है कि देश की परीक्षा प्रणाली में संरचनात्मक खामियाँ हैं, जो लाखों छात्रों के भविष्य को प्रभावित कर रही हैं। एसएससी जीडी कांस्टेबल भर्ती प्रक्रिया में देशभर से लाखों अभ्यर्थी भाग लेते हैं, जिससे इस अव्यवस्था का दायरा व्यापक है।
आगे क्या होगा
जिन छात्रों की परीक्षा 25 और 26 मई को रद्द हुई, उनके लिए आयोग ने 27 मई को पुनः परीक्षा की घोषणा की है। हालाँकि, प्रभावित छात्रों की संख्या और पुनर्निर्धारित केंद्रों की सूची को लेकर अभी तक आधिकारिक स्पष्टीकरण की प्रतीक्षा है। इस पूरे प्रकरण पर राजनीतिक दबाव बढ़ने के साथ आयोग की जवाबदेही पर नज़रें टिकी हैं।