चौथे CISCE में विदेशी कंपनियों ने चीन के कारोबारी माहौल को सराहा, 8,000 से अधिक उद्यमों ने बढ़ाया निवेश
सारांश
मुख्य बातें
चीन की राजधानी बीजिंग (पेइचिंग) में 22 से 26 जून 2025 तक आयोजित चौथे चीन अंतर्राष्ट्रीय आपूर्ति श्रृंखला एक्सपो (CISCE) में भाग लेने वाली बहुराष्ट्रीय कंपनियों के वरिष्ठ अधिकारियों ने चीन की नीतियों और निवेश वातावरण की खुलकर सराहना की। करीब 20 वरिष्ठ प्रतिनिधियों से हुई बातचीत में यह स्पष्ट हुआ कि विदेशी निवेशकों का चीनी बाज़ार पर भरोसा लगातार मज़बूत हो रहा है।
एक्सपो के साथ नई निवेश कार्य योजना जारी
22 जून को CISCE के उद्घाटन के साथ ही चीन ने 'विदेशी निवेश का उपयोग कर आर्थिक विकास की गुणवत्ता को स्थिर और बेहतर बनाने की कार्य योजना' जारी की। उल्लेखनीय है कि इस योजना के कई उपाय विदेशी निवेश वाली कंपनियों के साथ आयोजित मासिक गोलमेज बैठकों में उठाए गए सुझावों और माँगों पर आधारित हैं।
आंकड़ों के अनुसार, 2023 से अब तक 50 गोलमेज बैठकें आयोजित की जा चुकी हैं, जिनमें 2,000 से अधिक कंपनियों ने भाग लिया। निवेशकों का मानना है कि समस्याओं के समाधान पर आधारित यह व्यावहारिक दृष्टिकोण चीनी बाज़ार में उनके विश्वास को निरंतर सुदृढ़ कर रहा है।
विदेशी कंपनियों के अनुभव और प्रतिक्रियाएँ
जर्मन कंपनी TÜV Rheinland Group की शांगहाई शाखा के कार्यकारी निदेशक लुत्ज फ्रैंकहोल्ज़ ने बताया कि उनकी कंपनी एक बड़ी प्रयोगशाला स्थापित करने की योजना बना रही है, जिसके लिए विशेष प्रकार की जगह की आवश्यकता थी। उन्होंने कहा कि स्थानीय सरकार ने उपयुक्त स्थान खोजने में सक्रिय सहयोग किया और परियोजना को आगे बढ़ाने के लिए उच्च गुणवत्ता वाले संसाधन भी उपलब्ध कराए।
डेनमार्क की जैव-औषधीय कंपनी Novo Nordisk की वैश्विक वरिष्ठ उपाध्यक्ष और ग्रेटर चाइना की अध्यक्ष थ्साई यान ने कहा कि नई कार्य योजना ने चीन में निवेश को लेकर कंपनी का भरोसा और बढ़ाया है। उनके अनुसार, चीन की विभिन्न स्तरों की सरकारें विदेशी निवेश का न केवल स्वागत करती हैं, बल्कि इसे ठोस कदमों के ज़रिए भी साबित कर रही हैं।
थ्साई यान ने अपना अनुभव साझा करते हुए कहा, 'कुछ साल पहले हमने तीन महत्वपूर्ण माँगें रखी थीं। पिछले तीन वर्षों में ये तीनों माँगें पूरी हो चुकी हैं। इससे बेहतर प्रमाण और क्या हो सकता है।'
अमेरिकी कंपनी Honeywell Process Automation & Technology Group China के उपाध्यक्ष और महाप्रबंधक सुन च्येननेंग ने कहा कि विदेशी कंपनियाँ स्पष्ट रूप से महसूस कर रही हैं कि चीन लगातार अपने खुलेपन का दायरा बढ़ा रहा है। उनके अनुसार, चीन पारंपरिक आर्थिक खुलेपन से आगे बढ़कर संस्थागत खुलेपन की दिशा में कदम बढ़ा रहा है, जिससे कारोबारी माहौल विदेशी कंपनियों के लिए अधिक अनुकूल और भरोसेमंद बनता जा रहा है।
2025 में चीन के विदेशी निवेश प्रोत्साहन उपाय
जानकारी के अनुसार, वर्ष 2025 की शुरुआत से चीन ने विदेशी निवेश को प्रोत्साहित करने के लिए कई कदम उठाए हैं। इनमें विदेशी निवेश को स्थिर करने की कार्य योजना, प्रोत्साहित उद्योगों की सूची का विस्तार और हाईनान मुक्त व्यापार बंदरगाह में पूरे द्वीप स्तर पर सीमा शुल्क संचालन की व्यवस्था शामिल है। इन उपायों से विदेशी कंपनियों को अधिक अवसर, निवेश के विविध विकल्प और कारोबार में अधिक सुविधा मिली है।
आम जनता और निवेशकों पर असर
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 2025 तक 8,000 से अधिक विदेशी निवेशित उद्यमों ने चीन में अपना निवेश बढ़ाया, जो 2024 की तुलना में 10 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि है। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक व्यापार तनाव और आपूर्ति श्रृंखला पुनर्गठन की चर्चाओं के बीच कई देश विदेशी निवेश आकर्षित करने की होड़ में हैं।
आगे देखें तो CISCE जैसे मंचों की निरंतरता और मासिक गोलमेज बैठकों का विस्तार यह संकेत देता है कि चीन नीति-संवाद को संस्थागत रूप देने की दिशा में आगे बढ़ रहा है।