स्लोवाकिया ने PM मोदी को दिया सर्वोच्च सम्मान 'ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस', यह उनका 33वाँ अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 15 जून 2025 को ब्रातिस्लावा में स्लोवाकिया के सर्वोच्च राजकीय सम्मान 'ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस (फर्स्ट क्लास)' से विभूषित किया गया। यह किसी विदेशी राष्ट्र द्वारा प्रधानमंत्री मोदी को प्रदान किया गया 33वाँ अंतरराष्ट्रीय सम्मान है, जिसे भारतीय कूटनीति के लिए एक उल्लेखनीय उपलब्धि माना जा रहा है।
सम्मान और आभार
सम्मान प्राप्त करने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, "आज शाम ब्रातिस्लावा में द ऑर्डर ऑफ द व्हाइट डबल क्रॉस (फर्स्ट क्लास) पाकर सम्मानित महसूस कर रहा हूँ। इस सम्मान के लिए स्लोवाकिया के लोगों और सरकार का मैं शुक्रगुजार हूँ, जो भारत के 140 करोड़ लोगों का है। मैं यह अवॉर्ड भारत और स्लोवाकिया के बीच हमेशा रहने वाली दोस्ती को समर्पित करता हूँ।" उन्होंने यह सम्मान दोनों देशों के बीच की गहरी मित्रता को समर्पित किया।
राष्ट्रपति पेलेग्रिनी से द्विपक्षीय वार्ता
इस यात्रा के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने स्लोवाकिया के राष्ट्रपति पीटर पेलेग्रिनी के साथ व्यापक द्विपक्षीय बातचीत की। मोदी ने एक्स पर लिखा, "राष्ट्रपति पेलेग्रिनी के साथ हुई बातचीत में विनिर्माण, परिवहन, नवाचार और निवेश संबंधों, ऊर्जा, जैव ईंधन आदि जैसे विविध विषयों पर चर्चा हुई। डिजिटल प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में सहयोग की अपार संभावनाएँ हैं। हमने जन-जन संबंधों को मजबूत करने पर भी बात की।"
स्लोवाक उद्योगपतियों से मुलाकात और निवेश आमंत्रण
प्रधानमंत्री ने स्लोवाकिया के शीर्ष उद्योगपतियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक में भाग लिया, जिसकी मेजबानी स्लोवाकिया के प्रधानमंत्री रॉबर्ट फित्सो ने की। मोदी ने एक्स पर साझा किया, "हमने आर्थिक संबंधों को मजबूत करने, निवेश प्रवाह बढ़ाने और नवाचार, प्रौद्योगिकी, विनिर्माण और अन्य क्षेत्रों में सहयोग का विस्तार करने पर सार्थक चर्चा की। मैंने भारत की सुधार यात्रा और देश द्वारा प्रदत्त बढ़ते अवसरों पर प्रकाश डाला और स्लोवाकिया की कंपनियों को भारत के साथ अपनी साझेदारी को और गहरा करने के लिए आमंत्रित किया।"
कूटनीतिक महत्व
यह यात्रा भारत-स्लोवाकिया संबंधों के इतिहास में एक नया अध्याय जोड़ती है। गौरतलब है कि स्लोवाकिया मध्य यूरोप में भारत का एक उभरता हुआ साझेदार है और यह सम्मान दोनों देशों के बीच बढ़ते राजनीतिक और आर्थिक जुड़ाव को रेखांकित करता है। यह ऐसे समय में आया है जब भारत यूरोपीय देशों के साथ अपने कूटनीतिक और व्यापारिक संबंधों को नई ऊँचाइयों पर ले जाने में जुटा है।
आगे की राह
प्रधानमंत्री मोदी की इस यात्रा से भारत और स्लोवाकिया के बीच विनिर्माण, डिजिटल प्रौद्योगिकी, ऊर्जा और निवेश के क्षेत्रों में सहयोग के नए द्वार खुलने की उम्मीद है। स्लोवाकिया की कंपनियों का भारत में निवेश बढ़ाने की दिशा में यह यात्रा एक ठोस कदम मानी जा रही है।