अरुणाचल प्रदेश में दो नए मेडिकल कॉलेज खुलेंगे, TRIHMS में MBBS सीटें 50 से बढ़कर 100 हुईं: CM पेमा खांडू
सारांश
मुख्य बातें
अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने रविवार, 4 अक्टूबर 2026 को घोषणा की कि राज्य में जल्द ही दो नए मेडिकल कॉलेज स्थापित किए जाएंगे, और टोमो रिबा इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ एंड मेडिकल साइंसेज (TRIHMS) में एमबीबीएस सीटें पिछले दो वर्षों में 50 से बढ़कर 100 हो गई हैं। यह ऐलान इटानगर स्थित रामकृष्ण मिशन अस्पताल में एक कार्यक्रम के दौरान किया गया, जो पूर्वोत्तर भारत के इस पर्वतीय राज्य की स्वास्थ्य अवसंरचना में एक महत्वपूर्ण विस्तार का संकेत है।
नए मेडिकल कॉलेजों की योजना
मुख्यमंत्री खांडू ने बताया कि राज्य नामसाई में दूसरा मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की तैयारी में है, जिसका निर्माण कार्य शीघ्र आरंभ होने की उम्मीद है। इसके अतिरिक्त, पश्चिम कामेंग-तवांग क्षेत्र में लगभग 150 छात्रों की प्रवेश क्षमता वाला तीसरा मेडिकल कॉलेज सार्वजनिक-निजी भागीदारी (PPP) मॉडल के तहत योजनाबद्ध किया जा रहा है।
उन्होंने बताया कि दिल्ली से निवेशकों का एक प्रतिनिधिमंडल प्रस्तावित स्थल का निरीक्षण करने और संबंधित विभाग के साथ विचार-विमर्श करने वाला है। यह ऐसे समय में आया है जब अरुणाचल प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा की पहुँच बढ़ाना राज्य सरकार की प्राथमिकता बनी हुई है।
रामकृष्ण मिशन अस्पताल में उद्घाटन
मुख्यमंत्री ने इटानगर स्थित रामकृष्ण मिशन अस्पताल में 33 किलोवाट के समर्पित विद्युत उपकेंद्र और विवेकानंद भवन चरण-दो स्टाफ क्वार्टर का उद्घाटन किया। उन्होंने अरुणाचल प्रदेश में संस्थान की स्वास्थ्य सेवा और शिक्षा संबंधी पहलों को सुदृढ़ करने के लिए राज्य सरकार का निरंतर समर्थन सुनिश्चित किया।
इस अवसर पर खांडू ने रामकृष्ण मिशन के राज्य के साथ दीर्घकालिक संबंध को स्मरण किया, जिसकी नींव 1966 में आलो में एक विद्यालय की स्थापना से पड़ी, इसके बाद नरोत्तम नगर में मिशन विस्तार और 1978-79 में इटानगर में अस्पताल की स्थापना हुई। उन्होंने कहा कि मिशन संस्थानों में शिक्षित छात्रों की कई पीढ़ियाँ सार्वजनिक जीवन और सरकारी सेवा में महत्वपूर्ण पदों पर पहुँची हैं।
उच्च शिक्षा में रामकृष्ण मिशन की भूमिका
खांडू ने बताया कि उन्होंने हाल ही में रामकृष्ण मिशन के अधिकारियों से अरुणाचल प्रदेश में उच्च शिक्षा के क्षेत्र में प्रवेश करने का आग्रह किया था। मिशन नेतृत्व के साथ चर्चा के पश्चात, आलो और नरोत्तम नगर में दो कॉलेजों के लिए सैद्धांतिक स्वीकृति दे दी गई है।
सरकार मौजूदा बुनियादी ढाँचे का उपयोग कर इन संस्थानों को शीघ्रता से क्रियान्वित करने की संभावना तलाश रही है। पूर्वी कामेंग ज़िले के लामदुंग में रामकृष्ण मिशन द्वारा स्थापित शैक्षणिक संस्थान की भी मुख्यमंत्री ने प्रशंसा की, जिससे पश्चिमी अरुणाचल प्रदेश में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की कमी को दूर करने में सहायता मिलेगी।
अस्पताल विस्तार और अवसंरचना
खांडू ने कहा कि रामकृष्ण मिशन अस्पताल के आगामी 200 बिस्तरों के विस्तार से राज्य में स्वास्थ्य सेवा वितरण में उल्लेखनीय योगदान मिलेगा। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि अस्पताल में कई कर्मचारियों और डॉक्टरों के आवास 1970 और 1980 के दशक के हैं और उनकी स्थिति सुधार की माँग करती है।
इसके साथ ही उन्होंने इटानगर-नाहरलागुन के तेज़ शहरीकरण के मद्देनज़र जल अवसंरचना की अग्रिम योजना पर ज़ोर दिया। राज्य ने राजधानी क्षेत्र के लिए एक बड़ी जल आपूर्ति परियोजना का प्रस्ताव तैयार कर केंद्र सरकार को प्रस्तुत कर दिया है। आने वाले वर्षों में अरुणाचल प्रदेश की स्वास्थ्य और शिक्षा अवसंरचना में इन योजनाओं का क्रियान्वयन राज्य के विकास की दिशा तय करेगा।