तृणमूल के 15 साल: CM सुवेंदु अधिकारी बोले — भ्रष्टाचार हर विभाग में, ब्रिगेड परेड ग्राउंड में बनानी होगी नई जेल
सारांश
मुख्य बातें
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने रविवार, 7 जून 2026 को कोलकाता के न्यू टाउन में भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक कार्यक्रम में कहा कि 2011 से 2026 तक तृणमूल कांग्रेस (TMC) के 15 वर्षीय शासन में भ्रष्टाचार राज्य प्रशासन की हर कड़ी में गहराई तक समा गया था। उन्होंने चेतावनी दी कि भ्रष्टाचार के मामलों की बाढ़ इतनी बड़ी है कि मौजूदा सुधारगृह नाकाफी पड़ सकते हैं।
मुख्य घटनाक्रम
मुख्यमंत्री अधिकारी ने कार्यक्रम में कहा, 'जैसे-जैसे हम शासन में आगे बढ़ रहे हैं, तृणमूल शासनकाल के दौरान फैले भ्रष्टाचार के मामले प्रशासनिक कामकाज के हर क्षेत्र में सामने आ रहे हैं।' उन्होंने आगे कहा कि स्थिति इतनी गंभीर है कि राज्य के मौजूदा सुधारगृहों में जगह नहीं बचेगी और कोलकाता के ब्रिगेड परेड ग्राउंड में एक अलग जेल बनानी होगी।
यह ऐसे समय में आया है जब नई BJP सरकार सत्ता संभालने के बाद विभिन्न सरकारी योजनाओं और विभागों की समीक्षा कर रही है और कथित अनियमितताओं की जाँच शुरू हो चुकी है।
लक्ष्मी भंडार योजना में कथित भ्रष्टाचार
अधिकारी ने पूर्ववर्ती TMC सरकार की लक्ष्मी भंडार मासिक भत्ता योजना को भ्रष्टाचार के एक ठोस उदाहरण के रूप में पेश किया। उन्होंने बताया कि जब नई सरकार ने इसे अन्नपूर्णा योजना से बदला, तब जाँच में सामने आया कि पुरानी योजना में 27 लाख ऐसे लाभार्थियों के नाम थे जो मतदाता सूची में दर्ज नहीं थे। इसके अलावा, लगभग 3 लाख पुरुष भी इस महिला-केंद्रित योजना के तहत लाभ उठा रहे थे, जबकि मूल योजना में 22 लाख लाभार्थी दर्ज थे।
गौरतलब है कि लक्ष्मी भंडार योजना TMC सरकार की एक प्रमुख जन-कल्याण पहल थी, जिसे बड़े पैमाने पर महिला मतदाताओं को आकर्षित करने का श्रेय दिया जाता था। इन आँकड़ों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी बाकी है।
सामूहिक नेतृत्व पर जोर
मुख्यमंत्री ने BJP कार्यकर्ताओं को एकजुटता का संदेश देते हुए कहा, 'मैंने पहले भी कहा था कि यह 'हम' होंगे, 'मैं' नहीं। आज मैं फिर से यही कह रहा हूं।' उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल की राजनीति बारह महीने चलती है और यहाँ की राजनीतिक परिस्थितियाँ अन्य राज्यों से भिन्न हैं, इसलिए पार्टी के भीतर मज़बूत संबंध और अनुशासन अनिवार्य है।
उन्होंने यह भी दावा किया कि पश्चिम बंगाल की जनता को अगले 50 वर्षों तक नई सरकार के पारदर्शी कामकाज का लाभ मिलेगा — और BJP की विचारधारा, प्रधानमंत्री का आश्वासन तथा जनता की अपेक्षाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी।
आगे क्या होगा
राज्य सरकार ने संकेत दिया है कि TMC शासनकाल की योजनाओं और विभागों की व्यापक समीक्षा जारी रहेगी। भ्रष्टाचार के मामलों में कार्रवाई की गति और पारदर्शिता ही यह तय करेगी कि अधिकारी के दावे राजनीतिक बयानबाजी से आगे जाते हैं या नहीं।