शीर्ष 10 में 6 कंपनियों का मार्केट कैप ₹74,111 करोड़ बढ़ा, TCS और ICICI बैंक सबसे आगे
सारांश
मुख्य बातें
देश की शीर्ष 10 सर्वाधिक बाज़ार पूंजीकरण वाली कंपनियों में से 6 का संयुक्त मार्केट कैप 18 से 22 मई के कारोबारी सप्ताह में ₹74,111.57 करोड़ बढ़ गया। टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) और ICICI बैंक इस उछाल में सबसे बड़े लाभार्थी रहे, जबकि भारती एयरटेल, हिंदुस्तान यूनिलीवर लिमिटेड (HUL) और भारतीय स्टेट बैंक (SBI) के मूल्यांकन में गिरावट दर्ज की गई।
बाज़ार का साप्ताहिक प्रदर्शन
BSE सेंसेक्स बीते सप्ताह 177 अंक यानी 0.24 प्रतिशत की बढ़त के साथ 75,415 पर बंद हुआ। NSE निफ्टी भी 75 अंक यानी 0.32 प्रतिशत चढ़कर 23,719 पर स्थिर हुआ। यह सतर्क लेकिन सकारात्मक सप्ताह रहा, जिसमें चुनिंदा बड़े शेयरों ने बाज़ार को सहारा दिया।
किन कंपनियों को सबसे अधिक फायदा हुआ
TCS का बाज़ार पूंजीकरण ₹19,338.68 करोड़ बढ़कर ₹8,38,401.33 करोड़ पर पहुँच गया — सप्ताह की सबसे बड़ी एकल बढ़त। ICICI बैंक का मार्केट कैप ₹14,515.93 करोड़ की वृद्धि के साथ ₹9,06,901.32 करोड़ हो गया।
भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) का मूल्यांकन ₹9,076.37 करोड़ बढ़कर ₹5,14,443.69 करोड़ पर आ गया। बजाज फाइनेंस के मार्केट कैप में ₹3,797.83 करोड़ का इज़ाफा हुआ और यह ₹5,70,515.57 करोड़ पर पहुँच गया। लार्सन एंड टुब्रो (L&T) का बाज़ार पूंजीकरण ₹2,685.87 करोड़ बढ़कर ₹5,40,228.21 करोड़ हो गया।
किन कंपनियों के मार्केट कैप में गिरावट आई
भारती एयरटेल को सबसे बड़ा झटका लगा — इसका मार्केट कैप ₹20,229.67 करोड़ घटकर ₹11,40,295.49 करोड़ रह गया। HUL का मूल्यांकन ₹16,212.18 करोड़ की गिरावट के साथ ₹5,17,380 करोड़ पर आ गया।
SBI के मार्केट कैप में ₹12,784.4 करोड़ की कमी आई और यह ₹8,76,077.92 करोड़ पर आ गया। HDFC बैंक का बाज़ार मूल्यांकन ₹2,094.35 करोड़ घटकर ₹11,79,974.90 करोड़ रह गया।
मूल्यांकन रैंकिंग में बदलाव
देश की सबसे मूल्यवान कंपनियों की सूची में HDFC बैंक शीर्ष पर बना रहा। इसके बाद क्रमशः भारती एयरटेल, ICICI बैंक, SBI, TCS, बजाज फाइनेंस, L&T, HUL और LIC का स्थान रहा। गौरतलब है कि एयरटेल और HUL की गिरावट के बावजूद उनकी शीर्ष रैंकिंग में कोई बड़ा बदलाव नहीं आया।
आगे क्या देखें
विश्लेषकों की नज़र अगले सप्ताह वैश्विक संकेतों और घरेलू आर्थिक आँकड़ों पर रहेगी, जो इन दिग्गज कंपनियों के मार्केट कैप की दिशा तय कर सकते हैं। IT क्षेत्र में TCS की मज़बूती और बैंकिंग में ICICI की बढ़त बाज़ार के लिए सकारात्मक संकेत हैं।