पश्चिम बंगाल 7वें वेतन आयोग ने फर्जी सिफारिशों की अफवाहें खारिज कीं, जल्द लॉन्च होगी आधिकारिक वेबसाइट
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के 7वें वेतन आयोग ने 10 अगस्त 2026 को एक आधिकारिक प्रेस रिलीज जारी कर सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे उस फर्जी दस्तावेज को पूरी तरह खारिज कर दिया, जिसमें आयोग की कथित सिफारिशों का दावा किया जा रहा था। आयोग ने स्पष्ट किया कि अब तक कोई सिफारिश नहीं दी गई है और प्रचलित जानकारी आधारहीन एवं भ्रामक है।
क्या है पूरा मामला
सोशल मीडिया पर 7वें वेतन आयोग के नाम से एक दस्तावेज तेज़ी से फैलाया जा रहा था, जिसमें वेतन संशोधन की कथित सिफारिशों का उल्लेख था। आयोग ने अपनी प्रेस रिलीज में इसे पूरी तरह फर्जी बताते हुए कहा कि इस तरह की भ्रामक सामग्री से आम जनता में दुविधा पैदा हो सकती है। आयोग ने नागरिकों से अपील की है कि वे केवल आधिकारिक स्रोतों पर भरोसा करें।
आयोग की वर्तमान स्थिति
आयोग ने बताया कि उसने हाल ही में अपना काम शुरू किया है और पहली बैठक नबन्ना में आयोजित की गई थी। इस बैठक में कोई सिफारिश नहीं दी गई। गौरतलब है कि आयोग ने 9 और 10 जुलाई को कोलकाता में विभिन्न हितधारकों के साथ परामर्श बैठकें भी आयोजित की थीं।
आधिकारिक वेबसाइट जल्द होगी लॉन्च
आयोग ने घोषणा की कि वह आने वाले समय में एक आधिकारिक वेबसाइट लॉन्च करेगा। इस वेबसाइट पर सुझाव आमंत्रित करने के नोटिस, एकत्रित डेटा और अन्य महत्वपूर्ण जानकारी उपलब्ध कराई जाएगी। यह कदम पारदर्शिता सुनिश्चित करने और अफवाहों पर लगाम लगाने की दिशा में उठाया गया है।
आगामी परामर्श बैठकें
आयोग ने बताया कि परामर्श प्रक्रिया जारी है। अगस्त में होने वाली बैठकें इसी प्रक्रिया का हिस्सा हैं। इसके बाद 7 और 8 सितंबर को चेन्नई तथा 9 सितंबर को पुडुचेरी में परामर्श बैठकें आयोजित की जाएंगी। दिल्ली के बाद देशभर के अन्य राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में भी इसी तरह की बैठकें होंगी।
केंद्रीय 8वें वेतन आयोग की प्रक्रिया भी जारी
इस बीच, केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए 8वाँ वेतन आयोग भी वेतन बढ़ोतरी पर विभिन्न कर्मचारी संगठनों से बातचीत कर रहा है। इन बैठकों में वेतन संशोधन, पेंशन, भत्ते, फिटमेंट फैक्टर, पदोन्नति, करियर प्रगति और सेवा शर्तों से जुड़े मुद्दे उठाए जाने की संभावना है। आने वाले महीनों में इस प्रक्रिया के और विस्तृत होने की उम्मीद है।