दिल्ली में होली के दिन युवक की हत्या पर विनोद बंसल का बयान, इस्लामिक कट्टरपंथियों की शक्ति का प्रदर्शन
सारांश
Key Takeaways
- दिल्ली में युवक की हत्या एक गंभीर घटना है।
- हिन्दू समाज को जागरूक रहना होगा।
- इस्लामिक कट्टरपंथियों की गतिविधियों पर ध्यान देना जरूरी है।
- पुलिस को सख्त कार्रवाई करनी होगी।
नई दिल्ली, 7 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। होली के अवसर पर दिल्ली के उत्तम नगर में एक युवक की हत्या की घटना पर विश्व हिंदू परिषद के राष्ट्रीय प्रवक्ता विनोद बंसल ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह घटना निंदनीय, चिंताजनक और हिन्दू समाज के लिए आंखें खोलने वाली है।
उन्होंने बताया कि यह पहली बार नहीं है जब इस प्रकार की घटना हुई है। पिछले दस वर्षों में राजधानी में इससे मिलती-जुलती जघन्य हत्याओं की दर्जनों घटनाएं हो चुकी हैं। उन्होंने यह सवाल उठाया कि आखिरकार कितने हिन्दुओं को अपनी जान गंवानी होगी? इनमें से किसी को भी फांसी की सजा नहीं मिल पाई है।
विनोद बंसल ने कहा कि पहले पुलिस अपराधियों को पकड़ने से बचती है और एफआईआर तक दर्ज करने से भी कतराती है। जब समाज में आक्रोश बढ़ता है, तो कुछ लोगों को गिरफ्तार कर अपने कर्तव्य को निभाने का एहसास कराती है। उन्होंने कहा कि वीडियो में स्पष्ट रूप से दिख रहा है कि एक झुंड ने न केवल युवक की हत्या की, बल्कि उसके परिवार के सदस्यों पर भी घर में घुसकर हमला किया। महिलाओं को भी नहीं छोड़ा गया।
उन्होंने आगे कहा कि पुलिस अभी तक आरोपियों को पकड़ने में असफल रही है। आखिर हम ये सब क्यों देख रहे हैं? होली का पर्व केवल हिन्दुओं का नहीं है, बल्कि यह हमारी सांस्कृतिक विरासत का प्रतीक है। इस पर्व के दौरान पानी की छींटों से किसी महिला को क्या नुकसान हुआ, क्या उनके इस्लाम को खतरा हो गया?
उन्होंने कहा कि यह सामान्य घटना नहीं है, बल्कि हिन्दुओं को डराने और इस्लामिक कट्टरपंथियों के शक्ति प्रदर्शन का एक उदाहरण है। हिन्दू समाज को जागरूक रहना होगा और प्रशासन को कठोर कदम उठाने होंगे।
ज्ञात हो कि होली के अवसर पर उत्तम नगर में पानी की मामूली छींटों को लेकर विवाद उत्पन्न हुआ, जिसके परिणामस्वरूप 26 वर्षीय तरुण बुटोलिया की भीड़ द्वारा हत्या कर दी गई। एक महिला पर होली के रंग की कुछ छींटें पड़ीं, जिस पर तरुण के परिवार ने माफी भी मांगी, लेकिन विवाद समाप्त नहीं हुआ।
कुछ समय बाद, तरुण पर एक झुंड ने हमला कर दिया और उसकी बेरहमी से पिटाई कर दी, जिसमें उसकी मृत्यु हो गई। आरोप यह भी है कि भीड़ ने तरुण के घर में घुसकर उसके परिवार के सदस्यों के साथ भी मारपीट की, जिसमें महिलाएं भी शामिल थीं।