राम मंदिर चढ़ावा चोरी: चंपत राय जांच में सहयोगी, निष्कर्ष से पहले आरोप उचित नहीं — साध्वी निरंजन ज्योति
सारांश
मुख्य बातें
भारतीय जनता पार्टी (BJP) की नेता और पूर्व केंद्रीय मंत्री साध्वी निरंजन ज्योति ने 8 जुलाई 2026 को कहा कि राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के पूर्व महासचिव चंपत राय जांच एजेंसियों का पूरा सहयोग कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि जांच का निष्कर्ष आने से पहले किसी भी व्यक्ति पर आरोप लगाना न्यायसंगत नहीं है।
मुख्य घटनाक्रम
साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि विशेष जांच दल (SIT) इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर रहा है और 'दूध का दूध, पानी का पानी' हो जाएगा। उन्होंने यह भी बताया कि श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र समिति की बैठक भी हो चुकी है, हालांकि वह स्वयं उस समिति की सदस्य नहीं हैं, इसलिए वहाँ लिए गए फैसलों की विस्तृत जानकारी उनके पास उपलब्ध नहीं है।
उन्होंने चंपत राय का बचाव करते हुए कहा कि वह राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) और विश्व हिंदू परिषद (VHP) के दशकों से समर्पित कार्यकर्ता रहे हैं। इस पृष्ठभूमि को देखते हुए जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुँचना उचित नहीं होगा।
राजनीतिक संयम की अपील
BJP नेता ने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि भगवान राम के नाम पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने सदैव राम मंदिर के मुद्दे को आस्था और श्रद्धा से जोड़ा है, न कि राजनीतिक लाभ के लिए। साध्वी निरंजन ज्योति ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ पर विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार दोषियों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करेगी।
वक्फ बोर्ड और पारदर्शिता पर बयान
वक्फ बोर्ड की भूमि से जुड़े विवादों पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान का समर्थन करते हुए साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि जहाँ भी अनियमितता या अवैध कब्जे के आरोप हों, वहाँ पारदर्शी जांच होनी चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि सभी धर्मों और संस्थाओं में पारदर्शिता के साथ काम होना चाहिए और देशहित सर्वोपरि रहना चाहिए।
मोदी के इंडोनेशिया सम्मान पर प्रतिक्रिया
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को इंडोनेशिया में मिले सर्वोच्च नागरिक सम्मान पर साध्वी निरंजन ज्योति ने कहा कि यह सम्मान केवल प्रधानमंत्री का नहीं, बल्कि 140 करोड़ भारतवासियों का सम्मान है। उन्होंने कहा कि मोदी की सक्रिय विदेश नीति और कोरोना महामारी के दौरान चलाए गए 'वैक्सीन मैत्री' अभियान जैसे कदमों ने वैश्विक मंचों पर भारत की प्रतिष्ठा को नई ऊँचाई दी है।
वंचित वर्गों के लिए न्याय का संकल्प
साध्वी निरंजन ज्योति ने बताया कि प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति द्वारा उन्हें एक ऐसी ज़िम्मेदारी सौंपी गई है जहाँ समाज के दबे-कुचले और वंचित वर्गों को न्याय दिलाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि पिछड़े और वंचित वर्ग के लोग अक्सर सरकारी सेवाओं तक पहुँचने के बाद भी भेदभाव का सामना करते हैं, और ऐसे लोगों के लिए एक प्रभावी शिकायत निवारण मंच उपलब्ध कराया जा रहा है। आने वाले दिनों में SIT की जांच रिपोर्ट और समिति के फैसलों से इस मामले की दिशा और स्पष्ट होगी।