नेपाल की 'नेशनल वेलनेस टूरिज्म स्ट्रैटेजी 2026-2035': 2030 तक 10,000 पर्यटक और $20-30 मिलियन कमाई का लक्ष्य
सारांश
मुख्य बातें
नेपाल के संस्कृति, पर्यटन और नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने 'नेशनल वेलनेस टूरिज्म स्ट्रैटेजी (2026-2035) और एक्शन प्लान (2026-2030)' की शुरुआत की है, जिसका उद्देश्य नेपाल को वेलनेस, आध्यात्मिक और एडवेंचर टूरिज्म के लिए एक प्रमुख वैश्विक गंतव्य के रूप में स्थापित करना है। इस रणनीति के तहत 2030 के बाद प्रतिवर्ष 10,000 से अधिक वेलनेस पर्यटकों को आकर्षित करने और $20 से $30 मिलियन की विदेशी मुद्रा अर्जित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। पर्वतारोहण और ट्रेकिंग पर दशकों से निर्भर नेपाल के पर्यटन उद्योग के लिए यह एक महत्त्वपूर्ण रणनीतिक बदलाव है।
रणनीति के चार मुख्य स्तंभ
मंत्रालय ने इस रणनीति में चार प्रमुख क्षेत्रों को केंद्र में रखा है: स्पा और मसाज सेवाएँ, आयुर्वेद क्लीनिक, योग व ध्यान, तथा प्राकृतिक उपचार व आध्यात्मिकता। योजना के अनुसार, नेपाल में कम से कम पाँच प्रमुख स्थानों पर इंटीग्रेटेड वेलनेस सेंटर स्थापित किए जाएँगे। इसके साथ ही 'आरोग्य नेपाल' (वेलनेस नेपाल) नाम से एक विशेष मार्केटिंग अभियान भी शुरू किया जाएगा, जो वैश्विक बाज़ार में नेपाल की ब्रांड पहचान को मज़बूत करेगा।
चरणबद्ध विकास की योजना
इस रणनीति को तीन चरणों में लागू किया जाएगा। पहले चरण (2026-27) में 500 से 1,000 विदेशी पर्यटकों को लाकर सुविधाओं का परीक्षण किया जाएगा। दूसरे चरण (2028-29) में अवसंरचना को विस्तार देते हुए 3,000 से 5,000 विदेशी पर्यटकों को आकर्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। 2030 के बाद के तीसरे चरण में नेपाल को वेलनेस टूरिज्म के एक परिपक्व और प्रतिस्पर्धी बाज़ार के रूप में स्थापित करने की परिकल्पना है, जब प्रतिवर्ष 10,000 से अधिक पर्यटक देश में आने लगें।
2027: वेलनेस टूरिज्म वर्ष
नेपाल सरकार ने वर्ष 2027 को आधिकारिक रूप से 'वेलनेस टूरिज्म ईयर' घोषित किया है। इससे पहले 15 अप्रैल को देश ने संयुक्त राष्ट्र द्वारा घोषित पहला 'वर्ल्ड वेलनेस डे' मनाया, जिसमें नेपाल की महत्त्वपूर्ण भूमिका रही। 2027 के अंत तक नेशनल वेलनेस स्टैंडर्ड्स और नियामक ढाँचा तैयार करने के साथ-साथ एक कोड ऑफ कंडक्ट भी लागू किया जाएगा, ताकि सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित हो सके।
नेपाल की अप्रयुक्त क्षमता
मंत्रालय के अनुसार, नेपाल की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, प्राचीन आध्यात्मिक परंपराएँ और अद्वितीय प्राकृतिक वातावरण वेलनेस पर्यटन के लिए असाधारण संभावनाएँ प्रदान करते हैं। यह ऐसे समय में आया है जब वैश्विक वेलनेस पर्यटन उद्योग तीव्र गति से विस्तार कर रहा है, फिर भी मंत्रालय ने स्वीकार किया कि नेपाल की पारंपरिक उपचार पद्धतियों और शांत प्राकृतिक स्थलों का अब तक पूर्ण दोहन नहीं हो पाया है।
सस्टेनेबल टूरिज्म की दिशा में कदम
सरकार का मानना है कि यह रणनीति न केवल पर्यटन उत्पादों में विविधता लाएगी, बल्कि मौसम पर निर्भर एडवेंचर टूरिज्म और पारंपरिक सांस्कृतिक पर्यटन पर अत्यधिक निर्भरता को भी कम करेगी। गौरतलब है कि नेपाल का पर्यटन क्षेत्र ऐतिहासिक रूप से हिमालयी ट्रेकिंग सीज़न पर केंद्रित रहा है, जिससे वर्ष के बड़े हिस्से में आय प्रभावित होती है। वेलनेस टूरिज्म एक वर्षभर चलने वाले विकल्प के रूप में इस असंतुलन को दूर कर सकता है।