राहुल गांधी के संबोधन में बाधा के विरोध में कांग्रेस का मकर द्वार पर प्रदर्शन, मानसून सत्र में फिर हंगामे के आसार
सारांश
मुख्य बातें
कांग्रेस के सांसद 30 जुलाई 2026 को संसद के मकर द्वार पर प्रदर्शन करेंगे — यह कदम लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के संबोधन को बाधित किए जाने के विरोध में उठाया जा रहा है। मानसून सत्र के 9वें दिन भी संसद में हंगामे के पूरे आसार हैं, क्योंकि विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच तनाव चरम पर है।
प्रदर्शन की रूपरेखा
जानकारी के अनुसार, कांग्रेस के सभी सांसद सुबह 10:30 बजे IST मकर द्वार पर एकत्र होकर राहुल गांधी के संबोधन का मुद्दा उठाएँगे। इससे पहले सुबह 10 बजे 'इंडिया' ब्लॉक के फ्लोर लीडर्स की बैठक बुलाई गई है, जिसमें दिनभर की रणनीति तय होने की संभावना है।
बुधवार को क्या हुआ था
बुधवार को एंटी पेपर लीक विधेयक पर चर्चा के दौरान राहुल गांधी ने संसद मार्च के दौरान छात्रों पर हुई पुलिस कार्रवाई का मुद्दा उठाया। अपने संबोधन में उन्होंने 'इडियट' और 'अंधभक्त' जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया, जिस पर सत्तापक्ष ने कड़ी आपत्ति जताई। इसके बाद राहुल गांधी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का नाम लेते हुए छात्रों पर फायरिंग के आरोप लगाए।
संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने राहुल गांधी से माफी माँगने या तथ्य सदन के सामने रखने की माँग की। हंगामा न थमने पर सदन की कार्यवाही पूरे दिन के लिए स्थगित कर दी गई।
आज के संसदीय एजेंडे पर क्या है
गुरुवार को लोक परीक्षा (अनुचित साधनों की रोकथाम) संशोधन विधेयक, 2026 — जिसे एंटी पेपर लीक विधेयक भी कहा जाता है — राज्यसभा में पेश किया जाएगा। इस पर दोपहर करीब 2 बजे IST चर्चा होने की संभावना है।
वहीं, कांग्रेस सांसद मनीष तिवारी ने लोकसभा में स्थगन प्रस्ताव नोटिस दिया है, जिसमें नए दलबदल विरोधी कानून की रूपरेखा पर तत्काल चर्चा की माँग की गई है। उन्होंने नोटिस में कहा, "मेरा प्रस्ताव है कि यह सदन प्रश्नकाल, शून्यकाल और दिन के अन्य सभी सूचीबद्ध कार्यों को स्थगित कर एक नए दल-बदल विरोधी कानून के स्वरूप पर चर्चा करे।"
व्यापक संदर्भ
यह ऐसे समय में आया है जब मानसून सत्र पहले ही कई बार व्यवधान का शिकार हो चुका है। गौरतलब है कि विपक्ष और सत्तापक्ष के बीच संसद में वाकयुद्ध नई बात नहीं है, लेकिन नेता प्रतिपक्ष के संबोधन को लेकर उठा विवाद सदन की कार्यवाही को पूरे दिन के लिए ठप करने तक पहुँच गया — जो इस सत्र की अब तक की सबसे बड़ी रुकावट मानी जा रही है।
आगे क्या होगा
मकर द्वार पर कांग्रेस के प्रदर्शन और 'इंडिया' ब्लॉक की बैठक के बाद यह स्पष्ट होगा कि विपक्ष सदन के भीतर किस रणनीति के साथ उतरेगा। एंटी पेपर लीक विधेयक पर राज्यसभा में भी तीखी बहस की संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता।