अग्निवीरों को स्थायी नौकरी के फैसले पर शिवसेना ने सराहा, राहुल गांधी पर झूठा नैरेटिव फैलाने का आरोप
सारांश
मुख्य बातें
शिवसेना प्रवक्ता अरुण सावंत ने 5 नवंबर 2026 को नई दिल्ली में केंद्र सरकार के उस फैसले की सराहना की, जिसके तहत 4 साल की सेवा पूरी करने वाले अग्निवीरों को सेना में स्थायी नौकरी दी जाएगी। सावंत ने कहा कि इस निर्णय से विपक्ष का वह आरोप खारिज हो गया है कि अग्निवीरों को सेवा के बाद बेसहारा छोड़ दिया जाएगा।
अग्निवीर नीति पर सरकार का बड़ा कदम
सावंत ने कहा, 'जो अग्निवीर सेवा कर रहे हैं, उन्हें पहले डर था कि आगे क्या होगा। इसे लेकर देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैबिनेट में मंजूरी दी कि जिस अग्निवीर ने अपनी चार साल की सेवा पूरी कर ली है, उन्हें स्थायी रूप से सेना में ही नौकरी दी जाएगी और स्थायी सेवा करने वालों की मान्यता मिलेगी।' उन्होंने इस फैसले का पूरे महाराष्ट्र की ओर से स्वागत किया और कहा कि यह बेरोज़गारी कम करने की दिशा में एक ठोस कदम है।
महाराष्ट्र के किसानों को ₹7,500 करोड़ की अग्रिम सहायता
सावंत ने महाराष्ट्र सरकार द्वारा किसानों को दी गई ₹7,500 करोड़ की अग्रिम राहत का भी उल्लेख किया। उन्होंने बताया कि बुधवार को ₹3,650 करोड़ किसानों के खातों में डीबीटी के माध्यम से डाले गए, जिसमें प्रति किसान ₹5,000 की दर से राशि दी गई। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह अंतिम नहीं है — केंद्र सरकार की सहायता आने के बाद राज्य सरकार अपने संसाधन जोड़कर और मदद देगी।
दीपावली के मौसम का हवाला देते हुए सावंत ने कहा कि किसानों के घर में त्योहार की खुशी बनी रहे, इसीलिए यह अग्रिम राशि समय पर दी गई। उन्होंने यह भी अनुरोध किया कि किसानों के पशुओं — गाय, भैंस और अन्य पालतू जानवरों — के लिए चारे और पानी की व्यवस्था भी शीघ्र सुनिश्चित की जाए।
राहुल गांधी और विपक्ष पर तीखा प्रहार
कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए सावंत ने आरोप लगाया कि वे 'हर दिन पोस्ट करके या बयान देकर देश और महाराष्ट्र की जनता को गुमराह करने की कोशिश करते हैं।' उन्होंने कहा कि राहुल गांधी एक तरफ लोकतंत्र और चुनावी प्रक्रिया पर सवाल उठाते हैं, लेकिन जब महाराष्ट्र में किसानों और दुग्ध उत्पादकों ने अपनी पसंद के प्रतिनिधियों को चुना और स्वयं गांधी ने भी भारतीय जनता पार्टी (BJP) की हार स्वीकार की, तो यह साबित होता है कि मतदान प्रक्रिया में कोई गड़बड़ी नहीं है।
'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' अभियान
सावंत ने कहा कि महाराष्ट्र में कांग्रेस, राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट) और उद्धव बालासाहेब ठाकरे की शिवसेना 'अराजकता और लोकतंत्र संकट' का नैरेटिव बनाने में जुटी हैं, जो उनके अनुसार तथ्यहीन है। इसका जवाब देने के लिए BJP और शिवसेना मिलकर 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' के नारे के साथ देशभर में रैलियाँ आयोजित कर रहे हैं।
उन्होंने उत्तर प्रदेश में चल रहे अभियानों और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में निकाली जा रही रैलियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसी रैलियाँ हर सप्ताह होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि देश की 150 करोड़ जनता को सच बताना उनका दायित्व है। मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व में महाराष्ट्र सरकार लोकतंत्र को मज़बूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।