चक्रवात 'अर्नब' का असर: राजस्थान के 28 जिलों में बारिश-ओलावृष्टि, येलो-ऑरेंज अलर्ट जारी
सारांश
मुख्य बातें
चक्रवात 'अर्नब' के प्रभाव से राजस्थान के बड़े हिस्से में 30 अक्टूबर 2026 को तेज हवाओं के साथ बारिश और ओलावृष्टि का दौर जारी रहा। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शुक्रवार के लिए प्रदेश के 28 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश को लेकर येलो और ऑरेंज अलर्ट जारी किए हैं। यह मौसमी उथल-पुथल ऐसे समय में आई है जब राज्य के कई हिस्सों में मतदान भी जारी है।
मुख्य घटनाक्रम
जयपुर में गुरुवार दोपहर से रुक-रुककर बारिश शुरू हुई जो रात भर और शुक्रवार सुबह तक जारी रही। टोंक रोड, गोपालपुरा, मालवीय नगर, जगतपुरा, अजमेरी गेट और कलेक्ट्रेट समेत कई इलाकों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। शहर का अधिकतम तापमान 4 डिग्री गिरकर 27.4 डिग्री सेल्सियस पर आ गया। मौसम विभाग ने शुक्रवार को भी जयपुर में बारिश की संभावना जताई है।
पिछले 24 घंटों में करौली, भरतपुर, धौलपुर, अलवर, दौसा, सवाई माधोपुर, भीलवाड़ा, अजमेर, नागौर और टोंक समेत अनेक जिलों में बारिश रिकॉर्ड की गई। अलवर जिले की थानागाजी पंचायत समिति के प्रतापगढ़ गाँव में गुरुवार देर रात से रुक-रुककर बारिश हो रही है।
तापमान में गिरावट का असर
चक्रवात के प्रभाव से करीब 20 जिलों में अधिकतम तापमान 5 डिग्री सेल्सियस तक नीचे आ गया है, जबकि कुछ स्थानों पर न्यूनतम तापमान में 10 डिग्री सेल्सियस तक की कमी दर्ज की गई है। ठंडी हवाओं के साथ ओलावृष्टि ने भी ठंड को और तीखा किया है।
हालाँकि पश्चिमी राजस्थान में अभी भी अपेक्षाकृत गर्मी बनी हुई है। बाड़मेर में प्रदेश का सर्वाधिक अधिकतम तापमान 35.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में अधिकतम तापमान 30 डिग्री से नीचे रहा, सिवाय कुछ पश्चिमी जिलों के।
शहर-दर-शहर मौसम का हाल
अलवर में गुरुवार सुबह से रुक-रुककर हल्की बारिश से ठंडक बढ़ी और अधिकतम तापमान 27 डिग्री के आसपास रहा। उदयपुर में सुबह से बादल छाए रहे, बीच-बीच में धूप निकली और हल्की ठंड महसूस हुई — अधिकतम तापमान 30 डिग्री दर्ज हुआ।
कोटा में सुबह बादल छाए रहे, लेकिन बारिश नहीं हुई। दोपहर में धूप निकली; अधिकतम तापमान 30.9 डिग्री और न्यूनतम 21.6 डिग्री रहा। जोधपुर में बारिश का अनुमान था, किंतु बादलों के बावजूद बारिश नहीं हुई। वहाँ अधिकतम तापमान 34.2 डिग्री (सामान्य से 0.4 डिग्री कम) और न्यूनतम 20.4 डिग्री (सामान्य से 3 डिग्री अधिक) दर्ज हुआ; शुक्रवार के लिए येलो अलर्ट लागू है।
मतदान पर असर
बारिश के कारण कई मतदान केंद्रों पर मतदाताओं को असुविधा हुई। कथित तौर पर अनेक मतदाता छाता लेकर वोट डालने पहुँचे। गौरतलब है कि यह स्थिति ऐसे वक्त में बनी जब मतदाताओं की भागीदारी पर मौसम का सीधा असर पड़ने की आशंका जताई जा रही थी।
आगे का मौसमी पूर्वानुमान
मौसम विभाग के अनुसार चक्रवात 'अर्नब' का असर आने वाले दिनों में धीरे-धीरे कम होने की संभावना है, लेकिन फिलहाल 28 जिलों में सतर्कता बरतने की आवश्यकता बनी हुई है। अधिकारियों ने नागरिकों से अनावश्यक यात्रा से बचने और स्थानीय प्रशासन के दिशानिर्देशों का पालन करने की अपील की है।