यूपी कैबिनेट के 25 लाख फ्री टैबलेट फैसले पर कांग्रेस का हमला — 'चुनाव आते ही रेवड़ी बाँटना शुरू'
सारांश
मुख्य बातें
उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार द्वारा 25 लाख छात्रों को निःशुल्क टैबलेट देने के कैबिनेट फैसले पर कांग्रेस ने 26 अगस्त को तीखा हमला बोला। कांग्रेस प्रवक्ता सुरेंद्र राजपूत ने इसे सीधे तौर पर 'चुनावी स्टंट' करार दिया और कहा कि यह वादा 2022 में किया गया था, जिसे अब 2027 के विधानसभा चुनाव की दस्तक के साथ पूरा किया जा रहा है।
मुख्य आरोप: देर से जागी सरकार
लखनऊ में पत्रकारों से बातचीत में सुरेंद्र राजपूत ने कहा, 'अब चुनाव पास हैं तो रेवड़ी बाँटना शुरू कर दिया है। पिछले पाँच साल से वे कहाँ थे? वादा 2022 में किया था — क्या कहा था कि 2027 में पूरा करेंगे? ये सिर्फ झूठ, धोखे और छल-कपट से काम करते हैं, जेन-जी को बेवकूफ बनाते हैं। जब वादा किया था, तभी टैबलेट दे देना चाहिए था।' उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में इंडिया ब्लॉक की सरकार इन टैबलेट को अपग्रेड कर कंप्यूटर देगी।
बुजुर्ग महिलाओं की फ्री बस यात्रा पर भी निशाना
कैबिनेट में बुजुर्ग महिलाओं के लिए निःशुल्क बस यात्रा को मंजूरी दिए जाने पर भी राजपूत ने कड़ी आपत्ति जताई। उन्होंने कहा, 'ये तो कांग्रेस शासित राज्यों में पहले से हो रहा है। कुछ करना ही है तो इन महिलाओं के बच्चों को नौकरी दीजिए — 13 लाख पद खाली हैं, नौकरी नहीं दे रहे। बेटियों को सुरक्षा दे दीजिए।' उन्होंने राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (NCRB) के आँकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा की स्थिति चिंताजनक है और दलितों के साथ दुर्व्यवहार की घटनाएँ जारी हैं।
मायावती और बसपा पर टिप्पणी
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) प्रमुख मायावती द्वारा पंजाब विधानसभा चुनाव अकेले लड़ने के ऐलान पर राजपूत ने कहा कि उन्हें किसी ने गठबंधन में आमंत्रित ही नहीं किया। उन्होंने कहा, 'मायावती को किसने निमंत्रण दिया है? ये अकेले लड़ें। इस समय वैसे भी मायावती भारतीय जनता पार्टी (BJP) के समर्थन में दिए बयानों के कारण जानी जा रही हैं।' राजपूत ने यह भी कहा कि मायावती हर तीसरे दिन एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर पोस्ट करती हैं, जिनमें भाजपा का समर्थन और इंडिया ब्लॉक का विरोध होता है।
इंडिया ब्लॉक की एकजुटता पर दावा
इंडिया ब्लॉक के नेतृत्व को लेकर पूछे गए सवाल पर राजपूत ने कहा कि गठबंधन सामूहिक नेतृत्व में काम करता है। उन्होंने कहा, 'पूरे देश में राहुल गांधी नेतृत्व कर रहे हैं और उत्तर प्रदेश में अखिलेश यादव सरकार-विरोधी गठबंधन का नेतृत्व कर रहे हैं। जब पुलिस राहुल गांधी को हिरासत में ले रही थी, तो अखिलेश यादव और सुप्रिया सुले आगे आए। इंडिया ब्लॉक पानी की तरह एकजुट है — उस पर डंडे से वार करने से उसकी एकता पर कोई असर नहीं पड़ेगा।'
आगे क्या
उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव को देखते हुए यह राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज होने के संकेत हैं। योगी सरकार का टैबलेट वितरण कार्यक्रम कब और किस चरण में लागू होगा, इस पर सरकार की ओर से अभी विस्तृत रोडमैप सामने नहीं आया है।