अहमदाबाद मानसून तैयारी: एएमसी ने 72,586 कैचपिट में से 64,013 की सफाई पूरी की

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अहमदाबाद मानसून तैयारी: एएमसी ने 72,586 कैचपिट में से 64,013 की सफाई पूरी की

सारांश

अहमदाबाद नगर निगम ने मानसून से पहले 72,586 कैचपिट में से 64,013 की सफाई पूरी कर ली है। वेस्ट जोन में सर्वाधिक 13,131 कैचपिट साफ हुए। तूफानी पानी के मैनहोल के लिए अलग अभियान भी शुरू किया गया है, और मानसून के दौरान सातों जोन में फील्ड टीमें तैनात रहेंगी।

मुख्य बातें

अहमदाबाद नगर निगम (एएमसी) ने मानसून-पूर्व अभियान के पहले चरण में 64,013 कैचपिट की सफाई पूरी कर ली है।
शहर में कुल कैचपिट की संख्या 66,580 से बढ़कर 72,586 हो गई है — नए 6,006 कैचपिट जोड़े गए।
वेस्ट जोन में सर्वाधिक 15,777 कैचपिट हैं; यहाँ 13,131 की सफाई पूरी हुई।
तूफानी पानी के मैनहोल के लिए अलग विशेष अभियान शुरू किया गया है।
मानसून के दौरान सभी इंजीनियरिंग विभाग , स्टॉर्म वॉटर टीमें और फील्ड स्टाफ सातों जोन में सक्रिय रहेंगे।

अहमदाबाद नगर निगम (एएमसी) ने मानसून-पूर्व अभियान के पहले चरण में शहर के 72,586 कैचपिट में से 64,013 की सफाई 14 मई 2026 तक पूरी कर ली है। यह अभियान आगामी मानसून के दौरान जलभराव रोकने और तूफानी पानी की त्वरित निकासी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है।

अभियान का दायरा और आँकड़े

एएमसी के अनुसार, अहमदाबाद में पहले 66,580 कैचपिट चालू थे। हाल ही में 6,006 नए कैचपिट जोड़े गए, जिससे शहर में इनकी कुल संख्या 72,586 हो गई है। पहले चरण में 64,013 कैचपिट की सफाई पूरी की जा चुकी है।

निगम द्वारा जारी जोन-वार आँकड़ों के अनुसार, वेस्ट जोन में सर्वाधिक 15,777 कैचपिट हैं, जहाँ पहले चरण में 13,131 की सफाई हो चुकी है। नॉर्थ वेस्ट जोन में 13,791 कैचपिट हैं, जिनमें से 11,032 साफ किए जा चुके हैं।

जोन-वार सफाई का विवरण

नॉर्थ जोन में कुल 9,891 कैचपिट में से 9,536 साफ किए गए। ईस्ट जोन में 9,461 में से 8,990, साउथ जोन में 9,093 में से 7,534, साउथ वेस्ट जोन में 7,601 में से 7,529 और सेंट्रल जोन में 6,972 में से 6,261 कैचपिट की सफाई पूरी की जा चुकी है।

ड्रेनेज नेटवर्क को मज़बूत करने की योजना

एएमसी ने बताया कि तूफानी पानी के मैनहोल के लिए भी एक विशेष अभियान शुरू किया गया है। भारी बारिश शुरू होने से पहले शहर के ड्रेनेज नेटवर्क को मज़बूत करने के लिए सभी जोन में कैचपिट और स्टॉर्म वॉटर मैनहोल की बड़े पैमाने पर सफाई और निगरानी जारी है।

निगम ने स्पष्ट किया कि बारिश के पानी के बहाव में किसी भी प्रकार की रुकावट न आए, इसके लिए नियमित निगरानी और निवारक रखरखाव को प्राथमिकता दी जा रही है।

मानसून के दौरान तैनाती और आगे की योजना

एएमसी ने कहा है कि मानसून के मौसम में जलभराव की शिकायतों के त्वरित समाधान और ड्रेनेज व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी इंजीनियरिंग विभाग, स्टॉर्म वॉटर टीमें और फील्ड स्टाफ सातों जोन में सक्रिय रहेंगे। मानसून-पूर्व जाँच, लगातार निगरानी और मौके पर तत्काल कार्रवाई के लिए विशेष कार्ययोजना भी तैयार की गई है। यह ऐसे समय में आया है जब अहमदाबाद में पिछले कुछ वर्षों में भारी बारिश के दौरान जलभराव की गंभीर शिकायतें सामने आती रही हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

013 कैचपिट की सफाई का आँकड़ा प्रभावशाली लगता है, लेकिन असली कसौटी यह है कि पहली भारी बारिश में अहमदाबाद की सड़कें कितनी देर तक जलमग्न रहती हैं। पिछले कई वर्षों में एएमसी की मानसून-पूर्व तैयारियों के बावजूद निचले इलाकों में जलभराव की शिकायतें बनी रही हैं। कैचपिट की संख्या बढ़ाना और उनकी सफाई करना ज़रूरी कदम है, लेकिन मुख्य नालों और नदी के किनारों की क्षमता पर डेटा सार्वजनिक नहीं किया गया है। जब तक समग्र ड्रेनेज क्षमता का पारदर्शी आकलन नहीं होता, ये आँकड़े नागरिकों को पूरी तस्वीर नहीं देते।
RashtraPress
14 मई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अहमदाबाद नगर निगम ने मानसून से पहले कितने कैचपिट साफ किए हैं?
एएमसी ने मानसून-पूर्व अभियान के पहले चरण में 72,586 कैचपिट में से 64,013 की सफाई पूरी कर ली है। यह अभियान शहर के सातों जोन में एक साथ चलाया गया।
अहमदाबाद में कुल कितने कैचपिट हैं और नए कितने जोड़े गए?
अहमदाबाद में पहले 66,580 कैचपिट चालू थे। हाल ही में 6,006 नए कैचपिट बनाए गए, जिससे कुल संख्या 72,586 हो गई है।
किस जोन में सबसे ज़्यादा कैचपिट हैं?
वेस्ट जोन में सर्वाधिक 15,777 कैचपिट हैं, जिनमें से 13,131 की सफाई पहले चरण में पूरी हो चुकी है। इसके बाद नॉर्थ वेस्ट जोन में 13,791 कैचपिट हैं।
एएमसी मानसून के दौरान जलभराव से निपटने के लिए क्या व्यवस्था कर रहा है?
एएमसी ने तूफानी पानी के मैनहोल के लिए विशेष अभियान शुरू किया है और सभी इंजीनियरिंग विभाग, स्टॉर्म वॉटर टीमें व फील्ड स्टाफ मानसून के दौरान सातों जोन में सक्रिय रहेंगे। मौके पर तत्काल कार्रवाई के लिए विशेष कार्ययोजना भी तैयार की गई है।
अहमदाबाद में मानसून-पूर्व कैचपिट सफाई अभियान क्यों ज़रूरी है?
अहमदाबाद में भारी बारिश के दौरान जलभराव की शिकायतें पहले भी सामने आती रही हैं। कैचपिट और ड्रेनेज नेटवर्क की सफाई से बारिश के पानी की निकासी तेज़ होती है और सड़कों पर जलजमाव कम होता है।
राष्ट्र प्रेस
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