14 जुलाई 2026
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अन्नपूर्णा भंडार विवाद: भाजपा नेता राहुल सिन्हा बोले — 'टीएमसी चुप रहे, 30 लाख अवैध लाभार्थियों की होगी जाँच'

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अन्नपूर्णा भंडार विवाद: भाजपा नेता राहुल सिन्हा बोले — 'टीएमसी चुप रहे, 30 लाख अवैध लाभार्थियों की होगी जाँच'

सारांश

पश्चिम बंगाल में अन्नपूर्णा भंडार योजना पर सियासी जंग छिड़ गई है। भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने TMC को चेताया कि 30 लाख कथित अवैध लाभार्थियों की जाँच होगी और दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। 12 पन्नों के फॉर्म पर TMC का पलटवार जारी है।

मुख्य बातें

भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने 30 मई को TMC पर तीखा हमला करते हुए कहा कि अन्नपूर्णा भंडार पर बोलने का उनका कोई अधिकार नहीं।
नई भाजपा सरकार का दावा — पिछली TMC सरकार के कार्यकाल में लगभग 30 लाख अवैध लाभार्थियों को लक्ष्मी भंडार योजना का लाभ मिला।
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने अवैध लाभार्थियों की जाँच और नई आवेदन प्रक्रिया शुरू करने की घोषणा की।
तृणमूल कांग्रेस (TMC) ने 12 पन्नों के आवेदन फॉर्म को लेकर आरोप लगाया कि सरकार लाभार्थियों की संख्या जानबूझकर घटाना चाहती है।
राहुल सिन्हा ने कहा कि कथित अवैध बांग्लादेशी नागरिकों को चुन-चुनकर वापस भेजने का काम जारी रहेगा।

पश्चिम बंगाल में अन्नपूर्णा भंडार योजना को लेकर राजनीतिक तनाव तेज़ हो गया है। भारतीय जनता पार्टी (BJP) के वरिष्ठ नेता राहुल सिन्हा ने 30 मई को तृणमूल कांग्रेस (TMC) के आरोपों पर कड़ा पलटवार करते हुए कहा कि यदि TMC इस मुद्दे पर चुप रहे, तो उनके लिए यही बेहतर होगा। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछली TMC सरकार के कार्यकाल में लगभग 30 लाख अवैध लाभार्थियों को योजना का लाभ दिया गया।

भाजपा का पलटवार

राहुल सिन्हा ने कहा, 'टीएमसी का अन्नपूर्णा भंडार स्कीम पर बोलने का कोई अधिकार नहीं है। जिस पार्टी ने 'लक्ष्मी भंडार' का नाम रखकर योजना का फायदा घुसपैठियों को दिया।' उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि TMC सरकार ने कई जगहों पर पुरुषों को भी इस योजना का लाभ दिलाया, जो कि नियमों के विरुद्ध था।

सिन्हा ने स्पष्ट किया, 'हमारी सरकार उन सभी की छानबीन कर रही है। जिसने जनता के पैसे को इस तरह चोरी किया है, उन सभी को हिरासत में लिया जाएगा। इसलिए टीएमसी इस विषय पर चुप रहेगी, तो उनके लिए मंगल होगा।'

30 लाख अवैध लाभार्थियों का दावा

नई भाजपा सरकार ने पिछली TMC सरकार के कार्यकाल में लगभग 30 लाख अवैध लाभार्थियों को मासिक राशि मिलने का हवाला दिया है। मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने भी पहले कहा था कि ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पिछली सरकार द्वारा शुरू की गई लक्ष्मी भंडार योजना के तहत इन अवैध लाभार्थियों को धन वितरित किया जाता रहा। इसी के मद्देनज़र नई आवेदन प्रक्रिया शुरू की गई है।

टीएमसी का पलटवार — 12 पन्नों का फॉर्म विवाद

हालाँकि, तृणमूल कांग्रेस (TMC) नई आवेदन प्रक्रिया में 12 पन्नों के फॉर्म को लेकर सरकार पर हमलावर है। TMC का आरोप है कि भाजपा सरकार जानबूझकर आवेदन प्रक्रिया को जटिल बनाकर अन्नपूर्णा भंडार के लाभार्थियों की संख्या घटाना चाहती है। यह विवाद ऐसे समय में उभरा है जब राज्य में नई सरकार अपनी कल्याणकारी योजनाओं की समीक्षा कर रही है।

बांग्लादेशी नागरिकों पर भाजपा का रुख

बंगाल में कथित तौर पर अवैध रूप से रह रहे बांग्लादेशी नागरिकों के मुद्दे पर राहुल सिन्हा ने कहा, 'सरकार स्पष्ट कर चुकी है कि बांग्लादेशी नागरिकों को अपने देश वापस लौट जाना चाहिए, अन्यथा कार्रवाई की जाएगी।' उन्होंने दावा किया कि कुछ लोग बांग्लादेश सीमा की ओर न जाकर अन्य राज्यों में जा रहे हैं, लेकिन सरकार उन्हें 'चुन-चुनकर' वापस भेजेगी।

सिन्हा ने यह भी कहा कि पश्चिम बंगाल सरकार भारत को कथित अवैध बांग्लादेशी नागरिकों और रोहिंग्याओं से मुक्त कराने के प्रयास कर रही है, और केंद्रीय गृह मंत्री पहले ही इसी तरह के राष्ट्रव्यापी अभियान का ऐलान कर चुके हैं। यह मामला आने वाले दिनों में और राजनीतिक रंग लेने की संभावना है, क्योंकि दोनों पक्ष अपनी-अपनी स्थिति मज़बूत करने में जुटे हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

क्योंकि बिना स्वतंत्र ऑडिट के यह संख्या राजनीतिक आख्यान बन सकती है। 12 पन्नों का फॉर्म यदि वास्तव में जटिल है, तो यह असली ज़रूरतमंद लाभार्थियों को बाहर कर सकता है — जो भाजपा के 'सुशासन' के दावे को ही कमज़ोर करेगा। मुख्यधारा की कवरेज बयानबाज़ी पर टिकी है; असली सवाल यह है कि जाँच कब पूरी होगी और परिणाम सार्वजनिक कब किए जाएँगे।
RashtraPress
14 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

अन्नपूर्णा भंडार योजना क्या है और यह विवाद क्यों है?
अन्नपूर्णा भंडार पश्चिम बंगाल की नई भाजपा सरकार की कल्याण योजना है, जो पिछली TMC सरकार की लक्ष्मी भंडार योजना की जगह लाई गई है। विवाद इसलिए है क्योंकि भाजपा ने पुरानी योजना में लगभग 30 लाख अवैध लाभार्थियों का दावा किया है और नई आवेदन प्रक्रिया पर TMC ने सवाल उठाए हैं।
भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने TMC पर क्या आरोप लगाए?
राहुल सिन्हा ने आरोप लगाया कि TMC सरकार ने लक्ष्मी भंडार योजना का लाभ घुसपैठियों और पुरुषों को भी दिलाया, जो नियमों के विरुद्ध था। उन्होंने कहा कि सभी अवैध लाभार्थियों की जाँच होगी और दोषियों को हिरासत में लिया जाएगा।
TMC ने नई आवेदन प्रक्रिया पर क्या आपत्ति जताई है?
TMC का कहना है कि 12 पन्नों का आवेदन फॉर्म अनावश्यक रूप से जटिल है और इसका उद्देश्य अन्नपूर्णा भंडार के लाभार्थियों की संख्या घटाना है। पार्टी का आरोप है कि भाजपा सरकार जानबूझकर पात्र महिलाओं को योजना से बाहर करना चाहती है।
30 लाख अवैध लाभार्थियों का दावा कहाँ से आया?
मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने दावा किया कि ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली पिछली सरकार के कार्यकाल में लक्ष्मी भंडार योजना के तहत लगभग 30 लाख अवैध लाभार्थियों को मासिक राशि मिल रही थी। हालाँकि, इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।
बांग्लादेशी नागरिकों के मुद्दे पर भाजपा का क्या रुख है?
भाजपा नेता राहुल सिन्हा ने कहा कि पश्चिम बंगाल सरकार कथित अवैध बांग्लादेशी नागरिकों को चुन-चुनकर वापस भेजने का काम करेगी। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री पहले ही इसी तरह के राष्ट्रव्यापी अभियान का ऐलान कर चुके हैं।
राष्ट्र प्रेस
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