देवघर में माँ-बेटे की हत्या: चार साल में एक ही परिवार के तीन सदस्यों की जान गई
सारांश
मुख्य बातें
झारखंड के देवघर जिले में 30 जून 2026 को एक दोहरी हत्या ने पूरे इलाके को दहला दिया। सोनारायठाड़ी थाना क्षेत्र के नवाडीह गाँव में जुबेदा खातून और उनके बेटे के शव संदिग्ध परिस्थितियों में मिले, जिसके बाद पुलिस ने हत्या का मामला दर्ज कर व्यापक जाँच शुरू कर दी है। यह उसी परिवार का मामला है जिसके मुखिया रियाज अहमद की 15 जुलाई 2022 को धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी।
मुख्य घटनाक्रम
ग्रामीणों की सूचना पर सोनारायठाड़ी थाना पुलिस मंगलवार को घटनास्थल पर पहुँची। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर स्वयं मौके पर पहुँचे और फोरेंसिक टीम तथा डॉग स्क्वायड की सहायता से साक्ष्य जुटाए गए। दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।
चार थानों की संयुक्त जाँच
घटना की गंभीरता को देखते हुए चार थानों की पुलिस को जाँच में लगाया गया और पूरे इलाके की घेराबंदी कर छानबीन शुरू की गई। आसपास के लोगों से पूछताछ जारी है। पुलिस पारिवारिक विवाद, पुरानी रंजिश और संपत्ति विवाद सहित विभिन्न पहलुओं को ध्यान में रखकर जाँच कर रही है।
परिवार की दर्दनाक पृष्ठभूमि
परिजनों के अनुसार, करीब चार वर्ष पहले इसी परिवार के मुखिया रियाज अहमद की 15 जुलाई 2022 को धारदार हथियार से हत्या कर दी गई थी। परिजनों का आरोप है कि उस मामले के आरोपियों की अब तक गिरफ्तारी नहीं हुई, जिसके कारण परिवार लगातार असुरक्षित महसूस कर रहा था। यह ऐसे समय में आया है जब एक ही परिवार पर बार-बार हिंसा की यह घटना पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
गाँव में तनाव का माहौल
घटना के बाद नवाडीह गाँव में तनाव और दहशत का माहौल है। पुलिस अधिकारियों ने ग्रामीणों से शांति बनाए रखने की अपील की है। पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर ने कहा कि मामले की हर पहलू से जाँच की जा रही है और जल्द ही घटना का खुलासा कर दोषियों को गिरफ्तार किया जाएगा।
आगे क्या होगा
पुलिस फिलहाल तकनीकी साक्ष्यों, फोरेंसिक रिपोर्ट और स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के आधार पर जाँच आगे बढ़ा रही है। हत्या के कारणों का अभी तक खुलासा नहीं हो सका है। गौरतलब है कि रियाज अहमद हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी और इस नई दोहरी हत्या के बीच संभावित कड़ी को भी जाँचकर्ता देख रहे हैं।