मारुति सुजुकी का एंट्री-लेवल कारों पर प्राइस प्रोटेक्शन ऐलान, 14 जून तक बुकिंग पर कीमतें स्थिर
सारांश
मुख्य बातें
मारुति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने मंगलवार, 9 जून 2026 को एंट्री-लेवल कारों के लिए एक प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम की घोषणा की, जिसके तहत 14 जून 2026 तक बुकिंग करने वाले ग्राहकों के लिए चार छोटे मॉडलों की कीमतें स्थिर रखी जाएंगी। यह कदम देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी के उस पूर्व ऐलान के बाद आया है, जिसमें उसने जून 2026 से सभी मॉडलों पर ₹30,000 तक की मूल्यवृद्धि की घोषणा की थी।
कौन-सी गाड़ियाँ हैं इस स्कीम में शामिल
प्राइस प्रोटेक्शन स्कीम में मारुति सुजुकी ऑल्टो के10, मारुति सुजुकी एस-प्रेसो, मारुति सुजुकी सेलेरियो और मारुति सुजुकी वैगन-आर — ये चारों एंट्री-लेवल मॉडल शामिल हैं। जो ग्राहक 14 जून 2026 या उससे पहले इनमें से किसी भी मॉडल की बुकिंग करेंगे, उन्हें प्रस्तावित मूल्यवृद्धि से छूट मिलेगी।
कंपनी की प्रतिक्रिया और कारण
मारुति सुजुकी के मार्केटिंग और सेल्स के सीनियर एग्जीक्यूटिव ऑफिसर पार्थो बनर्जी ने बताया कि कंपनी के डीलर नेटवर्क से मिले फीडबैक में एंट्री-लेवल ग्राहकों की चिंताओं का जिक्र था। उन्होंने कहा कि बढ़ती कीमतों के कारण पहली बार गाड़ी खरीदने वाले कई संभावित खरीदार अपना इरादा बदल सकते हैं, और कंपनी उन ग्राहकों को राहत देना चाहती है जो पहले ही खरीदारी का निर्णय ले चुके हैं।
कंपनी ने स्पष्ट किया कि यह पहल छोटी कारों के सेगमेंट में किफायती मूल्य बनाए रखने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है, ऐसे समय में जब बढ़ती इनपुट लागत पूरे ऑटोमोबाइल उद्योग पर दबाव बना रही है।
'सुहाना सफर' लोन प्रोग्राम की शुरुआत
प्राइस प्रोटेक्शन के साथ-साथ मारुति सुजुकी ने 'सुहाना सफर' नाम से एक नया रिकरिंग डिपॉजिट-आधारित ऑटो लोन प्रोग्राम भी लॉन्च किया है। यह उन ग्राहकों के लिए बनाया गया है जिन्हें डाउन पेमेंट जुटाने या मासिक किस्तें चुकाने में कठिनाई होती है।
यह प्रोग्राम ज्वेलरी सेक्टर की सेविंग्स-लिंक्ड स्कीमों की तर्ज पर तैयार किया गया है। इसके तहत ग्राहक एक रिकरिंग डिपॉजिट खाते में अपनी संभावित मासिक ईएमआई के बराबर राशि जमा करते हैं, जिस पर ब्याज भी मिलता है। तीन से छह महीने की जमा अवधि पूरी होने के बाद, इस राशि का उपयोग उसी बैंक से गाड़ी के लोन के लिए डाउन पेमेंट के रूप में किया जा सकता है। फिलहाल यह प्रोग्राम भी ऑल्टो के10, एस-प्रेसो, सेलेरियो और वैगन-आर मॉडलों तक सीमित है।
आम जनता पर असर
यह घोषणा उन लाखों भारतीय परिवारों के लिए महत्वपूर्ण है जो अपनी पहली कार खरीदने की योजना बना रहे हैं। गौरतलब है कि एंट्री-लेवल कार सेगमेंट में मारुति सुजुकी की बाजार हिस्सेदारी सबसे अधिक है, और इस वर्ग के ग्राहक कीमतों में मामूली बदलाव के प्रति भी संवेदनशील होते हैं।
यह ऐसे समय में आया है जब देशभर में महंगाई और बढ़ती ईंधन लागत के बीच व्यक्तिगत वाहन की मांग पर दबाव है। 'सुहाना सफर' जैसी बचत-आधारित योजना उन ग्राहकों तक पहुँचने की कोशिश है जो औपचारिक बैंकिंग प्रणाली में नए हैं या जिनकी मासिक आय अनियमित है।
आगे क्या
बुकिंग की अंतिम तिथि 14 जून 2026 है, इसलिए इच्छुक ग्राहकों के पास निर्णय लेने के लिए सीमित समय है। कंपनी ने यह नहीं बताया कि क्या यह स्कीम आगे बढ़ाई जाएगी या अन्य मॉडलों तक विस्तारित होगी। ऑटोमोबाइल उद्योग की नजर इस बात पर होगी कि क्या अन्य निर्माता भी इसी तरह के कदम उठाते हैं।