स्लोवाकिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से नवाज़े गए PM मोदी, 33वें देश ने किया सम्मानित
सारांश
मुख्य बातें
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को 16 जून 2025 को स्लोवाकिया के सर्वोच्च नागरिक सम्मान से विभूषित किया गया, जिससे स्लोवाकिया उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान देने वाला 33वाँ देश बन गया। प्रधानमंत्री इन दिनों फ्रांस और स्लोवाकिया की आधिकारिक यात्रा पर हैं और इस सम्मान की खबर मिलते ही देशभर के नेताओं ने इसे भारत की बढ़ती वैश्विक प्रतिष्ठा का प्रमाण बताया।
मुख्य घटनाक्रम
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता आरपी सिंह ने कहा कि स्लोवाकिया 33वाँ देश है जिसने प्रधानमंत्री मोदी को अपने सर्वोच्च नागरिक सम्मान से नवाज़ा है। उनके अनुसार, यह उपलब्धि पूरे देश को गर्व महसूस कराती है और हर भारतीय इस सम्मान को अपनी उपलब्धि मान रहा है।
गौरतलब है कि स्लोवाकिया वर्ष 1993 में स्वतंत्र देश बना था और यह पहली बार है जब किसी भारतीय प्रधानमंत्री को वहाँ का सर्वोच्च नागरिक सम्मान प्रदान किया गया है।
नेताओं की प्रतिक्रिया
भारतीय जनता पार्टी (BJP) के राष्ट्रीय महासचिव तरुण चुघ ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी को अब तक दुनिया के विभिन्न देशों द्वारा लगभग तीन दर्जन अंतरराष्ट्रीय सम्मान मिल चुके हैं। उन्होंने कहा, 'आज दुनिया का हर कोना भारत के बढ़ते प्रभाव को स्वीकार कर रहा है और वैश्विक मंच पर भारत की चमक स्पष्ट रूप से दिखाई दे रही है।'
केंद्रीय राज्य मंत्री रामदास आठवले ने इसे भारत के लिए गर्व और सम्मान का विषय बताया। उन्होंने कहा कि स्लोवाकिया के लोगों ने प्रधानमंत्री को भव्य सम्मान दिया है, जो भारत-स्लोवाकिया संबंधों की मजबूती को दर्शाता है।
उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री ओपी राजभर ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी जब भी किसी देश की यात्रा करते हैं, तो वे शांति, सहयोग और सौहार्द का संदेश लेकर जाते हैं। उनके अनुसार, यही कारण है कि उन्हें विश्वभर में सम्मान मिल रहा है।
यूपी सरकार के मंत्री नरेंद्र कुमार कश्यप ने कहा कि लगभग तीन दर्जन देशों ने प्रधानमंत्री मोदी के कार्यों और भारत की बढ़ती वैश्विक पहचान को देखते हुए उनका सम्मान किया है।
वैश्विक संदर्भ और महत्व
यह ऐसे समय में आया है जब भारत अपनी विदेश नीति को नई ऊँचाइयों पर ले जाने की कोशिश कर रहा है। आलोचकों का कहना है कि अंतरराष्ट्रीय सम्मानों की संख्या कूटनीतिक सफलता का एक पहलू है, लेकिन द्विपक्षीय व्यापार और रणनीतिक साझेदारी के ठोस परिणाम भी उतने ही महत्वपूर्ण हैं।
आँकड़ों के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी को अब तक लगभग तीन दर्जन देशों के सर्वोच्च नागरिक सम्मान मिल चुके हैं, जो किसी भी भारतीय प्रधानमंत्री के लिए एक उल्लेखनीय उपलब्धि मानी जा रही है।
आगे की राह
प्रधानमंत्री की इस यूरोप यात्रा से भारत-स्लोवाकिया और भारत-फ्रांस संबंधों में नई गति आने की उम्मीद है। कूटनीतिक हलकों में यह माना जा रहा है कि इस दौरे के बाद दोनों देशों के साथ व्यापार और तकनीकी सहयोग के नए अध्याय खुल सकते हैं।