अयोध्या में ₹290 करोड़ की 245 परियोजनाएँ लॉन्च, CM योगी बोले — रामभक्तों पर अब कोई गोली नहीं चला सकता
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 19 जून 2026 को अयोध्या नगर निगम में ₹290 करोड़ से अधिक की 245 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि अयोध्या अब उपेक्षित और तिरस्कृत नहीं है — आज कोई रामभक्तों पर लाठी-गोली नहीं चला सकता और न ही प्रभु श्रीराम के अस्तित्व पर अंगुली उठा सकता है।
मुख्य घटनाक्रम
मुख्यमंत्री ने रामायण वैक्स म्यूजियम और जोनल कार्यालय भवन का भी लोकार्पण किया। साथ ही उन्होंने नगर निगम की विकास पुस्तिका का विमोचन किया और म्यूजियम का अवलोकन किया। परियोजनाओं में इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम, ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम, अमृत स्कीम के तहत कार्य, सौंदर्यीकरण और स्मार्ट सिटी घटक शामिल हैं।
योगी ने बताया कि 31 मई को नगर निगम ने महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी के नेतृत्व में स्वच्छता का विशेष अभियान चलाया था, जिसमें हजारों लोग गलियों और मोहल्लों में जुड़े थे।
अयोध्या के बदलाव की कहानी
मुख्यमंत्री ने याद किया कि 40 वर्ष पहले जब उन्हें अयोध्या में दर्शन का अवसर मिला, तब वहाँ की स्थिति देखकर मन को ठेस पहुँची थी। उन्होंने कहा, 'वह समय रामजन्मभूमि आंदोलन का था। संघर्षों के साये में सन्नाटा था, लोग भयभीत थे और सरकारों की मंशा अच्छी नहीं थी।'
2017 में जब उन्होंने सरकार की बागडोर संभाली, तब अयोध्या में संकरी गलियाँ, गंदगी का अंबार और केवल पाँच-छह घंटे की बिजली उपलब्ध थी। राम की पैड़ी में सरयू का जल ठहरा हुआ था। उन्होंने कहा कि उसी वर्ष दीपोत्सव का आयोजन शुरू हुआ, जिसमें आज लाखों लोग सहभागी बनते हैं।
उन्होंने यह भी रेखांकित किया कि गोरक्षपीठ की तीन-तीन पीढ़ियाँ रामजन्मभूमि आंदोलन से जुड़ी थीं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सानिध्य में भगवान रामलला के भव्य मंदिर का निर्माण संपन्न हुआ।
अयोध्या का बुनियादी ढाँचा
मुख्यमंत्री ने बताया कि अयोध्या अब चारों ओर से फोरलेन सड़कों और रेलवे डबल लाइन से जुड़ चुकी है। अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट का निर्माण भी पूर्ण हो चुका है। शहर सोलर सिटी बन गई है और देश-दुनिया के सनातन धर्मावलंबी यहाँ आ रहे हैं।
उन्होंने बताया कि अयोध्या के विकास के लिए सरकार ने ₹35,000 करोड़ से अधिक की परियोजनाएँ स्वीकृत की हैं। नगर निगम ने पीपीपी मोड पर रामायण वैक्स म्यूजियम का निर्माण किया है। प्रयागराज महाकुंभ के दौरान स्क्रैप सामग्री से निर्मित द्वादश ज्योतिर्लिंग की प्रतिकृति वाले शिवालिक पार्क की आय उसकी निर्माण लागत से अधिक रही।
सीएम की चेतावनी और आह्वान
योगी ने कहा कि जो लोग कभी महर्षि वाल्मीकि के नाम से चिढ़ते थे और भक्तों पर लाठी-गोली चलाते थे, वे आज भी समाज में जहर घोलकर अयोध्या को बदनाम करने की साजिश कर रहे हैं। उन्होंने नागरिकों से अयोध्या की स्वच्छता और सौंदर्यीकरण बनाए रखने का आह्वान किया।
उन्होंने अल-नीनो के प्रभाव से संभावित जल संकट की चेतावनी देते हुए जल संरक्षण और 'एक पेड़ मां के नाम' अभियान के तहत छायादार, फलदार, औषधीय और इमारती लकड़ी वाले पौधे लगाने का आग्रह किया। उन्होंने रामायणकालीन वाटिका स्थापित करने का भी सुझाव दिया।
सम्मान और आगे की योजना
मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट कार्य करने वाली सफाई कर्मचारियों — ललिता देवी, रागिनी और गीता देवी — का सम्मान किया। उन्होंने कहा कि योजनाओं की समीक्षा और नई कार्ययोजना के लिए वे जल्द ही अयोध्या फिर आएँगे। सार्वजनिक संपत्तियों के संरक्षण के लिए जन-जागरूकता बढ़ाने पर भी बल दिया, ताकि भावी पीढ़ी इनका लाभ उठा सके।