पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष वारिंग का CM मान पर हमला: राष्ट्रपति मुलाकात पर सवाल, 'आप' की विश्वसनीयता को चुनौती
सारांश
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष वारिंग ने CM मान की राष्ट्रपति मुलाकात को महज़ ध्यान भटकाने की चाल बताया और AAP पर पाखंड का आरोप लगाया। राघव चड्ढा पर भी निशाना साधते हुए कहा कि उनके फैसलों ने युवाओं के बीच पार्टी की विश्वसनीयता पर हमेशा के लिए सवाल खड़े कर दिए हैं।
मुख्य बातें
पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वारिंग ने 5 मई को CM भगवंत मान पर तीखा हमला किया।
वारिंग ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मान की मुलाकात को AAP की नाकामियाँ छिपाने की कोशिश बताया।
कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि AAP ने दूसरी पार्टियों के नेताओं को टिकट देकर अपने 'साफ राजनीति' के दावे को खुद झुठलाया।
वारिंग ने AAP पर चार उद्योगपतियों को फायदा पहुँचाने और आम लोगों व पुराने कार्यकर्ताओं की अनदेखी का आरोप लगाया।
राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा पर निशाना साधते हुए कहा कि उनके हालिया फैसलों ने युवाओं के बीच उनकी विश्वसनीयता पर स्थायी सवाल खड़े किए।
पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वारिंग ने मंगलवार, 5 मई को मुख्यमंत्री भगवंत मान पर तीखा प्रहार करते हुए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से उनकी हालिया मुलाकात के मकसद पर सवाल उठाए और आम आदमी पार्टी (AAP) पर राजनीतिक पाखंड का आरोप लगाया। चंडीगढ़ में दिए गए अपने बयान में वारिंग ने कहा कि यह मुलाकात पंजाब की ज़मीनी समस्याओं से ध्यान भटकाने की कोशिश मात्र है।
राष्ट्रपति मुलाकात पर वारिंग का सीधा हमला
मुख्यमंत्री मान की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मुलाकात पर प्रतिक्रिया देते हुए वारिंग ने कहा कि इस मुलाकात से पंजाब की ज़मीनी स्थिति में कोई बदलाव नहीं आएगा। उनके अनुसार,
संपादकीय दृष्टिकोण
जिसे कांग्रेस अब चुनावी हथियार बना रही है। राष्ट्रपति मुलाकात को 'ध्यान भटकाने' की संज्ञा देना दर्शाता है कि कांग्रेस पंजाब में AAP की गवर्नेंस को केंद्रीय मुद्दा बनाने की रणनीति पर काम कर रही है। सवाल यह है कि क्या जनता इन आरोपों को ठोस विकल्प के रूप में देखती है या सिर्फ राजनीतिक बयानबाज़ी के तौर पर।
RashtraPress
14 मई 2026
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
वारिंग ने CM मान की राष्ट्रपति मुलाकात पर क्या कहा?
वारिंग ने कहा कि इस मुलाकात से पंजाब की ज़मीनी स्थिति में कोई बदलाव नहीं आएगा और यह AAP सरकार की नाकामियों को छिपाने की कोशिश है। उन्होंने इसे ध्यान भटकाने की राजनीति बताया।
वारिंग ने AAP पर पाखंड का आरोप क्यों लगाया?
वारिंग ने आरोप लगाया कि AAP ने तरनतारन और जालंधर जैसे इलाकों के दूसरी पार्टियों के नेताओं को अपने में शामिल कर टिकट दिए, जो पार्टी के 'साफ-सुथरी राजनीति' के दावे के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि BJP और AAP ने मिलकर यह ट्रेंड शुरू किया।
वारिंग ने राघव चड्ढा पर क्या आरोप लगाए?
वारिंग ने कहा कि AAP ने राघव चड्ढा को बड़ी पहचान, सरकारी गाड़ियाँ, आवास और सुरक्षा जैसी सुविधाएँ दीं, लेकिन उनके हालिया राजनीतिक फैसलों ने खासकर युवाओं के बीच उनकी विश्वसनीयता पर स्थायी सवाल खड़े कर दिए हैं।
वारिंग ने AAP सरकार पर उद्योगपतियों को फायदा पहुँचाने का क्या आरोप लगाया?
वारिंग ने कहा कि AAP सरकार ने चार उद्योगपतियों को फायदा पहुँचाने का फैसला किया और अमीरों को और अमीर बनाया, जबकि आम लोगों और पुराने पार्टी कार्यकर्ताओं की अनदेखी की गई।
पंजाब में कांग्रेस और AAP के बीच यह विवाद क्यों अहम है?
2022 के विधानसभा चुनाव में AAP ने कांग्रेस को बड़े अंतर से हराया था और 'वैकल्पिक राजनीति' का वादा किया था। कांग्रेस अब AAP की गवर्नेंस और विश्वसनीयता पर सवाल उठाकर अगले चुनाव से पहले ज़मीन तैयार करने की कोशिश कर रही है।