विधानसभा चुनाव 2026: ईसीआई ने मतदान के दिन कर्मचारियों को सवेतन छुट्टी देने का किया ऐलान
सारांश
Key Takeaways
- सवेतन अवकाश का लाभ सभी कर्मचारियों को मिलेगा।
- नियोक्ताओं को हिदायत दी गई है कि वे नियमों का पालन करें।
- मतदाता स्वतंत्रता से अपने मत का प्रयोग कर सकेंगे।
- बिना कटौती के छुट्टी दी जाएगी।
- चुनाव तिथियाँ विभिन्न राज्यों के लिए निर्धारित की गई हैं।
नई दिल्ली, 3 अप्रैल (राष्ट्र प्रेस)। भारतीय निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने मतदान के दिन कर्मचारियों को सवेतन अवकाश देने की घोषणा की है। इस दिन, यदि कर्मचारी छुट्टी लेते हैं, तो उनके वेतन में कोई कटौती नहीं की जाएगी। आयोग ने नियोक्ताओं को भी कड़ी हिदायत दी है।
आयोग की प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया है, "लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम-1951 की धारा 135बी के अंतर्गत, किसी भी व्यवसाय, उद्योग या अन्य प्रतिष्ठान में कार्यरत हर व्यक्ति, जो मतदान में भाग लेने के योग्य है, उसे मतदान के दिन सवेतन अवकाश दिया जाएगा। इस अवकाश के कारण वेतन में कोई कटौती नहीं की जाएगी। यदि कोई नियोक्ता इन नियमों का उल्लंघन करता है, तो उसे दंड का सामना करना पड़ेगा। सभी दैनिक वेतनभोगी और आकस्मिक कर्मचारी भी मतदान के दिन सवेतन अवकाश का लाभ उठा सकेंगे।"
आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि वे मतदाता जो अपने निर्वाचन क्षेत्र के बाहर काम कर रहे हैं, लेकिन उस क्षेत्र में मतदान के लिए पंजीकृत हैं, उन्हें भी मतदान के दिन सवेतन अवकाश दिया जाएगा, ताकि वे अपना मत डाल सकें।
आयोग ने सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की सरकारों को निर्देशित किया है कि वे सभी संबंधित पक्षों को इन प्रावधानों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करें, ताकि सभी मतदाता स्वतंत्र रूप से और सुगमता से अपने मताधिकार का उपयोग कर सकें।
गौरतलब है कि भारत निर्वाचन आयोग (ईसीआई) ने 15 मार्च को असम, केरल, पुडुचेरी, तमिलनाडु और पश्चिम बंगाल की विधानसभाओं के आम चुनावों की घोषणा की थी। इसके साथ ही गोवा, गुजरात, कर्नाटक, महाराष्ट्र, नागालैंड और त्रिपुरा के आठ विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों के उपचुनावों की तिथियाँ भी घोषित की गईं।
असम, केरल और पुडुचेरी में 9 अप्रैल को मतदान होगा। उसी दिन गोवा, कर्नाटक, नागालैंड और त्रिपुरा की कुछ सीटों पर उपचुनाव भी आयोजित किए जाएंगे। तमिलनाडु विधानसभा चुनाव और गुजरात व महाराष्ट्र की कुछ सीटों पर उपचुनाव के लिए 23 अप्रैल को मतदान होगा। पश्चिम बंगाल में दो चरणों (23 अप्रैल और 29 अप्रैल) में मतदान होगा।