आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन: 100 करोड़ हेल्थ रिकॉर्ड आभा से लिंक, 15 महीनों में दोगुनी हुई संख्या
सारांश
मुख्य बातें
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) ने 22 मई 2026 को एक ऐतिहासिक पड़ाव पार किया — 100 करोड़ से अधिक हेल्थ रिकॉर्ड अब आयुष्मान भारत हेल्थ अकाउंट (आभा) से लिंक हो चुके हैं। स्वास्थ्य और परिवार कल्याण मंत्रालय के अंतर्गत राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (NHA) द्वारा लागू इस मिशन ने फरवरी 2025 में 50 करोड़ रिकॉर्ड के आँकड़े से महज 15 महीनों में यह संख्या दोगुनी कर दी है।
मुख्य उपलब्धि और विकास की रफ्तार
मंत्रालय के आधिकारिक बयान के अनुसार, अब हर दो से तीन महीनों में लगभग 10 करोड़ नए हेल्थ रिकॉर्ड आभा से जोड़े जा रहे हैं। यह गति उल्लेखनीय है — मिशन की शुरुआत में जहाँ 1,000 से भी कम रिकॉर्ड लिंक थे, वहीं आज यह संख्या 100 करोड़ के पार जा चुकी है। मंत्रालय के बयान में कहा गया है कि इससे ABDM विश्व के सबसे बड़े डिजिटल स्वास्थ्य इकोसिस्टम में से एक बन गया है।
अग्रणी राज्यों का प्रदर्शन
हिंदी भाषी राज्यों ने इस अभियान में विशेष सक्रियता दिखाई है। बिहार, उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और गुजरात ने हेल्थ रिकॉर्ड लिंकिंग में बेहतर प्रदर्शन किया है। गौरतलब है कि ये वे राज्य हैं जहाँ स्वास्थ्य सेवाओं की डिजिटल पहुँच पारंपरिक रूप से सीमित रही है, जो इस उपलब्धि को और अधिक महत्वपूर्ण बनाता है।
आभा की भूमिका और इकोसिस्टम का विस्तार
आभा एक अद्वितीय डिजिटल स्वास्थ्य पहचान के रूप में कार्य करता है, जो नागरिकों को अस्पतालों, क्लीनिकों, प्रयोगशालाओं और अन्य स्वास्थ्य सेवा प्रदाताओं के बीच अपने रिकॉर्ड सुरक्षित रूप से साझा करने और उन तक पहुँचने में सक्षम बनाता है। फिलहाल 450 से अधिक सार्वजनिक और निजी स्वास्थ्य प्रौद्योगिकी समाधान ABDM इकोसिस्टम के साथ एकीकृत हो चुके हैं। यह एकीकरण सरकारी स्वास्थ्य कार्यक्रमों, राज्य प्लेटफॉर्म और निजी स्वास्थ्य-तकनीक भागीदारों को एक साझा ढाँचे में जोड़ता है।
विशेषज्ञ की राय
राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण के सीईओ डॉ. सुनील कुमार बर्नवाल ने इस उपलब्धि पर कहा, "100 करोड़ से ज़्यादा हेल्थ रिकॉर्ड को आभा से जोड़ना, आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के सफर में एक अहम पड़ाव है। यह सरकारी कार्यक्रमों, राज्यों, स्वास्थ्य केंद्रों और निजी टेक्नोलॉजी पार्टनर्स के बीच डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के बढ़ते इस्तेमाल को दिखाता है। आभा से जुड़े हेल्थ रिकॉर्ड नागरिकों को उनकी स्वास्थ्य जानकारी तक सुरक्षित और सहमति-आधारित पहुँच देकर उन्हें सशक्त बनाते हैं, और पूरे हेल्थकेयर सिस्टम में इलाज की निरंतरता को बनाए रखने में मदद करते हैं।"
आगे की राह
यह उपलब्धि एक एकीकृत, नागरिक-केंद्रित और अंतर-संचालनीय डिजिटल स्वास्थ्य इकोसिस्टम की दिशा में भारत की प्रगति को रेखांकित करती है। यह ऐसे समय में आई है जब देश की स्वास्थ्य सेवा प्रणाली पर सार्वभौमिक कवरेज और डेटा-संचालित देखभाल के लिए दबाव बढ़ रहा है। अगले चरण में रिकॉर्ड की गुणवत्ता, डेटा सुरक्षा और ग्रामीण क्षेत्रों में पहुँच सुनिश्चित करना प्रमुख परीक्षा होगी।