महिलाओं की मुफ्त यात्रा के लिए पिंक कार्ड अनिवार्य करने पर सौरभ भारद्वाज की कड़ी प्रतिक्रिया

Click to start listening
महिलाओं की मुफ्त यात्रा के लिए पिंक कार्ड अनिवार्य करने पर सौरभ भारद्वाज की कड़ी प्रतिक्रिया

सारांश

दिल्ली में पिंक कार्ड को अनिवार्य करने के निर्णय पर आम आदमी पार्टी के सौरभ भारद्वाज ने सरकार की आलोचना की। उन्होंने इसे महिलाओं के लिए बड़ी परेशानी बताया और सरकार से विचार करने की अपील की।

Key Takeaways

  • पिंक कार्ड का अनिवार्य होना महिलाओं के लिए परेशानी का कारण बन रहा है।
  • लंबी कतारों में लगने के कारण महिलाएँ परेशान हैं।
  • सरकार को इस निर्णय पर पुनर्विचार करना चाहिए।
  • विशेषकर गरीब और कामकाजी महिलाओं को इस निर्णय का सबसे अधिक नुकसान हो रहा है।
  • आम आदमी पार्टी ने सरकार से अपील की है कि बिना किसी औपचारिकता के मुफ्त यात्रा की सुविधा प्रदान की जाए।

नई दिल्ली, 12 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। दिल्ली में बसों में महिलाओं की मुफ्त यात्रा के लिए पिंक कार्ड को अनिवार्य करने के निर्णय पर आम आदमी पार्टी ने सरकार की आलोचना की है। आम आदमी पार्टी के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने इसे महिलाओं के लिए एक समस्या पैदा करने वाला कदम बताया है।

आप नेता ने कहा कि इस निर्णय के कारण महिलाओं को घंटों तक लाइनों में लगना पड़ रहा है।

सौरभ भारद्वाज ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्‍स' पर पिंक कार्ड बनवाने के लिए केंद्रों के बाहर खड़ी महिलाओं की लंबी कतारों का वीडियो साझा किया। उन्होंने कहा कि सरकार के इस फैसले ने दिल्ली की महिलाओं को अनावश्यक परेशानी में डाल दिया है। पहले सभी महिलाओं को बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा आसानी से मिल रही थी, और यह व्यवस्था ठीक चल रही थी, लेकिन अब पिंक कार्ड को अनिवार्य किया गया है, जिसके चलते महिलाओं को कार्ड बनवाने के लिए लंबी कतारों में लगना पड़ रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि इस निर्णय से खासतौर पर गरीब और कामकाजी महिलाओं को अधिक दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई महिलाएं अपनी नौकरी और घरेलू जिम्मेदारियों के बीच समय निकालकर घंटों तक लाइन में खड़ी रहने को मजबूर हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि जब पहले से ही महिलाओं को बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा मिल रही थी और सब कुछ सुचारू रूप से चल रहा था, तो पिंक कार्ड को अनिवार्य करने की आवश्यकता क्या थी। उन्होंने सवाल किया कि सरकार बताए कि इस नए नियम से महिलाओं को ऐसा कौन सा अतिरिक्त लाभ मिलेगा जो पहले नहीं मिल रहा था।

सौरभ भारद्वाज ने कहा कि जिस प्रकार नोटबंदी के दौरान पूरे देश को लाइनों में लगना पड़ा था, अब उसी तरह दिल्ली की महिलाओं को पिंक कार्ड बनाने के लिए घंटों लाइन में खड़ा होना पड़ रहा है।

उन्होंने कहा कि इस निर्णय के पीछे राजनीतिक सोच है और इससे खासकर उत्तर प्रदेश, बिहार और हरियाणा से दिल्ली में रहने वाली गरीब महिलाओं को मिलने वाली सुविधाएं प्रभावित होंगी।

आम आदमी पार्टी ने मांग की है कि सरकार इस निर्णय पर पुनर्विचार करे और महिलाओं को बिना किसी अतिरिक्त औपचारिकता के पहले की तरह बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा फिर से उपलब्ध कराए, ताकि उन्हें अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।

Point of View

खासकर उन गरीब और कामकाजी महिलाओं के लिए जो पहले से ही कई जिम्मेदारियों का सामना कर रही हैं। सरकार को इस मुद्दे पर पुनर्विचार करने की आवश्यकता है।
NationPress
13/03/2026

Frequently Asked Questions

पिंक कार्ड को अनिवार्य करने का उद्देश्य क्या है?
पिंक कार्ड का उद्देश्य महिलाओं को बसों में मुफ्त यात्रा की सुविधा देना है, लेकिन इसके अनिवार्य होने से कई समस्याएँ उत्पन्न हो रही हैं।
इस निर्णय से महिलाओं को क्या परेशानियाँ हो रही हैं?
महिलाओं को पिंक कार्ड बनवाने के लिए घंटों लंबी कतारों में लगना पड़ रहा है, जिससे उन्हें अतिरिक्त कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।
आम आदमी पार्टी का इस मामले में क्या कहना है?
आम आदमी पार्टी ने इस निर्णय की आलोचना की है और सरकार से पुनर्विचार करने की अपील की है।
क्या इस निर्णय का कोई सकारात्मक पहलू है?
सरकार का दावा है कि यह कार्ड महिलाओं को बेहतर सुविधा प्रदान करेगा, लेकिन वर्तमान स्थिति में इसके नकारात्मक प्रभाव अधिक दिखाई दे रहे हैं।
क्या यह निर्णय राजनीतिक सोच का परिणाम है?
सौरभ भारद्वाज ने इस निर्णय को राजनीतिक सोच से प्रेरित बताया है, जो गरीब महिलाओं को प्रभावित कर रहा है।
Nation Press