26 जून 2026
LIVE
Get it on Google Play Download on the App Store

पश्चिम बंगाल: भाजपा ने टीएमसी पर ब्रिगेड रैली में बसों पर हमले के आरोप लगाए, मांगी सीसीटीवी फुटेज

शेयर करें:
ऑडियो वॉइस लोड हो रही है…
पश्चिम बंगाल: भाजपा ने टीएमसी पर ब्रिगेड रैली में बसों पर हमले के आरोप लगाए, मांगी सीसीटीवी फुटेज

सारांश

कोलकाता में भाजपा के तापस रॉय ने टीएमसी पर गंभीर आरोप लगाए हैं, जिसमें रैली में बसों पर हमले का मामला शामिल है। उन्होंने बदलाव की मांग को लेकर जनता की भावना को भी उजागर किया है।

मुख्य बातें

तापस रॉय ने टीएमसी पर गंभीर आरोप लगाए हैं।
रैली में भीड़ ने बदलाव की मांग का संकेत दिया।
सीसीटीवी फुटेज की मांग की गई है।
राज्य में राजनीतिक तनाव बढ़ रहा है।
भाजपा का उद्देश्य लोकतंत्र को बहाल करना है।

कोलकाता, 15 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। भाजपा के पश्चिम बंगाल उपाध्यक्ष तापस रॉय ने राज्य मुख्यालय पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ब्रिगेड पैरेड ग्राउंड में हुई रैली में आई विशाल भीड़ को राज्य की जनता का मजबूत समर्थन बताया। उन्होंने कहा कि रैली में लोगों की स्वतःस्फूर्त भागीदारी यह दर्शाती है कि पश्चिम बंगाल की जनता बदलाव की मांग कर रही है, और यह भावना आगामी विधानसभा चुनावों में स्पष्ट रूप से प्रकट होगी।

तापस रॉय ने यह भी आरोप लगाया कि इस भारी जनसमर्थन से तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) में भय और बेचैनी फैल गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि दूर-दराज के जिलों से समर्थकों को लाने वाली कई बसों पर हमला किया गया। बसों की खिड़कियां तोड़ी गईं, कई भाजपा कार्यकर्ता घायल हुए और कुछ को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। यह घटना मुख्य रूप से गिरिश पार्क क्षेत्र में हुई, जहां बसें रैली की ओर जा रही थीं। भाजपा का कहना है कि टीएमसी कार्यकर्ताओं ने बिना उकसावे के हमला किया, जबकि टीएमसी ने पलटवार करते हुए कहा कि भाजपा समर्थकों ने उनके होर्डिंग्स फाड़े और मंत्री शशि पांजा के घर पर पथराव किया।

उन्होंने कहा कि पुलिस के होते हुए भी स्थिति पर पर्याप्त नियंत्रण नहीं किया गया। रॉय ने घटना में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की और पूरी घटना की सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक करने का आह्वान किया। उन्होंने इसे एक 'नाटकीय स्थिति' बनाने की कोशिश बताया, जिससे मुद्दे को अलग दिशा में मोड़ा जा सके। उन्होंने आगे कहा कि पिछले डेढ़ दशकों में पश्चिम बंगाल की जनता ने राजनीतिक हिंसा और भय का सामना किया है, लेकिन अब वे बदलाव के लिए तैयार हैं।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में रॉय ने यह भी स्पष्ट किया कि भाजपा का लक्ष्य केवल सत्ता हासिल करना नहीं है, बल्कि पश्चिम बंगाल की जनता की गरिमा, सुरक्षा और लोकतांत्रिक अधिकारों को बहाल करना है। पत्रकारों के प्रश्नों के उत्तर में उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था की खराब स्थिति, प्रशासनिक फैसलों और चुनावी तैयारियों पर चर्चा की। उन्होंने चुनाव आयोग से स्वतंत्र, निष्पक्ष और शांतिपूर्ण चुनाव सुनिश्चित करने की अपील की। उन्होंने हालिया सरकारी घोषणाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि चुनाव से पहले वित्तीय लाभ और भत्तों की घोषणाएं आम हैं, लेकिन ये करदाताओं के पैसे से होती हैं और इन्हें लोगों के वैध अधिकार के रूप में देखा जाना चाहिए।

अंत में, तापस रॉय ने कहा कि पश्चिम बंगाल की जनता लोकतांत्रिक तरीके से अपना मत व्यक्त करेगी और आगामी चुनावों में राज्य का भविष्य तय करेगी।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहां भाजपा और टीएमसी के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। दोनों पार्टियां एक-दूसरे पर गंभीर आरोप लगा रही हैं। यह चुनावी माहौल को और भी गर्म कर सकता है।
RashtraPress
26 जून 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

भाजपा ने टीएमसी पर क्या आरोप लगाया?
भाजपा ने आरोप लगाया कि टीएमसी के कार्यकर्ताओं ने रैली में बसों पर हमला किया और भाजपा समर्थकों को चोटें आईं।
इस घटना का क्या महत्व है?
यह घटना आगामी विधानसभा चुनावों में राजनीतिक तनाव और प्रतिस्पर्धा को बढ़ा सकती है।
तापस रॉय ने क्या कहा?
उन्होंने कहा कि पुलिस मौजूद होने के बावजूद स्थिति को नियंत्रित नहीं किया गया और उन्होंने सीसीटीवी फुटेज सार्वजनिक करने की मांग की।
पश्चिम बंगाल में राजनीतिक स्थिति क्या है?
राज्य में भाजपा और टीएमसी के बीच राजनीतिक मतभेद गहरे हो गए हैं, जिससे चुनावी माहौल प्रभावित हो रहा है।
क्या रैली में लोगों की भागीदारी महत्वपूर्ण है?
हां, रैली में लोगों की स्वतःस्फूर्त भागीदारी यह दर्शाती है कि राज्य की जनता बदलाव की मांग कर रही है।
राष्ट्र प्रेस
सिलसिला

जुड़े बिंदु

इस ख़बर के पीछे की कड़ियाँ — सबसे नई पहले।

8 बिंदु
  1. नवीनतम 2 महीने पहले
  2. 2 महीने पहले
  3. 2 महीने पहले
  4. 3 महीने पहले
  5. 3 महीने पहले
  6. 5 महीने पहले
  7. 5 महीने पहले
  8. 8 महीने पहले