28 जुलाई 2026
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नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक: PM मोदी बोले — 'विकसित भारत 2047' के लिए केंद्र-राज्य एकजुटता ज़रूरी

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नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक: PM मोदी बोले — 'विकसित भारत 2047' के लिए केंद्र-राज्य एकजुटता ज़रूरी

सारांश

नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक में PM मोदी ने 'विकसित भारत 2047' के लिए केंद्र-राज्य सहयोग को अनिवार्य बताया। थीम थी समावेशी मानव विकास — कौशल, रोज़गार, स्वास्थ्य और समान अवसर। यह बैठक उस वक्त हुई जब कई राज्य केंद्र-राज्य वित्तीय समन्वय पर सवाल उठा रहे हैं।

मुख्य बातें

PM नरेंद्र मोदी ने 11 जून 2026 को नई दिल्ली में नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक की अध्यक्षता की।
बैठक की थीम 'विकसित भारत 2047 के लिए समावेशी मानव विकास' रही।
चर्चा के चार प्रमुख स्तंभ: मानव पूंजी , उत्पादक रोज़गार , स्वास्थ्य व पोषण , और समान अवसर ।
डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI) और डेटा आधारित निर्णय प्रणाली को प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक बताया गया।
दिसंबर 2025 के मुख्य सचिवों के 5वें राष्ट्रीय सम्मेलन की सिफारिशें भी एजेंडे में शामिल रहीं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 11 जून 2026 को नई दिल्ली में नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक की अध्यक्षता की, जिसमें देशभर के मुख्यमंत्री, केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल व प्रशासक, केंद्रीय मंत्री और नीति आयोग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक के बाद मोदी ने स्पष्ट किया कि 'विकसित भारत' के साझा लक्ष्य को साकार करने में केंद्र और राज्यों के सामूहिक प्रयास निर्णायक भूमिका निभाएंगे।

बैठक की थीम और केंद्रीय संदेश

इस वर्ष की बैठक की थीम 'विकसित भारत 2047 के लिए समावेशी मानव विकास' रखी गई। इसका उद्देश्य आयु, क्षेत्र, लिंग या सामाजिक-आर्थिक पृष्ठभूमि से परे देश के प्रत्येक नागरिक के समग्र कल्याण को सुनिश्चित करना है।

मोदी ने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, 'सहकारी संघवाद की भावना से प्रेरित होकर, हम भारत की विकास यात्रा को गति देने के लिए मिलकर काम कर रहे हैं। 'विकसित भारत' के हमारे साझा विजन को साकार करने में केंद्र और राज्यों के सामूहिक प्रयास अहम भूमिका निभाएंगे।' यह बयान ऐसे समय में आया है जब केंद्र-राज्य वित्तीय समन्वय को लेकर कई राज्य अपनी चिंताएँ सार्वजनिक रूप से व्यक्त कर चुके हैं।

चार प्रमुख स्तंभ जिन पर केंद्रित रही चर्चा

गवर्निंग काउंसिल की बैठक में समावेशी मानव विकास के लिए चार प्रमुख स्तंभों पर विशेष ध्यान दिया गया:

पहला — मजबूत मानव पूंजी और भविष्य के लिए तैयार कौशल; दूसरा — उत्पादक रोज़गार और उद्यमिता आधारित विकास; तीसरा — स्वास्थ्य एवं पोषण के साथ बेहतर जीवन स्तर; और चौथा — सभी के लिए समान अवसर और गरिमा। इन स्तंभों को राज्यों की विकास दृष्टि के साथ राष्ट्रीय विकास दृष्टिकोण से जोड़ने पर ज़ोर दिया गया।

सुशासन और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर पर जोर

बैठक में विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सुशासन, डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर (DPI), विभागों के बीच समन्वय, साझेदारी मॉडल और डेटा आधारित निर्णय प्रणाली को अनिवार्य बताया गया। साथ ही अल्पकालिक, मध्यमकालिक और दीर्घकालिक लक्ष्यों की निगरानी के लिए एक व्यवस्थित जवाबदेही तंत्र विकसित करने पर सहमति बनी।

मुख्य सचिवों के सम्मेलन की सिफारिशें भी एजेंडे में

बैठक में दिसंबर 2025 में आयोजित मुख्य सचिवों के 5वें राष्ट्रीय सम्मेलन की प्रमुख सिफारिशों पर भी विचार-विमर्श हुआ। इनमें प्रारंभिक बाल शिक्षा, स्कूली शिक्षा में सुधार, कौशल विकास, उच्च शिक्षा को ज्ञान-आधारित अर्थव्यवस्था से जोड़ना और खेल व सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को बढ़ावा देना शामिल था।

आगे की राह

नीति आयोग के अनुसार, इस बैठक का मुख्य उद्देश्य राज्यों और केंद्र सरकार के बीच बेहतर समन्वय और समावेशी-टिकाऊ विकास के लिए एक साझा रोडमैप तैयार करना था। गौरतलब है कि यह 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक है — यानी यह मंच अब एक नियमित नीति-संवाद के रूप में स्थापित हो चुका है। यदि राज्य और केंद्र इन लक्ष्यों पर मिलकर काम करते हैं, तो 'विकसित भारत 2047' के सपने को साकार करने की दिशा में ठोस प्रगति संभव है।

संपादकीय दृष्टिकोण

लेकिन असली कसौटी यह है कि राज्यों को नीति-निर्माण में कितनी वास्तविक भागीदारी मिलती है। थीम 'समावेशी मानव विकास' महत्वाकांक्षी है, पर जब तक कौशल और रोज़गार के लक्ष्यों के लिए राज्यवार सत्यापन-योग्य संकेतक तय नहीं होते, ये घोषणाएँ कागज़ी रोडमैप बनकर रह सकती हैं। DPI और डेटा-आधारित निर्णय प्रणाली पर ज़ोर सही दिशा में है, लेकिन डिजिटल बुनियादी ढाँचे में राज्यों के बीच गहरी असमानता को नज़रअंदाज़ नहीं किया जा सकता।
RashtraPress
28 जुलाई 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

नीति आयोग की 11वीं गवर्निंग काउंसिल बैठक क्या है?
यह नीति आयोग की सर्वोच्च नीति-निर्माण बैठक है जिसमें PM की अध्यक्षता में सभी राज्यों के मुख्यमंत्री और केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल भाग लेते हैं। 11 जून 2026 को आयोजित इस बैठक की थीम 'विकसित भारत 2047 के लिए समावेशी मानव विकास' रही।
'विकसित भारत 2047' का लक्ष्य क्या है?
'विकसित भारत 2047' भारत की स्वतंत्रता के 100 वर्ष पूरे होने तक देश को एक विकसित राष्ट्र बनाने का दीर्घकालिक विजन है। इसमें समावेशी आर्थिक विकास, मानव पूंजी निर्माण, स्वास्थ्य, शिक्षा और रोज़गार के समान अवसर सुनिश्चित करना शामिल है।
बैठक में किन चार स्तंभों पर चर्चा हुई?
बैठक में समावेशी मानव विकास के चार स्तंभों पर ध्यान केंद्रित किया गया — मजबूत मानव पूंजी व भविष्य-तैयार कौशल, उत्पादक रोज़गार व उद्यमिता, स्वास्थ्य-पोषण सहित बेहतर जीवन स्तर, और सभी के लिए समान अवसर व गरिमा।
मुख्य सचिवों के 5वें राष्ट्रीय सम्मेलन की सिफारिशें क्या थीं?
दिसंबर 2025 में आयोजित इस सम्मेलन की सिफारिशों में प्रारंभिक बाल शिक्षा, स्कूली शिक्षा सुधार, कौशल विकास, उच्च शिक्षा को ज्ञान-आधारित अर्थव्यवस्था से जोड़ना और खेल व सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों को बढ़ावा देना शामिल था।
क्या इस बैठक में कोई ठोस निर्णय लिया गया?
बैठक में अल्पकालिक, मध्यमकालिक और दीर्घकालिक लक्ष्यों की निगरानी के लिए एक व्यवस्थित जवाबदेही तंत्र विकसित करने पर सहमति बनी। साथ ही DPI और डेटा-आधारित निर्णय प्रणाली को योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए आवश्यक बताया गया।
राष्ट्र प्रेस
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