अशोक सिंघल जयंती 2026: गडकरी, योगी समेत कई नेताओं ने VHP नेता को दी श्रद्धांजलि
सारांश
मुख्य बातें
विश्व हिंदू परिषद (VHP) के पूर्व अंतरराष्ट्रीय अध्यक्ष और श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के प्रमुख सूत्रधार अशोक सिंघल की जयंती पर 27 सितंबर 2026 को देशभर के केंद्रीय मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों ने उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की। सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी, केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल और मनोहर लाल सहित उत्तर प्रदेश, बिहार, राजस्थान, दिल्ली और उत्तराखंड के मुख्यमंत्रियों ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी भावनाएँ व्यक्त कीं।
केंद्रीय मंत्रियों की श्रद्धांजलि
सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने एक्स पर लिखा, 'विश्व हिंदू परिषद के शिखर पुरुष अशोक सिंघल की जयंती पर उन्हें विनम्र अभिवादन।' केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने सिंघल को 'श्रीराम जन्मभूमि मुक्ति आंदोलन के प्रमुख सूत्रधार' बताते हुए कहा कि सनातन संस्कृति के जागरण और प्रभु श्री राम के भव्य मंदिर निर्माण के संकल्प को जन-आंदोलन बनाने में उनका योगदान 'युगों-युगों तक स्मरणीय रहेगा।'
केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल ने उन्हें 'राष्ट्र के सांस्कृतिक गौरव को पुनर्स्थापित करने के लिए संपूर्ण जीवन होम कर देने वाले श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के ध्वजवाहक' के रूप में स्मरण किया।
मुख्यमंत्रियों ने भी जताई भावनाएँ
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक्स पर लिखा कि अशोक सिंघल का तपस्वी जीवन 'राम, राष्ट्र एवं सनातन संस्कृति' के प्रति समर्पित था और सांस्कृतिक स्वाभिमान की 'अमिट प्रेरणा' बना रहेगा। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने उन्हें 'श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन के प्रमुख ध्वजवाहक' बताते हुए श्रद्धासुमन अर्पित किए।
राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता और उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने भी एक्स पर सिंघल की जयंती पर श्रद्धांजलि देते हुए समाज में सांस्कृतिक चेतना जगाने के उनके प्रयासों को रेखांकित किया।
जन्मशताब्दी वर्ष में विशेष महत्व
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने इस अवसर को 'जन्मशताब्दी का पावन अवसर' बताते हुए कहा कि 'आज अयोध्या में प्रभु श्रीराम जी का भव्य मंदिर उनके उसी जीवन-संकल्प और निस्वार्थ तपस्या की साकार अभिव्यक्ति है।' भारतीय जनता पार्टी (BJP) के सांसद अरुण गोविल ने भी एक्स पर पोस्ट कर सिंघल के योगदान को 'युगों-युगों तक स्मरणीय' बताया।
अशोक सिंघल: संक्षिप्त परिचय
अशोक सिंघल विश्व हिंदू परिषद (VHP) के दीर्घकालीन नेता थे, जिन्होंने श्रीराम जन्मभूमि आंदोलन को राष्ट्रीय स्तर पर संगठित करने में केंद्रीय भूमिका निभाई। उनके नेतृत्व में VHP ने अयोध्या मंदिर निर्माण के लिए व्यापक जनजागरण अभियान चलाया, जो बाद में 22 जनवरी 2024 को राम मंदिर की प्राण-प्रतिष्ठा के साथ पूरा हुआ। गौरतलब है कि उनके प्रयासों को देश के सांस्कृतिक और धार्मिक इतिहास में एक महत्वपूर्ण अध्याय के रूप में देखा जाता है। उनकी जयंती प्रतिवर्ष राष्ट्रीय स्तर पर स्मरण की जाती है, किंतु इस वर्ष जन्मशताब्दी के अवसर पर श्रद्धांजलि का स्वर विशेष रूप से व्यापक रहा।