13 सितंबर 2026
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जयपुर: जेप्टो डार्क स्टोर पर छापा, 1,550 डेयरी पैकेट और एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री मौके पर नष्ट

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जयपुर: जेप्टो डार्क स्टोर पर छापा, 1,550 डेयरी पैकेट और एक्सपायर्ड खाद्य सामग्री मौके पर नष्ट

सारांश

जयपुर के जगतपुरा में जेप्टो के डार्क स्टोर पर राजस्थान खाद्य सुरक्षा विभाग के औचक छापे में 1,550 डेयरी पैकेट नष्ट, जंग लगे रैक और थूक के निशान मिले। रोज़ाना 500 ऑर्डर डिलीवर करने वाला यह स्टोर अब नोटिस और प्रयोगशाला जाँच के दायरे में है।

मुख्य बातें

10 सितंबर 2026 को जयपुर के जगतपुरा में जेप्टो के डार्क स्टोर पर राजस्थान खाद्य सुरक्षा विभाग का औचक निरीक्षण।
कोल्ड रूम का तापमान 6 से 14 डिग्री सेल्सियस — मानक से अधिक; सरस और अमूल के 1,550 डेयरी पैकेट मौके पर नष्ट।
100 किलोग्राम खराब और 7 किलोग्राम एक्सपायर्ड सामान (म्यूसली, कैंडी, भुजिया) भी जब्त कर नष्ट किया गया।
पीनट बटर और शहद के सैंपल स्टेट सेंट्रल फूड लेबोरेटरी भेजे गए; मिलावट साबित होने पर कानूनी कार्रवाई होगी।
स्टोर से प्रतिदिन लगभग 500 ऑर्डर डिलीवर; संयुक्त आयुक्त विजय प्रकाश शर्मा ने स्टोर ऑपरेटर को नोटिस जारी किया।

राजस्थान के खाद्य सुरक्षा और औषधि नियंत्रण विभाग की एक केंद्रीय टीम ने 10 सितंबर 2026 को जयपुर के जगतपुरा स्थित जेप्टो के डार्क स्टोर (डिलीवरी-ओनली वेयरहाउस) पर औचक निरीक्षण किया, जिसमें खाद्य भंडारण, तापमान नियंत्रण और स्वच्छता से जुड़ी गंभीर खामियाँ सामने आईं। निरीक्षण टीम ने मौके पर ही दूध, दही और छाछ के लगभग 1,550 पैकेट, 100 किलोग्राम खराब खाद्य सामग्री और 7 किलोग्राम एक्सपायर्ड उत्पाद नष्ट कर दिए।

मुख्य घटनाक्रम

यह कार्रवाई प्रमुख सचिव (चिकित्सा एवं स्वास्थ्य) गायत्री राठौड़ के निर्देशों और आयुक्त (खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण) अविचल चतुर्वेदी के मार्गदर्शन में 'शुद्ध आहार, मिलावट पर वार' अभियान के अंतर्गत की गई। निरीक्षण दल का नेतृत्व संयुक्त आयुक्त विजय प्रकाश शर्मा ने किया और जाँच रामनगरिया विस्तार के ए-ब्लॉक में स्थित जेडीएस मार्केटिंग के गोदाम में की गई।

निरीक्षण में पाया गया कि कोल्ड रूम और डीप फ्रीजर में तापमान 6 से 14 डिग्री सेल्सियस के बीच था, जबकि डेयरी उत्पादों के सुरक्षित भंडारण के लिए इससे कम तापमान अनिवार्य होता है। इस कारण सरस और अमूल जैसे ब्रांडों के दूध, दही और छाछ के 1,550 पैकेट मौके पर नष्ट किए गए।

क्या-क्या मिला उल्लंघन

निरीक्षण दल को गोदाम में लगभग 100 किलोग्राम खराब खाद्य सामग्री मिली, जिस पर अनिवार्य 'बिक्री के लिए नहीं' का निशान नहीं लगा था। बिक्री के लिए रखे उत्पादों के बीच 7 किलोग्राम एक्सपायर्ड सामान भी पाया गया, जिसमें म्यूसली, कैंडी और भुजिया शामिल थे।

स्वच्छता की स्थिति भी चिंताजनक पाई गई — डार्क स्टोर और कोल्ड रूम के आसपास पान मसाला और जर्दा मिश्रित थूक के निशान मिले, दीवारों पर गंदगी के धब्बे थे और खाद्य सामग्री रखने के लिए इस्तेमाल होने वाले कई लोहे के रैक टूटे, गंदे और जंग लगे पाए गए।

सैंपल लिए, जाँच जारी

गुणवत्ता सत्यापन के लिए केंद्रीय टीम ने स्टोर मैनेजर कैलाश चंद मीणा की मौजूदगी में पिंटोला पीनट बटर और शहद के नमूने लिए, जिन्हें स्टेट सेंट्रल फूड लेबोरेटरी भेजा गया है। यदि प्रयोगशाला रिपोर्ट में मिलावट या मानक-उल्लंघन सिद्ध हुआ, तो खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम के तहत संबंधित फर्म के खिलाफ कानूनी कार्रवाई होगी।

आम जनता पर असर और आगे की कार्रवाई

अधिकारियों के अनुसार, इस डार्क स्टोर से प्रतिदिन लगभग 500 ऑर्डर वितरित किए जाते हैं। संयुक्त आयुक्त विजय प्रकाश शर्मा ने स्टोर ऑपरेटर को नोटिस जारी कर खाद्य भंडारण, तापमान नियंत्रण और स्वच्छता प्रणाली में तत्काल सुधार का निर्देश दिया। गौरतलब है कि यह कार्रवाई ऐसे समय में आई है जब ऑनलाइन क्विक-कॉमर्स प्लेटफॉर्मों पर डार्क स्टोर की संख्या तेज़ी से बढ़ रही है और नियामक एजेंसियाँ इन्हें पारंपरिक खुदरा दुकानों जितनी ही जवाबदेही के दायरे में लाने की कोशिश कर रही हैं।

विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन सप्लाई और डिलीवरी में लगे सभी स्टोर व वेयरहाउस के लिए खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता के मानकों का पालन अनिवार्य है। 'शुद्ध आहार, मिलावट पर वार' अभियान के तहत राजस्थान भर में इस तरह के प्रवर्तन अभियान आगे भी जारी रहेंगे।

संपादकीय दृष्टिकोण

केवल एक इकाई की लापरवाही नहीं, बल्कि पूरे डार्क-स्टोर मॉडल की निगरानी में खाली जगह को उजागर करते हैं। नियामक एजेंसियाँ अभी भी इस तेज़-रफ्तार क्षेत्र के साथ कदम मिलाने की कोशिश कर रही हैं। 'शुद्ध आहार, मिलावट पर वार' जैसे अभियानों का असर तभी टिकाऊ होगा, जब औचक निरीक्षण एकबारगी कार्रवाई नहीं, बल्कि नियमित जवाबदेही की व्यवस्था बनें।
RashtraPress
13 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जयपुर में जेप्टो डार्क स्टोर पर क्या कार्रवाई हुई?
राजस्थान खाद्य सुरक्षा और औषधि नियंत्रण विभाग की केंद्रीय टीम ने 10 सितंबर 2026 को जयपुर के जगतपुरा स्थित जेप्टो के डार्क स्टोर पर औचक छापा मारा। निरीक्षण में 1,550 डेयरी पैकेट, 100 किलोग्राम खराब सामान और 7 किलोग्राम एक्सपायर्ड खाद्य उत्पाद मौके पर नष्ट किए गए, और स्टोर ऑपरेटर को नोटिस जारी हुआ।
जेप्टो स्टोर में किस तरह की कमियाँ पाई गईं?
कोल्ड रूम और डीप फ्रीजर में तापमान 6 से 14 डिग्री सेल्सियस के बीच था, जो डेयरी उत्पादों के सुरक्षित भंडारण के लिए अपर्याप्त है। इसके अलावा लोहे के रैक टूटे, जंग लगे और गंदे मिले, दीवारों पर थूक के निशान थे और कई उत्पादों पर 'बिक्री के लिए नहीं' का अनिवार्य निशान नहीं था।
'शुद्ध आहार, मिलावट पर वार' अभियान क्या है?
यह राजस्थान सरकार के खाद्य सुरक्षा और औषधि नियंत्रण विभाग का चल रहा प्रवर्तन अभियान है, जिसका उद्देश्य खाद्य मिलावट और सुरक्षा मानकों के उल्लंघन पर लगाम लगाना है। इस अभियान के तहत पूरे राजस्थान में खाद्य प्रतिष्ठानों के औचक निरीक्षण किए जा रहे हैं।
जेप्टो डार्क स्टोर के खिलाफ आगे क्या कार्रवाई होगी?
संयुक्त आयुक्त विजय प्रकाश शर्मा ने स्टोर ऑपरेटर को नोटिस जारी किया है और तत्काल सुधार का निर्देश दिया है। पिंटोला पीनट बटर और शहद के सैंपल स्टेट सेंट्रल फूड लेबोरेटरी भेजे गए हैं — यदि मिलावट या मानक-उल्लंघन सिद्ध हुआ, तो खाद्य सुरक्षा और मानक अधिनियम के तहत कानूनी कार्रवाई होगी।
क्या डार्क स्टोर खाद्य सुरक्षा नियमों के दायरे में आते हैं?
हाँ। राजस्थान खाद्य सुरक्षा और औषधि नियंत्रण विभाग ने स्पष्ट किया है कि ऑनलाइन सप्लाई और डिलीवरी में शामिल सभी स्टोर व वेयरहाउस के लिए खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता के मानकों का पालन अनिवार्य है। उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
राष्ट्र प्रेस
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