UPI-Bizum लिंकेज: भारत-स्पेन ने डिजिटल पेमेंट एकीकरण पर वार्ता तेज़ करने का संकल्प लिया
सारांश
मुख्य बातें
केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल की 13 से 18 जुलाई के बीच यूरोप के चार देशों की यात्रा के दौरान भारत और स्पेन ने अपने-अपने डिजिटल पेमेंट प्लेटफॉर्म UPI और Bizum को परस्पर जोड़ने की दिशा में बातचीत में तेज़ी लाने पर सहमति जताई है। वाणिज्य मंत्रालय के अनुसार, यह सहमति स्पेन में हुई उच्चस्तरीय द्विपक्षीय बैठकों के दौरान बनी।
उच्चस्तरीय बैठकें और मुख्य घटनाक्रम
मंत्री गोयल ने स्पेन के प्रथम उप-प्रधानमंत्री एवं अर्थव्यवस्था, व्यापार और व्यवसाय मंत्री कार्लोस कुएर्पो काबायेरो तथा उद्योग एवं पर्यटन मंत्री जोर्डी हेरेउ बोहेर के साथ विस्तृत चर्चा की। इन बैठकों में व्यापारिक समुदाय की भागीदारी के साथ भारत-स्पेन जॉइंट कमीशन की वार्षिक बैठक आयोजित करने का प्रस्ताव भारतीय पक्ष की ओर से रखा गया।
स्पेन ने द्विपक्षीय सहयोग को और सुगम बनाने के लिए एक समर्पित 'इंडिया टीम' गठित करने का प्रस्ताव दिया — जो भारत के साथ स्पेन की बढ़ती रणनीतिक प्राथमिकता को रेखांकित करता है।
सहयोग के प्रमुख क्षेत्र
दोनों देशों ने ऑटोमोबाइल, फार्मास्युटिकल्स, रसायन, वस्त्र, नवीकरणीय ऊर्जा, पर्यटन और बुनियादी ढाँचे जैसे क्षेत्रों में व्यापक सहयोग की संभावनाओं की पहचान की। चर्चा में निवेश प्रोत्साहन, पेशेवरों की आवाजाही और लैटिन अमेरिका में संयुक्त निवेश पर भी विचार-विमर्श हुआ।
गोयल ने 'मेक इन इंडिया' पहल के तहत चल रहे सी-295 विमान कार्यक्रम का स्वागत किया और प्रवासन एवं गतिशीलता साझेदारी तथा सामाजिक सुरक्षा समझौते में हुई प्रगति की सराहना की। यूरोप और लैटिन अमेरिका के प्रवेश द्वार के रूप में स्पेन की रणनीतिक स्थिति का लाभ उठाने पर विशेष बल दिया गया।
'10×10×10' विज़न और व्यापार महत्वाकांक्षा
भारत-स्पेन बिजनेस फोरम को संबोधित करते हुए गोयल ने उद्योग जगत से भारत-यूरोपीय संघ (EU) मुक्त व्यापार समझौते (FTA) से मिलने वाले अवसरों का लाभ उठाने के लिए शुरुआती स्तर पर साझेदारियाँ बनाने का आह्वान किया। उन्होंने अगले दशक में द्विपक्षीय व्यापार, निवेश और पर्यटन को 10 गुना बढ़ाने के लिए महत्वाकांक्षी '10×10×10' विज़न प्रस्तुत किया।
भारत-EU व्यापार एवं प्रौद्योगिकी परिषद की बैठक
ब्रुसेल्स में गोयल ने भारत-EU व्यापार एवं प्रौद्योगिकी परिषद (TTC) की तीसरी मंत्रिस्तरीय बैठक की सह-अध्यक्षता की। उन्होंने 2026-27 TTC एक्शन प्लान को अपनाए जाने का स्वागत किया। इसके अलावा 21 अतिरिक्त भारतीय मत्स्य प्रसंस्करण प्रतिष्ठानों को EU की सूची में शामिल किए जाने का भी स्वागत किया, जिससे स्वीकृत भारतीय प्रतिष्ठानों की कुल संख्या बढ़कर 625 हो गई।
भारत ने भारतीय शिप रीसाइक्लिंग यार्डों को EU की सूची में शामिल करने का मुद्दा भी उठाया और कौशल, शिक्षा तथा प्रतिभा की आवाजाही पर भारत-EU संवाद शुरू करने का प्रस्ताव रखा।
FTA और आगे की राह
दोनों पक्षों ने भारत-EU FTA पर जल्द हस्ताक्षर और उसके शीघ्र क्रियान्वयन की दिशा में मिलकर काम करने की प्रतिबद्धता दोहराई। बैठक में निवेश संरक्षण समझौते, भौगोलिक संकेतक समझौते पर जारी वार्ताओं, कार्बन बॉर्डर एडजस्टमेंट मैकेनिज़्म (CBAM) पर सहयोग, नियामकीय प्रक्रियाओं को सरल बनाने, कृषि उत्पादों की बाज़ार पहुँच तथा बासमती चावल और स्टील स्क्रैप पर शुल्क रियायतों जैसे विषयों पर भी विस्तृत चर्चा हुई। UPI-Bizum एकीकरण की सफलता न केवल भारतीय प्रवासियों के लिए बल्कि दोनों देशों के बीच डिजिटल व्यापार के विस्तार के लिए भी निर्णायक साबित हो सकती है।