ईरान का आरोप: 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' में अमेरिका ने दो नागरिक नावें नष्ट कीं, पाँच की मौत

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ईरान का आरोप: 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' में अमेरिका ने दो नागरिक नावें नष्ट कीं, पाँच की मौत

सारांश

होर्मुज में 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' के नाम पर अमेरिका और ईरान के बीच टकराव एक खतरनाक मोड़ पर आ गया है। ईरान का दावा है कि पाँच आम नागरिक मारे गए, जबकि अमेरिका कहता है उसने आईआरजीसी की नावें डुबोईं। दोनों के बयान परस्पर विरोधी हैं — और 8 अप्रैल का संघर्ष विराम अब कागज़ी लगने लगा है।

मुख्य बातें

ईरान ने आरोप लगाया कि 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' के तहत अमेरिकी कार्रवाई में दो नागरिक नावें नष्ट हुईं और पाँच लोगों की मौत हुई।
ईरानी प्रसारक आईआरआईबी ने एक अज्ञात सैन्य कमांडर के हवाले से बताया कि नावें ओमान के खासाब तट से ईरान जा रही थीं।
अमेरिकी एडमिरल ब्रैड कूपर का दावा है कि सेंट्रल कमांड ने आईआरजीसी की छह नौकाएँ डुबोईं जो मिशन में बाधा डाल रही थीं।

ईरान ने 5 मई 2026 को आरोप लगाया कि अमेरिकी बलों ने स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में चलाए गए 'प्रोजेक्ट फ्रीडम' अभियान के दौरान दो यात्री नौकाओं को निशाना बनाया, जिसमें पाँच आम नागरिकों की मौत हो गई। ईरानी सरकारी प्रसारक आईआरआईबी ने एक अज्ञात सैन्य कमांडर के हवाले से यह जानकारी दी। यह घटना 8 अप्रैल को हुए अस्थायी संघर्ष विराम को गंभीर खतरे में डालती है।

मुख्य घटनाक्रम

ईरान के अनुसार, जिन नौकाओं पर हमला हुआ वे ओमान के खासाब तट से ईरान की ओर जा रही थीं और उनमें आम यात्री सवार थे। आईआरआईबी ने बताया कि दोनों नावें पूरी तरह नष्ट हो गईं और प्रारंभिक जाँच में यह स्पष्ट हुआ कि हमला इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) की नावों पर नहीं, बल्कि नागरिकों को ले जा रही नौकाओं पर हुआ। तेहरान ने इस घटना को

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन यदि ईरान के नागरिक हताहत के दावे सही निकले, तो यह अभियान अमेरिका की समुद्री-सुरक्षा छवि को गंभीर नुकसान पहुँचाएगा। 8 अप्रैल का संघर्ष विराम पहले से ही नाज़ुक था; होर्मुज जैसे रणनीतिक जलमार्ग पर एक भी ऐसी घटना वैश्विक तेल बाज़ारों को हिला सकती है, जिसकी कीमत दुनिया भर के उपभोक्ता चुकाएँगे।
RashtraPress
14 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

'प्रोजेक्ट फ्रीडम' क्या है?
'प्रोजेक्ट फ्रीडम' अमेरिकी सेंट्रल कमांड का वह अभियान है जिसे स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में फँसे जहाजों को सुरक्षित निकालने के लिए चलाया गया था। अमेरिकी एडमिरल ब्रैड कूपर के अनुसार इस मिशन में आईआरजीसी की छह नौकाएँ डुबोई गईं जो बाधा डाल रही थीं।
ईरान ने किस आधार पर अमेरिका पर आरोप लगाया है?
ईरानी सरकारी प्रसारक आईआरआईबी ने एक अज्ञात सैन्य कमांडर के हवाले से दावा किया कि हमले में दो नागरिक नावें नष्ट हुईं और पाँच आम लोग मारे गए। ईरान ने प्रारंभिक जाँच के आधार पर कहा कि निशाना आईआरजीसी की नावें नहीं, बल्कि यात्री नौकाएँ थीं।
अमेरिका ने ईरान के आरोपों पर क्या कहा?
अमेरिकी सेना की ओर से ईरान के नागरिक हताहत के दावों पर अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। अमेरिका का पक्ष है कि उसकी कार्रवाई आत्मरक्षा और समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई थी।
इस घटना का 8 अप्रैल के संघर्ष विराम पर क्या असर पड़ेगा?
यह घटना 8 अप्रैल को हुए अस्थायी ईरान-अमेरिका संघर्ष विराम के लिए बड़ा झटका मानी जा रही है। यदि नागरिक हताहत के दावे सत्यापित होते हैं, तो दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ सकता है।
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज का वैश्विक महत्व क्यों है?
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज वैश्विक तेल आपूर्ति का एक अत्यंत महत्वपूर्ण मार्ग है जहाँ से दुनिया का बड़ा हिस्सा तेल परिवहन करता है। यहाँ बढ़ता तनाव क्षेत्रीय सुरक्षा के साथ-साथ वैश्विक ऊर्जा कीमतों और अर्थव्यवस्था पर भी सीधा असर डाल सकता है।
राष्ट्र प्रेस
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