अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026: दुबई में महिलाओं का योग सत्र, ब्रांडेनबर्ग गेट पर भव्य तैयारी
सारांश
मुख्य बातें
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 से ठीक एक दिन पहले दुबई, बर्लिन और कोपेनहेगन में भारतीय दूतावासों और उच्चायोगों ने विशेष योग सत्र आयोजित किए, जिनमें राजनयिक, स्थानीय अधिकारी और आम नागरिक बड़ी संख्या में शामिल हुए। इस वर्ष की थीम 'योग फॉर हेल्दी एजिंग' — यानी 'स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग' — के इर्द-गिर्द इन आयोजनों को केंद्रित किया गया है।
दुबई: महिलाओं के लिए विशेष सत्र
दुबई स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास की कौंसुल अंकिता वाकेकर ने एमिरेट्स गोल्फ क्लब में महिलाओं, युवतियों और बच्चियों के लिए आयोजित एक विशेष योग सत्र में भाग लिया। इस सत्र का संकल्प था — 'सशक्त महिलाएं, स्वस्थ जीवन और मजबूत समुदाय'।
वाकेकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि इस वर्ष की थीम को ध्यान में रखते हुए आयोजित सत्र में 'जीवन के हर चरण में योग की शक्ति, संतुलन, सुदृढ़ता और समग्र स्वास्थ्य को बढ़ावा देने की क्षमता को प्रदर्शित किया गया।' यह आयोजन इस बात का प्रमाण है कि भारत की योग-विरासत अब खाड़ी देशों में भी गहरी जड़ें जमा चुकी है।
बर्लिन: ब्रांडेनबर्ग गेट पर उत्सव की तैयारी
जर्मनी की राजधानी बर्लिन में 21 जून 2026 को ब्रांडेनबर्ग गेट — जिसे शहर का हृदय स्थल माना जाता है — पर एक भव्य योग कार्यक्रम की तैयारियाँ पूरी हो चुकी हैं। भारतीय दूतावास ने अपने आधिकारिक एक्स अकाउंट पर लिखा, 'अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 में अब सिर्फ एक दिन बाकी है!'
दूतावास के अनुसार इस कार्यक्रम में योग, ध्यान, संस्कृति और सामुदायिक सहभागिता का संगम होगा। ब्रांडेनबर्ग गेट जैसे ऐतिहासिक और प्रतीकात्मक स्थल का चुनाव इस आयोजन को महज एक स्वास्थ्य कार्यक्रम से ऊपर उठाकर एक सांस्कृतिक कूटनीति के रूप में स्थापित करता है।
कोपेनहेगन: डेनिश राजनयिकों ने लिया हिस्सा
डेनमार्क की राजधानी कोपेनहेगन स्थित भारतीय दूतावास ने डेनमार्क के विदेश मंत्रालय में एक विशेष योग सत्र का आयोजन किया। इस सत्र में डेनिश राजनयिकों तथा मंत्रालय के अन्य वरिष्ठ सदस्यों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
दूतावास ने बताया कि इस आयोजन के ज़रिये स्वास्थ्य, मानसिक सजगता (माइंडफुलनेस) और योग की भावना को बढ़ावा दिया गया। यह उल्लेखनीय है कि किसी देश के विदेश मंत्रालय परिसर में इस तरह का आयोजन भारत-डेनमार्क राजनयिक संबंधों की गर्मजोशी को भी रेखांकित करता है।
वैश्विक संदेश और आगे की राह
गौरतलब है कि अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की शुरुआत 2015 में हुई थी, जब संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 21 जून को इस दिवस के रूप में मान्यता दी। तब से हर वर्ष दुनिया भर में भारतीय मिशन इस दिन को एक वैश्विक स्वास्थ्य उत्सव के रूप में मनाते हैं। इस वर्ष की थीम 'स्वस्थ वृद्धावस्था के लिए योग' वैश्विक स्तर पर बढ़ती उम्रदराज़ आबादी की चुनौतियों के मद्देनज़र विशेष रूप से प्रासंगिक है। 21 जून 2026 को दुनिया के दर्जनों देशों में एक साथ होने वाले ये आयोजन भारत की सॉफ्ट पावर का जीवंत उदाहरण बनेंगे।