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जंतर-मंतर विवाद: पीएम मोदी ने छात्रों को माफ किया, भाजपा बोली — 'युवा उनके दिल में हैं'

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जंतर-मंतर विवाद: पीएम मोदी ने छात्रों को माफ किया, भाजपा बोली — 'युवा उनके दिल में हैं'

सारांश

जंतर-मंतर पर अपशब्दों का सामना करने के बाद पीएम मोदी ने वीडियो संदेश में सभी युवाओं को माफ करते हुए कहा — 'इस पीढ़ी को समझाना होगा।' भाजपा नेताओं ने इसे प्रधानमंत्री की उदारता बताया, जबकि कांग्रेस पर आंदोलन को हाईजैक करने का आरोप लगाया।

मुख्य बातें

जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन के दौरान पीएम मोदी के खिलाफ अपशब्दों के प्रयोग पर सोशल मीडिया पर व्यापक आक्रोश फैला।
प्रधानमंत्री मोदी ने वीडियो संदेश के ज़रिए अपशब्द कहने वाले सभी युवाओं को सार्वजनिक रूप से माफ किया।
एक महिला वकील की शिकायत पर ज़ीरो एफआईआर दर्ज की गई — BJP प्रवक्ता आरपी सिंह के अनुसार।
BJP सांसद गुलाम अली खटाना ने मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल में युवाओं के लिए किए गए कार्यों का उल्लेख किया।
BJP ने कांग्रेस पर आंदोलन में 'असामाजिक तत्व' लाने और उसे 'हाईजैक' करने का आरोप लगाया।

नई दिल्ली में 1 अगस्त को भारतीय जनता पार्टी (BJP) के कई वरिष्ठ नेताओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के उस वीडियो संदेश की सराहना की, जिसमें उन्होंने जंतर-मंतर पर हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान अपने खिलाफ अपशब्द कहने वाले युवाओं को सार्वजनिक रूप से माफ कर दिया। नेताओं ने एकमत से कहा कि देशभर के छात्र और युवा प्रधानमंत्री के हृदय में बसते हैं।

विवाद की पृष्ठभूमि

हाल ही में जंतर-मंतर पर आयोजित एक विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ युवाओं ने प्रधानमंत्री मोदी के विरुद्ध आपत्तिजनक और अभद्र भाषा का प्रयोग किया था। इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर व्यापक आक्रोश देखा गया और ऐसे युवाओं का सामाजिक बहिष्कार भी शुरू हो गया। इसी बीच, BJP प्रवक्ता आरपी सिंह ने बताया कि एक महिला वकील द्वारा शिकायत दर्ज कराए जाने पर ज़ीरो एफआईआर भी काटी गई।

पीएम मोदी का वीडियो संदेश

प्रधानमंत्री मोदी ने एक वीडियो संदेश के माध्यम से स्पष्ट किया कि वे अपशब्द कहने वाले सभी युवाओं को माफ करते हैं। आरपी सिंह के अनुसार, प्रधानमंत्री ने कहा — 'मैं सभी को माफ करता हूँ, जिन्होंने अपशब्द बोले हैं।' उन्होंने यह भी कहा कि 'हमें इस पीढ़ी को समझाना चाहिए।' प्रदर्शन करना सभी का अधिकार है, परंतु भाषा की मर्यादा बनाए रखना भी ज़रूरी है।

भाजपा नेताओं की प्रतिक्रिया

BJP सांसद धर्मशीला गुप्ता ने कहा कि यह प्रधानमंत्री की उदारता का प्रमाण है। उनके शब्दों में, 'ये हमारे बच्चे हैं। बच्चों से गलतियाँ हो जाती हैं और यह समय है जब हम उन्हें सुधारने का प्रयास करें।'

BJP नेता प्रेम शुक्ला ने कहा कि जो लोग छात्रों को भ्रमित कर उनके कंधों पर बंदूक रखकर राजनीति करने का प्रयास कर रहे हैं, प्रधानमंत्री के वक्तव्यों ने उन्हें विफल किया है। उन्होंने अपशब्दों के प्रयोग को 'निश्चित रूप से निंदनीय' बताया।

BJP सांसद गुलाम अली खटाना ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल को 'बेमिसाल' इसलिए कहा जाता है क्योंकि उन्होंने युवाओं की आबादी के अनुपात से भी अधिक कार्य किया है। उन्होंने स्टार्टअप इंडिया, स्टैंडअप इंडिया और लोकल फॉर वोकल जैसी पहलों का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा मिली है।

कांग्रेस पर निशाना

खटाना ने आगे कहा कि माफी कांग्रेस को माँगनी चाहिए, क्योंकि उन पर आरोप है कि उन्होंने युवाओं के आंदोलन में 'आपराधिक और असामाजिक तत्वों' को शामिल किया और इस प्रकार बच्चों के आंदोलन को 'हाईजैक' करने तथा उसे बदनाम करने का प्रयास किया। हालाँकि, भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) की ओर से इन आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।

आगे क्या

यह घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब छात्र-युवा राजनीति राष्ट्रीय विमर्श के केंद्र में है। प्रधानमंत्री के माफी-संदेश ने सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा छेड़ दी है और यह देखना बाकी है कि विपक्षी दल इस पर किस प्रकार की प्रतिक्रिया देते हैं।

संपादकीय दृष्टिकोण

जबकि विरोधियों को रक्षात्मक स्थिति में धकेलता है। परंतु ध्यान देने योग्य है कि जंतर-मंतर प्रदर्शन के मूल मुद्दों — जो भी वे थे — पर सार्वजनिक चर्चा इस 'भाषा-विवाद' में दब गई। कांग्रेस पर 'आंदोलन हाईजैक' के आरोप बिना स्वतंत्र सत्यापन के लगाए गए हैं, जिन्हें तथ्य की तरह नहीं, बल्कि राजनीतिक बयान की तरह पढ़ा जाना चाहिए। मुख्यधारा की कवरेज जो अक्सर चूक जाती है वह यह है कि माफी का नैरेटिव असली छात्र-शिकायतों को हाशिये पर धकेल देता है।
RashtraPress
2 अगस्त 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

जंतर-मंतर पर पीएम मोदी के खिलाफ क्या हुआ था?
हाल ही में जंतर-मंतर पर आयोजित एक विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ युवाओं ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विरुद्ध अपशब्दों और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया। इस पर सोशल मीडिया पर व्यापक आक्रोश उभरा और एक महिला वकील की शिकायत पर ज़ीरो एफआईआर भी दर्ज की गई।
पीएम मोदी ने वीडियो संदेश में क्या कहा?
BJP प्रवक्ता आरपी सिंह के अनुसार, प्रधानमंत्री मोदी ने वीडियो संदेश में कहा कि वे अपशब्द कहने वाले सभी युवाओं को माफ करते हैं और 'इस पीढ़ी को समझाने' की ज़रूरत है। उन्होंने यह भी कहा कि बच्चों से गलतियाँ हो जाती हैं।
भाजपा नेताओं ने इस माफी पर क्या प्रतिक्रिया दी?
BJP सांसद धर्मशीला गुप्ता ने इसे प्रधानमंत्री की उदारता बताया और कहा कि देश के युवा उनके हृदय में बसते हैं। BJP नेता प्रेम शुक्ला ने कहा कि प्रधानमंत्री के वक्तव्यों ने छात्रों को भ्रमित करने वालों को विफल किया है।
कांग्रेस पर क्या आरोप लगाए गए हैं?
BJP सांसद गुलाम अली खटाना ने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने युवाओं के आंदोलन में आपराधिक और असामाजिक तत्वों को शामिल किया और आंदोलन को 'हाईजैक' करने का प्रयास किया। हालाँकि कांग्रेस की ओर से इन आरोपों पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया तत्काल सामने नहीं आई।
मोदी सरकार ने युवाओं के लिए क्या प्रमुख पहलें की हैं?
BJP सांसद गुलाम अली खटाना के अनुसार, पिछले 12 वर्षों में स्टार्टअप इंडिया, स्टैंडअप इंडिया और लोकल फॉर वोकल जैसी पहलों के ज़रिए युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास किया गया है। प्रधानमंत्री मोदी छात्रों की शिक्षा, तनाव और भविष्य पर विशेष ध्यान देते हैं।
राष्ट्र प्रेस
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