अनंतनाग पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट के तहत ₹2.5 करोड़ की दो संपत्तियाँ जब्त, तस्करों पर शिकंजा
सारांश
मुख्य बातें
जम्मू-कश्मीर के अनंतनाग में नशीले पदार्थों की तस्करी से जुड़े वित्तीय नेटवर्क को ध्वस्त करने के लिए अनंतनाग पुलिस ने 31 अक्टूबर 2026 को दो अलग-अलग अभियानों में एनडीपीएस एक्ट के प्रावधानों के तहत आरोपियों की कुल लगभग ₹2.5 करोड़ मूल्य की दो आवासीय संपत्तियाँ जब्त कीं। यह कार्रवाई अवैध नशीले पदार्थों के व्यापार से अर्जित संपत्तियों के खिलाफ पुलिस के निरंतर अभियान का हिस्सा है।
पहली जब्ती: श्रीगुफवारा में ₹1 करोड़ का मकान
पहली कार्रवाई श्रीगुफवारा थाना क्षेत्र में की गई। यहाँ शितिपुरा निवासी असदुल्लाह भट के पुत्र, आरोपी अब्दुल रशीद भट का लगभग ₹1 करोड़ मूल्य का दो मंजिला आवासीय मकान एनडीपीएस एक्ट की धारा 68-एफ के तहत जब्त किया गया। पुलिस के अनुसार, अब्दुल रशीद भट एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/20 और 29 के तहत दर्ज एफआईआर में नामित आरोपी है।
दूसरी जब्ती: आशमुकाम में ₹1.5 करोड़ की इमारत
दूसरी कार्रवाई में आशमुकाम के फ्रस्तवार निवासी मोहम्मद अकरम के पुत्र, आरोपी मोहम्मद यूसुफ उर्फ शब्बीर अहमद की लगभग ₹1.5 करोड़ मूल्य की दो मंजिला आवासीय इमारत जब्त की गई। यह अभियान एसडीपीओ पहलगाम की देखरेख में, इलाके के चौकीदार और नंबरदार की उपस्थिति में संचालित किया गया। यह जब्ती भी एनडीपीएस एक्ट के संबंधित प्रावधानों के तहत अमल में लाई गई।
कुपवाड़ा में भी कार्रवाई: एक किलो चरस बरामद
गौरतलब है कि 28 अक्टूबर 2026 को कुपवाड़ा पुलिस ने भी नशीले पदार्थों के खिलाफ अभियान चलाते हुए लालपोरा थाना क्षेत्र में एक संदिग्ध को गश्त के दौरान रोककर तलाशी ली। तलाशी में उसके पास से लगभग एक किलो चरस जैसा मादक पदार्थ बरामद हुआ। पकड़े गए व्यक्ति की पहचान अब्दुल मजीद खान के रूप में हुई, जो देवर के नाइक मोहल्ला का निवासी और मोहम्मद शफी खान का पुत्र बताया गया है। पुलिस ने उसे मौके पर ही हिरासत में लेकर मादक पदार्थ जब्त कर लिया।
पुलिस की प्रतिबद्धता और आगे की दिशा
अनंतनाग पुलिस ने स्पष्ट किया है कि ये कार्रवाइयाँ नशा तस्करों के वित्तीय आधार को कमज़ोर करने की व्यापक रणनीति का अंग हैं। पुलिस का कहना है कि अवैध नशीले पदार्थों के व्यापार से संचित संपत्तियों को जब्त करके तस्करों की आर्थिक ताकत को तोड़ा जाएगा। यह ऐसे समय में आया है जब जम्मू-कश्मीर के कई जिलों में एनडीपीएस एक्ट के तहत कार्रवाइयों में उल्लेखनीय तेज़ी देखी जा रही है। पुलिस ने नशा मुक्त समाज के निर्माण के अपने संकल्प को दोहराते हुए संकेत दिया है कि यह अभियान आने वाले दिनों में और तीव्र होगा।