22 जुलाई 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

'गंगा मां की बेटियां' में दुर्गावती बनीं इंदिरा कृष्णन: 'यह किरदार टीवी पर बदलती महिला छवि का प्रतीक है'

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
'गंगा मां की बेटियां' में दुर्गावती बनीं इंदिरा कृष्णन: 'यह किरदार टीवी पर बदलती महिला छवि का प्रतीक है'

सारांश

'गंगा मां की बेटियां' में दुर्गावती बनीं इंदिरा कृष्णन का कहना है कि यह किरदार उनके करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं में से एक है। आने वाले एपिसोड में दुर्गावती पर गंगा की जान लेने का आरोप लगेगा, जिससे उनके बेटे सिद्धू से रिश्ते पर गहरा असर पड़ेगा।

मुख्य बातें

इंदिरा कृष्णन टीवी शो 'गंगा मां की बेटियां' में दुर्गावती की भूमिका निभा रही हैं।
इंदिरा के अनुसार, दुर्गावती उनके करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण और बहुआयामी भूमिकाओं में से एक है।
उनका मानना है कि दुर्गावती जैसे किरदार भारतीय टेलीविजन पर महिला छवि में आ रहे बदलाव को दर्शाते हैं।
आने वाले एपिसोड में दुर्गावती पर गंगा ( शुभांगी लाटकर ) की जान लेने की कोशिश का आरोप लगेगा।
इस आरोप का सबसे बड़ा असर दुर्गावती और उनके बेटे सिद्धू ( शिजान खान ) के रिश्ते पर पड़ेगा।

अभिनेत्री इंदिरा कृष्णन इन दिनों टीवी शो 'गंगा मां की बेटियां' में दुर्गावती की भूमिका निभा रही हैं — एक ऐसी महिला, जो अपने विचारों पर अडिग रहती है और कठिन परिस्थितियों में भी अपने सिद्धांतों से नहीं डिगती। इंदिरा का कहना है कि इस किरदार ने उन्हें एक ऐसी स्त्री की यात्रा दिखाने का अवसर दिया, जो ताकत के साथ-साथ अपनी भावनाओं और कमज़ोरियों को भी स्वीकार करती है।

दुर्गावती: एक बहुआयामी किरदार

इंदिरा कृष्णन ने अपनी भूमिका के बारे में बात करते हुए कहा, 'दुर्गावती कई परतों वाला किरदार है। इस भूमिका को निभाते हुए मुझे एक कलाकार के रूप में अनेक भावनाओं को समझने और पर्दे पर उतारने का मौका मिला। उसकी सबसे बड़ी विशेषता यह है कि वह मुश्किल हालात में भी अपने विचारों और सिद्धांतों से पीछे नहीं हटती।'

उन्होंने आगे कहा, 'दुर्गावती मेरे करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं में से एक है, क्योंकि यह किरदार मुझे एक अभिनेत्री के तौर पर लगातार विकसित होने का अवसर देता है।'

महिला की यात्रा, सिर्फ ताकत की नहीं

इंदिरा ने स्पष्ट किया कि दुर्गावती की कहानी केवल एक सशक्त महिला बनने तक सीमित नहीं है। उनके शब्दों में, 'यह एक ऐसी महिला की यात्रा है, जो उस वक्त भी अपने विश्वासों के साथ खड़ी रहती है, जब लोग उसे गलत समझने लगते हैं। उसके हर फ़ैसले का असर उसके आसपास के लोगों की ज़िंदगी पर पड़ता है।'

उन्होंने जोड़ा, 'एक कलाकार के तौर पर ऐसी महिला को पर्दे पर जीवंत करना बेहद संतोषजनक है, जो निडर, मज़बूत और जटिल भावनाओं से भरी हुई है।'

टीवी पर बदलती महिला छवि

इंदिरा कृष्णन का मानना है कि दुर्गावती जैसे किरदार भारतीय टेलीविजन पर आ रहे बदलाव की नुमाइंदगी करते हैं। उन्होंने कहा, 'महिलाएं अब सिर्फ कुछ तय छवियों तक सीमित नहीं हैं, बल्कि अपनी सोच और उद्देश्य के साथ कहानी को आगे बढ़ा रही हैं।' यह ऐसे समय में आया है जब दर्शक टीवी पर अधिक जटिल और यथार्थवादी महिला पात्रों की माँग कर रहे हैं।

आने वाले एपिसोड में बड़ा संकट

शो की कहानी में आगे एक बड़ा मोड़ आने वाला है। दुर्गावती पर गंगा (शुभांगी लाटकर) की जान लेने की कोशिश करने का आरोप लगाया जाएगा। इस आरोप के बाद उनके रिश्तों में भी बड़ा उलटफेर देखने को मिलेगा। सबसे गहरा असर दुर्गावती और उनके बेटे सिद्धू (शिजान खान) के रिश्ते पर पड़ेगा।

गौरतलब है कि ऐसे नाटकीय मोड़ शो को नई दिशा देते हैं और दर्शकों की उत्सुकता को बनाए रखते हैं। आने वाले हफ्तों में यह देखना दिलचस्प होगा कि दुर्गावती इस संकट से कैसे उबरती हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जो भारतीय टेलीविजन पर धीरे-धीरे आ रहा है — जहाँ महिला पात्र अब केवल पारिवारिक संघर्षों की धुरी नहीं, बल्कि स्वतंत्र विचार और उद्देश्य वाली नायिकाएँ हैं। हालाँकि यह बदलाव स्वागतयोग्य है, लेकिन सवाल यह है कि क्या यह 'जटिल महिला किरदार' की अवधारणा सच में कहानी की गहराई में उतरती है, या सिर्फ प्रचार की भाषा है। दुर्गावती पर लगने वाला आरोप — जो कि एक पारंपरिक नाटकीय पेंच है — यह भी बताता है कि टीवी अभी भी दर्शकों को बाँधने के लिए पुराने फ़ॉर्मूले पर निर्भर है। असली परिवर्तन तब दिखेगा जब ऐसे किरदार सिर्फ संकट में नहीं, बल्कि निर्णय और नेतृत्व में भी केंद्र में हों।
RashtraPress
22 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

इंदिरा कृष्णन 'गंगा मां की बेटियां' में कौन सा किरदार निभा रही हैं?
इंदिरा कृष्णन इस शो में दुर्गावती की भूमिका निभा रही हैं, जो एक दृढ़ निश्चयी और अपने सिद्धांतों पर अडिग रहने वाली महिला है। इंदिरा के अनुसार, यह उनके करियर की सबसे चुनौतीपूर्ण भूमिकाओं में से एक है।
'गंगा मां की बेटियां' के आने वाले एपिसोड में क्या होगा?
आने वाले एपिसोड में दुर्गावती पर गंगा (शुभांगी लाटकर) की जान लेने की कोशिश करने का आरोप लगाया जाएगा। इस घटना का सबसे गहरा असर दुर्गावती और उनके बेटे सिद्धू (शिजान खान) के रिश्ते पर पड़ेगा।
इंदिरा कृष्णन का मानना है कि दुर्गावती जैसे किरदार टीवी के लिए क्यों ज़रूरी हैं?
इंदिरा का कहना है कि दुर्गावती जैसे किरदार टीवी पर बदलती कहानियों को दर्शाते हैं, जहाँ महिलाएं अब तय छवियों तक सीमित नहीं हैं। वे अपनी सोच और उद्देश्य के साथ कहानी को आगे बढ़ा रही हैं।
दुर्गावती के किरदार की सबसे बड़ी खासियत क्या है?
इंदिरा कृष्णन के अनुसार, दुर्गावती की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि वह मुश्किल परिस्थितियों में भी अपने विचारों और सिद्धांतों से नहीं डिगती। साथ ही, यह किरदार ताकत के साथ-साथ अपनी कमज़ोरियों और भावनाओं को भी स्वीकार करता है।
'गंगा मां की बेटियां' में शुभांगी लाटकर और शिजान खान कौन सी भूमिका में हैं?
शुभांगी लाटकर शो में गंगा की भूमिका निभा रही हैं, जबकि शिजान खान दुर्गावती के बेटे सिद्धू के किरदार में हैं। आने वाले एपिसोड में इन्हीं पात्रों के इर्द-गिर्द कहानी का बड़ा मोड़ आएगा।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 3 महीने पहले
  2. 3 महीने पहले
  3. 4 महीने पहले
  4. 7 महीने पहले
  5. 8 महीने पहले
  6. 9 महीने पहले
  7. 10 महीने पहले
  8. 1 साल पहले