बिहार: विधायक अनंत सिंह ने चुनावी राजनीति से दूरी बनाने का किया ऐलान
सारांश
Key Takeaways
- अनंत सिंह ने चुनावी राजनीति से दूरी बनाने का निर्णय लिया।
- उनके बच्चे अब चुनाव में भाग लेंगे।
- मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के राज्यसभा जाने का संदर्भ महत्वपूर्ण है।
- राज्यसभा चुनाव में एनडीए और महागठबंधन के बीच प्रतिस्पर्धा जारी है।
पटना, 16 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। बिहार के मोकामा से विधायक अनंत सिंह ने सोमवार को यह स्पष्ट किया कि वे अब चुनाव में भाग नहीं लेंगे। उन्होंने कहा कि उनकी बच्चे अब चुनावी मैदान में उतरेंगे। दरअसल, अनंत सिंह सोमवार को राज्यसभा चुनाव में मतदान करने के लिए जेल से विधानसभा पहुंचे थे।
इस अवसर पर, बाहुबली नेता अनंत सिंह ने मतदान केंद्र पर जाकर वोट डाला और फिर पुनः जेल लौट गए।
मीडिया से बातचीत में उन्होंने सख्त लहजे में कहा कि अब वे कोई चुनाव नहीं लड़ेंगे और उनकी राजनीतिक जिम्मेदारी उनके बड़े बेटे के हाथ में होगी।
अनंत सिंह का यह बयान उस समय आया है जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्यसभा जाने की तैयारी कर रहे हैं। इसीलिए अनंत सिंह की इस घोषणा के कई अर्थ निकाले जा रहे हैं। उन्होंने पहले भी कहा था कि यदि नीतीश कुमार मुख्यमंत्री बने रहने में असफल होते हैं, तो वे सक्रिय राजनीति से अलग हो जाएंगे।
जब पत्रकारों ने नीतीश कुमार के राज्यसभा में जाने के बारे में सवाल किया, तो अनंत सिंह ने कहा, "वे जहां जाना चाहेंगे, जाएंगे।"
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार के राजनीति में आने को लेकर अनंत सिंह ने कहा, "जो होगा अच्छा होगा।"
बिहार के अगले मुख्यमंत्री के बारे में पूछने पर उन्होंने कहा कि इस बारे में कुछ नहीं कहा जा सकता, लेकिन निर्णय नीतीश कुमार ही लेंगे।
अदालत ने अनंत सिंह को राज्यसभा चुनाव में वोट डालने की अनुमति दी थी, जिसके बाद कड़ी सुरक्षा के बीच वे विधानसभा पहुंचे थे।
राज्यसभा चुनाव में पांचवीं सीट को लेकर हलचल बनी हुई है। आंकड़ों के अनुसार, एनडीए को चार सीटों पर जीत की अपेक्षा है, लेकिन पांचवीं सीट के लिए अन्य विधायकों की आवश्यकता है। इसी प्रकार, महागठबंधन के एक प्रत्याशी के लिए भी अन्य दलों के विधायकों की आवश्यकता होगी। एआईएमआईएम ने महागठबंधन को समर्थन देने की घोषणा की है।