ईरान ने अमेरिका और इजराइल के हमलों के खिलाफ क्षेत्रीय प्रतिक्रिया की दी चेतावनी
सारांश
Key Takeaways
- ईरान ने अमेरिका और इजराइल को चेतावनी दी है।
- ऊर्जा ठिकानों पर हमले जारी रहने पर ईरान भी जवाबी कार्रवाई करेगा।
- खुद नागरिकों की मौतें हुई हैं, जिससे चिंताएं बढ़ी हैं।
- ईरान ने हाइफा पर भी हमला किया है।
- क्षेत्र में तनाव बढ़ने की आशंका है।
तेहरान, 9 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। ईरान के खातम अल-अनबिया सेंट्रल कमांड ने क्षेत्र के मुस्लिम राष्ट्रों से अनुरोध किया है कि वे अमेरिका और इजराइल को ईरान के ऊर्जा एवं ईंधन स्थलों पर हमले करने से रोकें। ईरान ने स्पष्ट किया है कि यदि ऐसे हमले जारी रहें, तो वह भी जवाबी कार्रवाई करेगा।
खातम अल-अनबिया के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ोल्फागरी ने यह बयान उस समय दिया जब शनिवार रात अमेरिका और इजरायल ने तेहरान और उसके आस-पास के अलबोर्ज प्रांत में कई ईंधन भंडारण केंद्रों पर हमले किए। समाचार एजेंसी सिन्हुआ ने ईरानी स्टूडेंट्स न्यूज़ एजेंसी के हवाले से बताया कि इन हमलों के परिणामस्वरूप ईंधन की आपूर्ति पर असर पड़ा और स्वास्थ्य तथा पर्यावरण को लेकर चिंताएं बढ़ गईं।
ज़ोल्फागरी ने अमेरिका और इजराइल पर आरोप लगाया कि उन्होंने ईरान के ऊर्जा ढांचे और सार्वजनिक सेवा केंद्रों पर “निर्दयता से” हमले किए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि इन हमलों में आम नागरिकों की भी मौत हुई है। उनका कहना था कि क्षेत्र के मुस्लिम देशों को अमेरिका और इजरायल को ऐसी “कायरतापूर्ण और अमानवीय कार्रवाइयों” से रोकने के लिए चेतावनी देनी चाहिए, ताकि संघर्ष और अधिक न बढ़े।
उन्होंने कहा, “यदि ऐसा नहीं हुआ तो क्षेत्र में इसी तरह की जवाबी कार्रवाई की जाएगी। यदि आप प्रति बैरल 200 डॉलर से ज्यादा तेल की कीमत सहन कर सकते हैं, तो फिर यह खेल जारी रखें।”
यह चेतावनी 28 फरवरी को अमेरिका और इजराइल द्वारा तेहरान और ईरान के कई अन्य शहरों पर किए गए संयुक्त हमलों के बाद आई है। इन हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अली खामेनेई, उनके कुछ परिवार के सदस्य, कई वरिष्ठ सैन्य कमांडर और आम नागरिक मारे गए थे। इसके जवाब में ईरान ने इजराइल और मध्य पूर्व में स्थित अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर कई चरणों में मिसाइल और ड्रोन हमले किए थे।
इसी बीच, शनिवार को ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने कहा कि उसने इजराइल के हाइफा शहर में स्थित एक रिफाइनरी पर हमला किया है। यह हमला अमेरिका और इजराइल द्वारा ईरान की एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर पर किए गए हमले के जवाब में किया गया।
अपने आधिकारिक न्यूज़ आउटलेट सेपा न्यूज़ पर छपे एक बयान में कहा गया कि हाइफा की रिफाइनरी पर “खैबरशेकन” मिसाइलों से हमला किया गया।
उधर, नेशनल ईरानियन ऑयल रिफाइनिंग एंड डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी ने भी बताया कि शनिवार रात अमेरिका और इजराइल के हमलों में देश के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाया गया।
कंपनी के अनुसार, तेहरान और अलबोर्ज प्रांत में कई तेल भंडारण केंद्रों पर मिसाइलें गिरीं, जिससे वहां आग लग गई। दमकल की टीमें आग पर काबू पाने की कोशिश कर रही हैं।
शनिवार रात तेहरान में हमलों की एक नई और तेजी देखी गई। ईरान की राजधानी के कई इलाकों में जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं।