उत्तर प्रदेश में सर्किट हाउस की बुकिंग अब ऑनलाइन, सुविधाएँ हुईं सरल और पारदर्शी
सारांश
Key Takeaways
- सर्किट हाउस की ऑनलाइन बुकिंग शुरू हुई।
- 21 सर्किट हाउस और 334 गेस्ट हाउस में बुकिंग संभव।
- डिजिटल प्रक्रिया से बुकिंग सरल और पारदर्शी।
- रियल टाइम में कमरे की उपलब्धता की जानकारी।
- वीआईपी और आपातकालीन उपयोग के लिए कमरे आरक्षित।
लखनऊ, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। उत्तर प्रदेश सरकार ने लोक निर्माण विभाग के सर्किट हाउस और गेस्ट हाउस की बुकिंग प्रणाली को आधुनिक और पारदर्शी बनाने के लिए ऑनलाइन बुकिंग सेवा की शुरुआत की है। अब प्रदेश के 21 सर्किट हाउस और 334 गेस्ट हाउस में कमरे ऑनलाइन बुक किए जा सकेंगे।
इस डिजिटल प्रक्रिया के चलते सर्किट हाउस और गेस्ट हाउस में कमरों की बुकिंग पहले से अधिक आसान, पारदर्शी और व्यवस्थित हो जाएगी।
एक अधिकारी के अनुसार, लोक निर्माण विभाग ने प्रदेश के सभी सर्किट हाउस और गेस्ट हाउस के लिए बुकिंग प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया है। इसके लिए एक एकीकृत वेब-आधारित सर्किट हाउस सूचना प्रणाली विकसित की गई है, जिससे उपयोगकर्ताओं को रियल टाइम कमरे की उपलब्धता और लाइव कमरे की स्थिति की जानकारी मिलेगी।
यह प्रणाली सर्किट हाउस के कमरों, भोजन और अन्य संसाधनों के प्रबंधन को पूरी तरह से डिजिटली संचालित करती है, जो पूर्व में ईमेल या कॉल के माध्यम से मैनुअल तरीके से की जाती थी। ऑनलाइन बुकिंग के साथ ही पेमेंट और रिकॉर्ड प्रबंधन को भी डिजिटल रूप में कर दिया गया है। बुकिंग के समय आवेदक को अपना पहचान पत्र या अधिकृत पत्र अपलोड करना होगा।
भुगतान केवल ऑनलाइन माध्यम से किया जाएगा। भुगतान के बाद, ई-मेल और एसएमएस के जरिए स्वतः रसीद प्राप्त होगी। डिजिटल लेजर में सभी लेनदेन का रिकॉर्ड रखा जाएगा और राजस्व की निगरानी भी की जाएगी।
विभाग के मुख्यालय और जिले स्तर पर केंद्रीकृत डैशबोर्ड के माध्यम से सभी बुकिंग और राजस्व की रियल टाइम निगरानी संभव होगी। इससे राजस्व के नुकसान को रोकने और पारदर्शिता बढ़ाने में सहायता मिलेगी। नई व्यवस्था से परिसंपत्तियों का बेहतर उपयोग, राजस्व में वृद्धि, और आम लोगों को सरल तरीके से सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
सर्किट हाउस के कुछ कमरे वीआईपी दौरे और आपातकालीन सरकारी उपयोग के लिए आरक्षित रहेंगे, जबकि शेष कमरे सामान्य व्यक्तियों के लिए पहले आओ, पहले पाओ के आधार पर उपलब्ध होंगे। लोग सर्किट हाउस सूचना प्रणाली द्वारा जारी की गई वेबसाइट पर जाकर आसानी से कमरे बुक कर सकेंगे। विशेष परिस्थितियों में, जिला प्रशासन की अनुमति से ऑन-द-स्पॉट बुकिंग भी ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से की जा सकेगी। हालांकि, वीआईपी दौरे या प्रशासनिक आवश्यकता की स्थिति में पहले से की गई किसी बुकिंग को रद्द करने का अधिकार जिला मजिस्ट्रेट को है।