कैप्टन स्मित मच्छार को इजरायली महावाणिज्यदूत का सलाम — 'सच्चे सुपरहीरो और दोस्ती की मिसाल'
सारांश
मुख्य बातें
इजरायल के महावाणिज्यदूत (मध्य पश्चिम भारत) याविन रेवाच ने 1 अक्टूबर 2026 को मुंबई में भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार की असाधारण बहादुरी को सार्वजनिक रूप से सराहा और उन्हें 'सच्चा सुपरहीरो' बताया। फ्लाईदुबई विमान में हुई घटना, जिसमें कैप्टन स्मित ने यात्रियों की जान बचाने के लिए अपना जीवन खतरे में डाला, को रेवाच ने भारत इजरायल मित्रता की जीती जागती मिसाल करार दिया।
साहस की सराहना
रेवाच ने कहा, "मासूम यात्री इस उम्मीद के साथ विमान में सवार हुए थे कि वे सुरक्षित अपने परिवारों तक पहुँचेंगे, लेकिन इसके बजाय उनकी जान खतरे में पड़ गई।" उन्होंने जोड़ा कि इजरायलियों के लिए कैप्टन स्मित का संदेश स्पष्ट है — आतंक और भय को उनकी जिंदगी पर हावी नहीं होने दिया जाएगा।
महावाणिज्यदूत ने कहा, "कैप्टन स्मित ने केवल यात्रियों को नहीं बचाया, बल्कि पिता, माँ और बच्चों समेत कई परिवारों को एक बड़ी त्रासदी से बचाने का काम किया।" उन्होंने अपने दिल की गहराइयों से कैप्टन को सलाम किया और कहा कि भारत और इजरायल दोनों को उन पर गर्व है।
मुंबई और व्यक्तिगत जुड़ाव
रेवाच ने विशेष रूप से कहा, "तथ्य यह है कि वह मुंबई से आए हैं, इसे मेरे लिए और भी व्यक्तिगत बना देता है। मुंबई ने इजरायल को एक हीरो दिया है और हम इसे कभी नहीं भूलेंगे।" उन्होंने बताया कि वह पहले ही कैप्टन के परिवार से बात कर चुके हैं और उनसे मुलाकात करना उनके लिए सम्मान की बात होगी।
यह घटना ऐसे समय में आई है जब प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी दोनों ने कैप्टन स्मित की बहादुरी की सार्वजनिक प्रशंसा की है। रेवाच के अनुसार, यह पायलट की कहानी भारत और इजरायल की दोस्ती की 'सच्ची कहानी' है।
मीडिया नैरेटिव पर आपत्ति
अंतरराष्ट्रीय मीडिया में घटना को 'दो पायलटों के बीच लड़ाई' के रूप में पेश किए जाने पर रेवाच ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने इसे "गलत नैरेटिव" बताते हुए कहा कि मीडिया की अपनी जिम्मेदारी है, लेकिन दुर्भाग्य से इस मामले में दोहरे मानदंड देखने को मिल रहे हैं।
रेवाच ने यह भी कहा कि यह नहीं भूलना चाहिए कि हमलावर एक ओमानी सह पायलट था, जिससे इजरायलियों के खिलाफ कट्टरपंथ और नफरत को लेकर गंभीर चिंताएँ उत्पन्न होती हैं। उनके अनुसार, "आतंकवाद के साथ साथ उस नफरत और उकसावे का भी मुकाबला करना ज़रूरी है, जो सोशल मीडिया और अन्य मीडिया प्लेटफॉर्म पर फैल सकता है।"
भारत इजरायल सहयोग और जाँच
आतंकवाद के खिलाफ भारत इजरायल सहयोग पर रेवाच ने कहा कि दोनों देश दशकों से कट्टरपंथी इस्लामी समूहों और आतंकवादी गतिविधियों जैसी समान चुनौतियों का सामना करते रहे हैं और आगे भी मिलकर काम करते रहेंगे।
घटना की जाँच के संदर्भ में रेवाच ने कहा कि इजरायल संयुक्त अरब अमीरात की सरकार और उसकी सुरक्षा प्रक्रियाओं पर पूरा भरोसा करता है, लेकिन सऊदी अधिकारियों से पूरी और पारदर्शी जाँच की उम्मीद रखता है। इस कथित घटना की विस्तृत जाँच के परिणाम अभी आने बाकी हैं।