अनिल विज बोले — मोदी राज में भारत की अर्थव्यवस्था 14वें से तीसरे स्थान पर पहुँची
सारांश
मुख्य बातें
हरियाणा के ऊर्जा मंत्री अनिल विज ने 23 मई 2026 को अंबाला छावनी स्थित मुसद्दी लाल आर्य गर्ल्स हाई स्कूल के वार्षिक समारोह में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की अर्थव्यवस्था विश्व रैंकिंग में 14वें स्थान से उठकर तीसरे स्थान पर पहुँच चुकी है। उन्होंने इसे देश की उल्लेखनीय आर्थिक यात्रा का प्रमाण बताया।
मुख्य घटनाक्रम
विज ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने वर्ष 2047 तक भारत को एक पूर्ण विकसित राष्ट्र बनाने का संकल्प लिया है और देश उसी दिशा में द्रुत गति से अग्रसर है। उन्होंने कहा कि यह लक्ष्य केवल आर्थिक नहीं, बल्कि सामाजिक और शैक्षणिक उत्थान से भी जुड़ा है।
शिक्षा पर विशेष जोर
ऊर्जा मंत्री ने कहा कि समस्त सेवाओं में शिक्षा देना सर्वोच्च सेवा है। उन्होंने प्राचीन गुरुकुल परंपरा और आधुनिक विद्यालयों के बीच अंतर को रेखांकित करते हुए कहा कि जहाँ आज के स्कूल बच्चों को साक्षर और दक्ष बनाते हैं, वहीं गुरुकुलों में नैतिक एवं सांस्कृतिक मूल्यों की नींव भी रखी जाती थी। उन्होंने शैक्षणिक संस्थानों को भविष्य की चुनौतियों के लिए युवा पीढ़ी को तैयार करने वाली धुरी बताया।
बालिका शिक्षा को सराहा
विज ने कहा कि बेटियों को शिक्षित करना समाज की सबसे बड़ी सेवा है। उन्होंने मुसद्दी लाल आर्य गर्ल्स हाई स्कूल की इस भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि बालिकाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने से बड़ा कोई पुण्य नहीं। कार्यक्रम में छात्राओं द्वारा प्रस्तुत सांस्कृतिक कार्यक्रमों की भी उन्होंने भूरि-भूरि प्रशंसा की।
अंबाला छावनी में शहीद स्मारक का ऐलान
विज ने बताया कि अंबाला छावनी में देश के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम 1857 को समर्पित एक राष्ट्रीय स्तर का शहीद स्मारक निर्माणाधीन है। उन्होंने कहा कि इस स्मारक का उद्घाटन शीघ्र ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों हो सकता है। उन्होंने खुद को जनता का 'चौकीदार' बताते हुए कहा कि सरकार द्वारा दिया जाने वाला सहयोग वास्तव में जनता का विश्वास और धन है, और अंबाला छावनी में हुए विकास कार्य इसी जनशक्ति का परिणाम हैं।
गौरतलब है कि यह बयान ऐसे समय में आया है जब केंद्र सरकार 'विकसित भारत 2047' के एजेंडे को व्यापक जन-संवाद के ज़रिये आगे बढ़ा रही है और राज्य स्तरीय नेता इसे ज़मीनी स्तर पर प्रचारित करने में जुटे हैं।