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NEET पेपर लीक पर BJP का पलटवार: शिवराज बोले, विपक्ष छात्रों नहीं, राजनीति को साध रहा है

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NEET पेपर लीक पर BJP का पलटवार: शिवराज बोले, विपक्ष छात्रों नहीं, राजनीति को साध रहा है

सारांश

NEET पेपर लीक पर संसद में BJP का आक्रामक पलटवार — शिवराज सिंह चौहान, अनुराग ठाकुर और तेजस्वी सूर्या ने एक सुर में कहा कि विपक्ष चर्चा नहीं, टकराव चाहता है। सरकार फास्ट ट्रैक कोर्ट और NTA सुधार के ज़रिये छात्रों को न्याय दिलाने का वादा कर रही है।

मुख्य बातें

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 23 जुलाई को कहा कि विपक्ष का उद्देश्य NEET पेपर लीक पर छात्र हित नहीं, बल्कि राजनीतिक लाभ हासिल करना है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट किया है कि पेपर लीक दोषियों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के ज़रिये मुकदमा चलाया जाएगा।
BJP सांसद अनुराग ठाकुर ने कहा कि NTA में सुधार किए गए हैं और परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी बनाया जा रहा है।
BJP सांसद जगदंबिका पाल ने कहा कि संसद बाधित होने से करदाताओं के पैसे का नुकसान हो रहा है।
BJP सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि पेपर लीक वर्षों पुरानी समस्या है और सरकार शिक्षा में व्यापक सुधार के लिए प्रतिबद्ध है।

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 23 जुलाई को नई दिल्ली में स्पष्ट शब्दों में कहा कि विपक्ष का असली उद्देश्य NEET पेपर लीक मामले में छात्रों के हितों की रक्षा करना नहीं, बल्कि राजनीतिक लाभ हासिल करना और अराजकता फैलाना है। संसद के मानसून सत्र के दौरान भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कई वरिष्ठ नेताओं ने एक साथ विपक्ष पर संसदीय कार्यवाही बाधित करने का आरोप लगाया।

शिवराज का विपक्ष पर सीधा हमला

चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार पेपर लीक जैसे गंभीर मुद्दे पर संसद में विस्तृत चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है। उन्होंने विपक्ष की रणनीति पर सवाल उठाते हुए कहा कि पहले विपक्ष चर्चा की माँग करता है, फिर अलग नियम के तहत बहस की शर्त रखता है और जब सरकार हर शर्त मान लेती है, तब भी वह चर्चा से बचता है। उनके अनुसार विपक्ष को डर है कि यदि सदन में बहस हुई तो उसका अपना पुराना रिकॉर्ड और भूमिका भी जाँच के दायरे में आ जाएगी।

चौहान ने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने स्पष्ट कर दिया है कि छात्रों के कल्याण से बड़ा सरकार के लिए कोई विषय नहीं है। पेपर लीक में शामिल दोषियों के खिलाफ फास्ट ट्रैक कोर्ट के ज़रिये मुकदमा चलाया जाएगा और कड़ी से कड़ी सज़ा सुनिश्चित की जाएगी।

अनुराग ठाकुर: NTA सुधार और फास्ट ट्रैक न्याय

BJP सांसद अनुराग ठाकुर ने कहा कि राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) एक स्वायत्त संस्था है और जहाँ भी कामकाज में कमी सामने आई, वहाँ कार्रवाई की गई। जिन अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठे, उनके खिलाफ कदम उठाए गए और परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी एवं सुरक्षित बनाने के लिए आवश्यक सुधार किए गए।

ठाकुर ने कहा, 'युवा क्या चाहते हैं? एक पारदर्शी सिस्टम, एक फूलप्रूफ सिस्टम, एक लीक-प्रूफ सिस्टम और जो लोग वर्षों से सिस्टम का गलत फायदा उठा रहे थे उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई। क्या कांग्रेस नहीं चाहती कि दोषियों को सज़ा मिले? असल में कांग्रेस इसका राजनीतिकरण करना चाहती है।'

जगदंबिका पाल: करदाताओं के पैसे का नुकसान

BJP सांसद जगदंबिका पाल ने कहा कि संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू और BJP अध्यक्ष जे.पी. नड्डा दोनों ने स्पष्ट कर दिया है कि सरकार जितनी देर तक विपक्ष चाहे, उतनी देर तक चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने चेताया कि संसद की कार्यवाही बाधित होने से देश के करदाताओं के पैसे का नुकसान हो रहा है।

पाल ने कहा कि विपक्ष एक ओर सड़कों पर आंदोलन की बात करता है और दूसरी ओर संसद के भीतर चर्चा से भागता है, जिससे साफ है कि उसकी प्राथमिकता समाधान नहीं, बल्कि राजनीतिक टकराव है।

तेजस्वी सूर्या: पेपर लीक एक पुरानी और गहरी समस्या

BJP सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा, 'यह मुद्दा सिर्फ एक परीक्षा के पेपर लीक तक सीमित नहीं है। इस देश में कई वर्षों से राज्य और केंद्र दोनों स्तरों पर पेपर लीक होते रहे हैं। शिक्षा लाखों युवा भारतीयों के लिए अपनी सामाजिक और आर्थिक स्थिति सुधारने का सबसे महत्वपूर्ण ज़रिया है।' उन्होंने कहा कि सरकार शिक्षा प्रणाली में व्यापक और बुनियादी सुधार के लिए प्रतिबद्ध है।

आगे क्या

BJP सांसद साक्षी महाराज ने विपक्ष से संसद में भाग लेकर छात्रों और शिक्षा व्यवस्था से जुड़े मुद्दों पर रचनात्मक चर्चा करने की अपील की। फास्ट ट्रैक कोर्ट की व्यवस्था और NTA में सुधार की प्रक्रिया जारी है। यह देखना होगा कि मानसून सत्र के शेष दिनों में विपक्ष संसद में बहस का रास्ता चुनता है या हंगामे का।

संपादकीय दृष्टिकोण

असल सवाल से ध्यान हटाओ। NEET पेपर लीक की जाँच अभी जारी है, दोषी अभी तक सज़ा से दूर हैं, और NTA के ढाँचागत सुधारों का ब्यौरा अभी सार्वजनिक नहीं हुआ। फास्ट ट्रैक कोर्ट की घोषणा स्वागतयोग्य है, लेकिन इसकी समयसीमा और कार्यक्षेत्र अस्पष्ट हैं। विपक्ष की संसदीय रणनीति भले ही विवादास्पद हो, लेकिन इससे यह सवाल नहीं टलता कि लाखों छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ करने वाले तंत्र को जवाबदेह कब और कैसे बनाया जाएगा।
RashtraPress
23 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

NEET पेपर लीक मामले में BJP सरकार का रुख क्या है?
सरकार ने स्पष्ट किया है कि पेपर लीक में शामिल दोषियों पर फास्ट ट्रैक कोर्ट के ज़रिये मुकदमा चलाया जाएगा और NTA में पारदर्शिता के लिए सुधार किए जा रहे हैं। केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि सरकार संसद में विस्तृत चर्चा के लिए पूरी तरह तैयार है।
विपक्ष पर संसद बाधित करने का आरोप क्यों लगाया जा रहा है?
BJP नेताओं का कहना है कि विपक्ष पहले चर्चा की माँग करता है, फिर शर्तें बदलता है और सरकार के तैयार होने पर भी बहस से बचता है। BJP सांसद जगदंबिका पाल ने कहा कि इससे करदाताओं के पैसे का नुकसान हो रहा है।
NTA में क्या सुधार किए गए हैं?
BJP सांसद अनुराग ठाकुर के अनुसार, जिन अधिकारियों की भूमिका पर सवाल उठे उनके खिलाफ कार्रवाई की गई और परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी एवं सुरक्षित बनाने के लिए आवश्यक बदलाव किए गए हैं। हालाँकि सुधारों का विस्तृत ब्यौरा अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है।
फास्ट ट्रैक कोर्ट से NEET पीड़ित छात्रों को क्या फायदा होगा?
फास्ट ट्रैक कोर्ट के ज़रिये पेपर लीक मामलों की त्वरित सुनवाई होगी, जिससे दोषियों को जल्द सज़ा मिल सकेगी और छात्रों को न्याय मिलने की प्रक्रिया तेज़ होगी। यह व्यवस्था युवाओं के हितों को ध्यान में रखकर की गई है।
क्या पेपर लीक की समस्या केवल NEET तक सीमित है?
BJP सांसद तेजस्वी सूर्या ने कहा कि यह समस्या वर्षों पुरानी है और राज्य व केंद्र दोनों स्तरों पर पेपर लीक होते रहे हैं। उन्होंने इसे लाखों युवाओं की सामाजिक और आर्थिक गतिशीलता से जुड़ा गंभीर मुद्दा बताया।
राष्ट्र प्रेस
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