पश्चिम बंगाल के सभी मदरसों में 'वंदे मातरम्' अनिवार्य, मदरसा शिक्षा मंत्री खुदीराम टुडू ने की पुष्टि
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल सरकार ने राज्य के सभी सरकारी, सहायता प्राप्त और मान्यता प्राप्त मदरसों में कक्षाएँ आरंभ होने से पूर्व प्रार्थना सभा के दौरान राष्ट्रगीत 'वंदे मातरम्' गाना तत्काल प्रभाव से अनिवार्य कर दिया है। राज्य के अल्पसंख्यक मामलों और मदरसा शिक्षा मंत्री खुदीराम टुडू ने 20 मई 2026 को इस निर्णय की औपचारिक पुष्टि की। यह आदेश पश्चिम बंगाल मदरसा शिक्षा निदेशालय द्वारा जारी किया गया है और इसके दायरे में राज्य के सभी श्रेणियों के मदरसे शामिल हैं।
आदेश का दायरा और प्रावधान
पश्चिम बंगाल मदरसा शिक्षा निदेशालय के मदरसा शिक्षा निदेशक द्वारा जारी आधिकारिक आदेश में स्पष्ट किया गया है कि पूर्व में जारी सभी आदेशों और प्रचलित प्रथाओं को निरस्त करते हुए यह नया निर्देश लागू होगा। इस आदेश के अंतर्गत सरकारी मॉडल मदरसे (अंग्रेज़ी माध्यम), मान्यता प्राप्त सहायता प्राप्त मदरसे, स्वीकृत एमएसके, स्वीकृत एसएसके तथा मान्यता प्राप्त गैर-सहायता प्राप्त मदरसे — सभी को शामिल किया गया है।
मंत्री का तर्क
मंत्री खुदीराम टुडू ने इस निर्णय के पक्ष में तर्क देते हुए कहा, 'पश्चिम बंगाल में कई सरकारी स्कूल ऐसे हैं, जहाँ पढ़ाई संताली भाषा में होती है। जब उन स्कूलों में 'वंदे मातरम्' अनिवार्य है, तो मान्यता प्राप्त मदरसों में इसे अनिवार्य क्यों नहीं किया जा सकता?' उन्होंने स्पष्ट किया कि यह नियम राज्य के अन्य सरकारी स्कूलों के समान ही मदरसों पर भी समान रूप से लागू होगा।
स्कूलों में पहले ही जारी हो चुका था आदेश
गौरतलब है कि 13 मई 2026 को पश्चिम बंगाल शिक्षा विभाग ने राज्य के समस्त सरकारी स्कूलों में 'वंदे मातरम्' गाना अनिवार्य करने संबंधी अधिसूचना पहले ही जारी कर दी थी। यह अधिसूचना अतिरिक्त मुख्य सचिव द्वारा जारी की गई थी, जिसमें स्कूल शिक्षा विभाग के अंतर्गत आने वाले सभी विद्यालयों को तत्काल प्रभाव से यह निर्देश दिया गया था। इस प्रकार मदरसों संबंधी आदेश उसी नीतिगत दिशा का विस्तार है।
मुख्यमंत्री की भूमिका
राज्य के नवें मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने 14 मई 2026 को अपने आधिकारिक सोशल मीडिया अकाउंट पर शिक्षा विभाग की अधिसूचना साझा की थी। यह ऐसे समय में आया है जब पश्चिम बंगाल में नई सरकार के गठन के बाद शिक्षा नीति को लेकर कई बड़े निर्णय लिए जा रहे हैं। मदरसा शिक्षा में 'वंदे मातरम्' की अनिवार्यता इन्हीं बदलावों की कड़ी में एक महत्त्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
आगे की स्थिति
यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू घोषित किया गया है, हालाँकि राज्य के मदरसा संगठनों की प्रतिक्रिया अभी सामने आनी बाकी है। शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस निर्णय के क्रियान्वयन की निगरानी और अनुपालन सुनिश्चित करना प्रशासन के लिए अगली बड़ी चुनौती होगी।