जेएनयू में 'चीन अनुसंधान केंद्र' का उद्घाटन और नववर्ष समारोह का आयोजन

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
जेएनयू में 'चीन अनुसंधान केंद्र' का उद्घाटन और नववर्ष समारोह का आयोजन

सारांश

इस हफ्ते जेएनयू में चीन के राजदूत का दौरा हुआ, जहां उन्होंने 'चीन अनुसंधान केंद्र' का उद्घाटन किया। इस समारोह में 300 से अधिक लोग शामिल हुए, और चीनी नववर्ष के उत्सव का आनंद लिया गया।

मुख्य बातें

चीन अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन जेएनयू में हुआ।
राजदूत श्यू फेईहोंग ने शैक्षिक सहयोग पर जोर दिया।
नववर्ष समारोह में चीन की संस्कृति का प्रदर्शन किया गया।
समारोह में ३०० से अधिक लोग शामिल हुए।
दोनों देशों के संबंधों को सुदृढ़ करने की आवश्यकता पर बल दिया गया।

बीजिंग, २५ मार्च (राष्ट्र प्रेस)। इस हफ्ते सोमवार को भारत में चीनी राजदूत श्यू फ़ेईहोंग ने जवाहरलाल नेहरू विश्वविद्यालय (जेएनयू) का दौरा किया। इस दौरान उन्होंने जेएनयू की कुलपति प्रोफेसर शांतिश्री धुलिपुड़ी पंडित से मुलाकात की और विश्वविद्यालय में 'चीन अनुसंधान केंद्र' का अनावरण किया। इसके बाद उन्होंने चीनी अश्व नववर्ष के अवसर पर आयोजित मिलन समारोह में भी संबोधित किया।

इस समारोह में लगभग ३०० लोग मौजूद थे, जिनमें जेएनयू के भाषा, साहित्य और संस्कृति संकाय की डीन प्रोफेसर शोभा शिवशंकरन, 'चीन अनुसंधान केंद्र' के निदेशक एसोसिएट प्रोफेसर राकेश कुमार, भारत-चीन वाणिज्य चैंबर के अध्यक्ष क्यांग क्वोपिन, चीनी दूतावास के मंत्री काउंसलर वांग शिनमिंग, युवा राजनयिक, भारत में चीनी उद्यमों के प्रतिनिधि, और विश्वविद्यालय के संकाय सदस्य तथा छात्र शामिल थे।

राजदूत श्यू फेईहोंग ने कुलपति पंडित से चीन और भारत के बीच आपसी आदान-प्रदान को बढ़ावा देने और शैक्षिक सहयोग को सुदृढ़ करने के विषय पर चर्चा की। नववर्ष समारोह में अपने संबोधन में उन्होंने सभी संकाय सदस्यों और छात्रों को अश्व वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं दीं और 'चीन अनुसंधान केंद्र' के उद्घाटन तथा प्रोफेसर बी. आर. दीपक द्वारा चीनी संस्कृति पर प्रकाशित नई पुस्तकों के लिए बधाई दी।

श्यू फेईहोंग ने कहा कि राष्ट्रपति शी चिनफिंग और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के रणनीतिक मार्गदर्शन में, चीन-भारत संबंध और अधिक मजबूत हुए हैं और द्विपक्षीय सहयोग की संभावनाएं व्यापक हैं। उन्होंने 'चीन अनुसंधान केंद्र' के शिक्षकों और छात्रों को चीन-भारत मित्रता के उत्तराधिकारी बने रहने और द्विपक्षीय संबंधों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण के लिए एक साथ काम करने के लिए प्रेरित किया।

चीनी नववर्ष मिलन समारोह में, 'चीन अनुसंधान केंद्र' के संकाय और छात्रों ने चीनी संस्कृति के आकर्षण और चीनी भाषा सीखने में अपनी उपलब्धियों को प्रदर्शित करते हुए शानदार प्रस्तुतियां दीं।

(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)

संपादकीय दृष्टिकोण

विशेषकर शैक्षिक और सांस्कृतिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए। जेएनयू में चीन अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन एक सकारात्मक कदम है, जो दोनों देशों के बीच संवाद को सुदृढ़ करेगा।
RashtraPress
13 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जेएनयू में चीन अनुसंधान केंद्र का उद्घाटन कब हुआ?
यह उद्घाटन २५ मार्च को हुआ।
इस समारोह में कौन-कौन शामिल थे?
इस समारोह में ३०० से अधिक लोग शामिल थे, जिसमें कई प्रमुख शिक्षाविद् और राजनयिक शामिल थे।
राजदूत श्यू फेईहोंग ने किस विषय पर बात की?
उन्होंने चीन और भारत के बीच आपसी आदान-प्रदान और शैक्षिक सहयोग को बढ़ावा देने पर चर्चा की।
चीनी नववर्ष समारोह में क्या हुआ?
समारोह में 'चीन अनुसंधान केंद्र' के छात्रों और संकाय ने चीनी संस्कृति का प्रदर्शन किया।
इस कार्यक्रम का महत्व क्या है?
यह कार्यक्रम भारत-चीन संबंधों को सुदृढ़ करने और सांस्कृतिक आदान-प्रदान को बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण कदम है।
राष्ट्र प्रेस