छत्तीसगढ़ CM विष्णु देव साय बोले — मोदी सरकार ने उम्मीद से बढ़कर दिया, CM हेल्पलाइन 1076 लॉन्च
सारांश
मुख्य बातें
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 9 जून 2026 को रायपुर में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने छत्तीसगढ़ की जनता को उनकी अपेक्षाओं से कहीं अधिक दिया है। 10 जून को मोदी के भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा करने वाले प्रधानमंत्री बनने के अवसर पर साय ने प्रदेश की जनता की ओर से उन्हें बधाई और आभार व्यक्त किया।
मोदी के कार्यकाल पर मुख्यमंत्री का आकलन
मुख्यमंत्री साय ने कहा, 'मैं प्रधानमंत्री मोदी को दिल से बधाई और धन्यवाद देता हूँ।' उन्होंने कहा कि इन वर्षों में भारत ने विकास, सुशासन और वैश्विक प्रतिष्ठा के नए आयाम स्थापित किए हैं। गरीब, किसान, युवा, महिला और वंचित वर्ग के सशक्तिकरण को केंद्र में रखकर चलाए गए जनकल्याणकारी प्रयासों ने शासन के प्रति जनविश्वास और राष्ट्रनिर्माण में जनभागीदारी को मजबूत किया है।
साय के अनुसार, अमृतकाल का यह दौर सेवा, सहभागिता और संकल्पित समाज की शक्ति से भारत को एक समृद्ध, आत्मनिर्भर और गौरवशाली भविष्य की ओर ले जा रहा है।
सीएम हेल्पलाइन 1076 का शुभारंभ
इसी अवसर पर मुख्यमंत्री साय ने सीएम हेल्पलाइन 1076 का शुभारंभ किया। उन्होंने बताया कि इस पहल का उद्देश्य प्रदेशवासियों की सरकार तक पहुँच को सरल और पारदर्शी बनाना है। नागरिक अपनी शिकायतें, सुझाव और समस्याएँ टोल-फ्री नंबर 1076, मोबाइल ऐप और ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से सीधे दर्ज करा सकेंगे।
प्रत्येक शिकायत को एक यूनिक आईडी दी जाएगी, जिससे उसकी ट्रैकिंग, निरंतर निगरानी और समयबद्ध समाधान सुनिश्चित होगा। यदि कोई नागरिक दिए गए समाधान से असंतुष्ट हो, तो शिकायत की पुनः समीक्षा का प्रावधान भी इस व्यवस्था में रखा गया है। साय ने कहा, 'सुशासन का सार जनसमस्याओं का संवेदनशील, पारदर्शी और समयबद्ध समाधान है।'
सुशासन एवं कन्वर्जेंस विभाग की भूमिका
मुख्यमंत्री ने बताया कि राज्य सरकार ने पहले से ही 'सुशासन और कन्वर्जेंस विभाग' की स्थापना की है और हेल्पलाइन 1076 इसी व्यापक पहल का हिस्सा है। उन्होंने कहा, 'हम एक पारदर्शी और सुशासन पर आधारित सरकार चलाना चाहते हैं, और लोगों को अधिकतम सुविधाएँ देने की हर संभव कोशिश कर रहे हैं।'
बस्तर विकास और नक्सलवाद पर रोडमैप
नीति आयोग की बैठकों के संदर्भ में साय ने कहा कि बैठकों का एजेंडा तय होता है और उसी के अनुसार चर्चा होगी। बस्तर क्षेत्र के बारे में उन्होंने स्वीकार किया कि नक्सलवाद के कारण यह इलाका लगभग 40 से 50 वर्षों तक विकास से वंचित रहा। उन्होंने बताया कि सरकार ने बस्तर के विकास में तेजी लाने का काम पहले ही शुरू कर दिया है और इसकी त्वरित प्रगति के लिए एक रोडमैप भी तैयार किया जा रहा है।
यह ऐसे समय में आया है जब केंद्र और राज्य दोनों सरकारें बस्तर में नक्सल-प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी ढाँचे और कल्याण योजनाओं को तेज़ी से पहुँचाने पर जोर दे रही हैं। गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में भारतीय जनता पार्टी (BJP) की सरकार बनने के बाद से बस्तर विकास राज्य सरकार की प्राथमिकता सूची में शीर्ष पर रहा है।