27 जून 2026
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तमिल सिनेमा के दिग्गज के. भाग्यराज का 73 वर्ष की आयु में निधन, उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने जताया शोक

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तमिल सिनेमा के दिग्गज के. भाग्यराज का 73 वर्ष की आयु में निधन, उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने जताया शोक

सारांश

तमिल और भारतीय सिनेमा को एक और झटका — दिग्गज फिल्मकार के. भाग्यराज अब नहीं रहे। 73 वर्ष की आयु में चेन्नई में दिल का दौरा पड़ने से हुए निधन के बाद उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन समेत पूरे सिनेमा जगत ने गहरा शोक व्यक्त किया है।

मुख्य बातें

प्रसिद्ध फिल्म निर्माता, निर्देशक और पटकथा लेखक के.
भाग्यराज का 27 जून 2025 को चेन्नई में निधन हुआ।
मृत्यु का कारण दिल का दौरा बताया गया; वे 73 वर्ष के थे।
राधाकृष्णन ने एक्स पर पोस्ट कर उन्हें 'भारतीय सिनेमा की अपूरणीय क्षति' बताया।
भाग्यराज का जन्म 7 जनवरी 1953 को तमिलनाडु के इरोड ज़िले में हुआ था।
उन्होंने हिंदी फिल्में 'वो सात दिन' और 'मिस्टर बेचारा' का भी निर्माण व निर्देशन किया।
उनकी पत्नी पूर्णिमा भाग्यराज भी एक जानी-मानी अभिनेत्री हैं।

भारतीय सिनेमा के वरिष्ठ फिल्म निर्माता, निर्देशक, पटकथा लेखक और अभिनेता के. भाग्यराज (पूरा नाम: कृष्णस्वामी भाग्यराज) का 27 जून 2025 को चेन्नई में दिल का दौरा पड़ने से निधन हो गया। वे 73 वर्ष के थे। उनके जाने से तमिल और भारतीय सिनेमा जगत में शोक की गहरी लहर है।

उपराष्ट्रपति की श्रद्धांजलि

देश के उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट साझा कर गहरा दुख व्यक्त किया। उन्होंने लिखा, 'मशहूर फिल्म निर्माता, अभिनेता और पटकथा लेखक के. भाग्यराज के निधन से गहरा दुख हुआ है। उन्होंने अपनी यादगार फिल्मों, अनोखे कहानी कहने के अंदाज और बेहतरीन पटकथा लेखन के ज़रिए भारतीय सिनेमा में असाधारण योगदान दिया।'

राधाकृष्णन ने आगे लिखा, 'पटकथा लेखन की उनकी नई तकनीकें और जटिल कहानियों को सरल लेकिन दिलचस्प ढंग से पेश करने की उनकी काबिलियत ने उन्हें देश के बेहतरीन पटकथा लेखकों में से एक के तौर पर पहचान दिलाई। उन्होंने कई फिल्म निर्माताओं को प्रेरित किया और मार्गदर्शन भी किया।' उन्होंने भाग्यराज के परिवार, मित्रों, सहयोगियों और प्रशंसकों के प्रति गहरी संवेदनाएँ व्यक्त कीं।

के. भाग्यराज का सिनेमाई सफर

के. भाग्यराज का जन्म 7 जनवरी 1953 को तमिलनाडु के इरोड ज़िले के गोबिचेट्टीपलायम के निकट वेल्लांकोइल में हुआ था। वे मुख्यतः अपनी पटकथा लेखन कला और अनूठी कहानी कहने की शैली के लिए जाने जाते थे। उन्होंने दशकों तक तमिल सिनेमा में निर्देशक, निर्माता और अभिनेता के रूप में अपनी पहचान बनाई।

उनकी पत्नी पूर्णिमा भाग्यराज भी एक जानी-मानी अभिनेत्री हैं। भाग्यराज ने हिंदी सिनेमा में भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई और 'वो सात दिन' तथा 'मिस्टर बेचारा' जैसी हिंदी फिल्मों का निर्माण एवं निर्देशन किया।

भारतीय सिनेमा को अपूरणीय क्षति

उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन ने अपनी पोस्ट में कहा, 'के. भाग्यराज का जाना भारतीय सिनेमा के लिए एक अपूरणीय क्षति है, लेकिन उनकी यादगार विरासत कलाकारों और सिनेमा प्रेमियों की पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी।' गौरतलब है कि भाग्यराज ने न केवल फिल्में बनाईं, बल्कि नई पीढ़ी के फिल्मकारों को भी तराशा, जो उनकी सबसे बड़ी विरासत मानी जाती है।

आगे क्या

सिनेमा जगत, राजनीतिक हस्तियों और प्रशंसकों की ओर से श्रद्धांजलियों का सिलसिला जारी है। उनके परिवार ने अभी अंतिम संस्कार की तिथि की आधिकारिक घोषणा नहीं की है। के. भाग्यराज की फिल्में और उनकी पटकथा-शैली आने वाले वर्षों तक भारतीय सिनेमा को दिशा देती रहेंगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

बल्कि तमिल सिनेमा की उस पीढ़ी का अवसान है जिसने व्यावसायिक मनोरंजन और साहित्यिक गहराई के बीच सेतु बनाया। यह ऐसे समय में आया है जब दक्षिण भारतीय सिनेमा वैश्विक मंच पर अपनी धाक जमा रहा है — और उस सफलता की नींव में भाग्यराज जैसे पटकथाकारों की भूमिका को अक्सर मुख्यधारा की चर्चा में नज़रअंदाज़ किया जाता है। उनकी विरासत का सही मूल्यांकन तब होगा जब उनके द्वारा प्रेरित और प्रशिक्षित फिल्मकारों की सूची सार्वजनिक रूप से दर्ज की जाए।
RashtraPress
27 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

के. भाग्यराज कौन थे?
के. भाग्यराज (कृष्णस्वामी भाग्यराज) भारतीय सिनेमा के वरिष्ठ तमिल फिल्म निर्माता, निर्देशक, पटकथा लेखक और अभिनेता थे। वे अपनी अनूठी कहानी कहने की शैली और पटकथा लेखन की नई तकनीकों के लिए विशेष रूप से जाने जाते थे।
के. भाग्यराज का निधन कैसे और कब हुआ?
27 जून 2025 को चेन्नई में दिल का दौरा पड़ने से के. भाग्यराज का निधन हुआ। वे 73 वर्ष के थे।
उपराष्ट्रपति ने के. भाग्यराज के निधन पर क्या कहा?
उपराष्ट्रपति सी.पी. राधाकृष्णन ने एक्स पर पोस्ट कर कहा कि के. भाग्यराज का जाना भारतीय सिनेमा के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने भाग्यराज को असाधारण पटकथाकार और प्रेरणास्रोत बताया तथा उनके परिवार व प्रशंसकों के प्रति संवेदनाएँ व्यक्त कीं।
के. भाग्यराज की प्रमुख फिल्में कौन-सी थीं?
के. भाग्यराज ने तमिल सिनेमा में दर्जनों फिल्मों का निर्माण, निर्देशन और पटकथा लेखन किया। हिंदी सिनेमा में उन्होंने 'वो सात दिन' और 'मिस्टर बेचारा' जैसी फिल्मों का निर्माण व निर्देशन किया।
के. भाग्यराज का परिवार कौन है?
के. भाग्यराज की पत्नी पूर्णिमा भाग्यराज एक जानी-मानी अभिनेत्री हैं। उनका जन्म 7 जनवरी 1953 को तमिलनाडु के इरोड ज़िले के गोबिचेट्टीपलायम के निकट वेल्लांकोइल में हुआ था।
राष्ट्र प्रेस
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