वायनाड भूस्खलन: 3 मजदूरों की मौत, 5 लापता; सरथकुमार और राहुल गांधी ने जताया दुख
सारांश
मुख्य बातें
केरल के वायनाड जिले में 8 जुलाई 2026 को हुए भीषण भूस्खलन में तीन श्रमिकों की मौत हो गई और पाँच अन्य लापता हैं। इस त्रासदी पर तमिल अभिनेता एवं राजनेता सरथकुमार ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट कर गहरा दुख व्यक्त किया। लापता लोगों की तलाश के लिए कल्लाडी में बचाव अभियान बुधवार को भी जारी रहा।
सरथकुमार ने क्या कहा
सरथकुमार ने एक्स पर लिखा, 'वायनाड में एक और भयानक भूस्खलन देखकर मुझे दुख हुआ है, जिसमें 5 लोगों की जान चली गई है, जबकि कई अन्य अभी भी लापता हैं।' उन्होंने आगे कहा, 'जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खो दिया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं, और मेरी प्रार्थनाएं उन लोगों के साथ हैं जो अपने लापता रिश्तेदारों के बारे में खबर का इंतज़ार कर रहे हैं।' उन्होंने सभी घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने और इस कठिन समय में हिम्मत बनाए रखने की कामना की।
बचाव अभियान की स्थिति
रिपोर्टों के अनुसार, कल्लाडी में भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में बुधवार को भी राहत एवं बचाव कार्य जारी रहा। केरल के मंत्री टी. सिद्दीक और ए.पी. अनिल कुमार ने घोषणा की है कि लापता पाँच लोगों का पता लगाने के लिए व्यापक तलाशी अभियान चलाया जाएगा। प्रशासन ने स्थानीय राहत दलों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
राहुल गांधी की प्रतिक्रिया
वायनाड के पूर्व लोकसभा सांसद और लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने भी इस त्रासदी पर दुख प्रकट किया। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा, 'वायनाड में भूस्खलन की खबर बहुत दुखद है। जिन परिवारों ने अपने प्रियजनों को खो दिया है, उनके प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं हैं।' गांधी ने सभी कांग्रेस और यूडीएफ कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे प्रभावित लोगों की हर संभव मदद करें।
वायनाड और भूस्खलन का इतिहास
यह ऐसे समय में आया है जब वायनाड पहले से ही जुलाई 2024 के विनाशकारी भूस्खलन की त्रासदी से उबर रहा है, जिसमें सैकड़ों लोगों की जान गई थी। गौरतलब है कि वायनाड का पहाड़ी भूगोल और मानसूनी वर्षा इसे भूस्खलन के प्रति विशेष रूप से संवेदनशील बनाते हैं। विशेषज्ञों ने बार-बार इस क्षेत्र में स्थायी पूर्व-चेतावनी तंत्र और भूमि उपयोग नीति की माँग उठाई है।
आगे क्या
अधिकारियों के अनुसार, लापता लोगों की खोज तब तक जारी रहेगी जब तक उनका पता नहीं चल जाता। मौसम विभाग ने वायनाड सहित केरल के पहाड़ी जिलों में भारी वर्षा की चेतावनी जारी की है, जिससे बचाव अभियान में अतिरिक्त चुनौतियाँ आ सकती हैं।