स्वतंत्रता दिवस 2026: राष्ट्रपति मुर्मु ने 78 वीरता पुरस्कार मंजूर किए, 13 मरणोपरांत सम्मान
सारांश
मुख्य बातें
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु ने स्वतंत्रता दिवस 2026 की पूर्व संध्या पर देश की रक्षा और आंतरिक सुरक्षा में असाधारण शौर्य प्रदर्शित करने वाले सैनिकों एवं सुरक्षाकर्मियों के लिए 78 वीरता पुरस्कारों को मंजूरी दी है, जिनमें से 13 पुरस्कार मरणोपरांत प्रदान किए गए हैं। इसके अतिरिक्त राष्ट्रपति ने 89 'मेंशन-इन-डिस्पैचेस' (विशेष उल्लेख) को भी स्वीकृति दी है। यह सम्मान थलसेना, नौसेना, वायुसेना और गृह मंत्रालय के वीरों को दिए गए हैं।
पुरस्कारों का विवरण
राष्ट्रपति भवन से जारी आधिकारिक सूची के अनुसार इस वर्ष के वीरता पुरस्कारों में 9 कीर्ति चक्र (जिनमें 7 मरणोपरांत हैं), 1 बार टू शौर्य चक्र, 19 शौर्य चक्र (जिनमें 1 मरणोपरांत है), 5 बार टू सेना मेडल (वीरता), 36 सेना मेडल (वीरता) (जिनमें 5 मरणोपरांत हैं), 3 नौसेना मेडल (वीरता) और 5 वायु सेना मेडल (वीरता) शामिल हैं।
89 विशेष उल्लेखों में भारतीय सेना के 75, भारतीय नौसेना के 4 और भारतीय वायुसेना के 10 जवान सम्मिलित हैं।
कीर्ति चक्र विजेता
इस वर्ष 9 वीरों को कीर्ति चक्र से सम्मानित किया गया है। इनमें लेफ्टिनेंट कर्नल मैनियो फ्रांसिस (21 पैरा स्पेशल फोर्सेज) और मेजर जितेंद्र राठी (2 पैरा स्पेशल फोर्सेज) प्रमुख हैं। हवलदार गजेंद्र सिंह (2 पैरा स्पेशल फोर्सेज) को यह सम्मान मरणोपरांत दिया गया।
मरणोपरांत कीर्ति चक्र पाने वालों में जगबीर सिंह (हेड कांस्टेबल), जसवंत सिंह (एसजी कांस्टेबल), बलविंदर सिंह (एसजी कांस्टेबल), तारिक हुसैन (एसजी कांस्टेबल), बशीर अहमद (हेड कांस्टेबल) और सुनील कुमार (इंस्पेक्टर, एसटीएफ) शामिल हैं।
शौर्य चक्र विजेता
मेजर आदित्य प्रताप सिंह (44 असम राइफल्स) को बार टू शौर्य चक्र से नवाजा गया है। 19 शौर्य चक्र विजेताओं में सेना के 11, नौसेना के 1, वायुसेना के 1 और गृह मंत्रालय के 6 वीर शामिल हैं।
सेना के शौर्य चक्र विजेताओं में मेजर परमवीर (36 राष्ट्रीय राइफल्स), मेजर तरुण वासुदेवन (57 राष्ट्रीय राइफल्स), मेजर केशव कुमार (12 डोगरा), मेजर गौरव सिंह ब्रिजवाल (21 ग्रेनेडियर्स), मेजर विपीन कुमार (11 राष्ट्रीय राइफल्स), नायब सूबेदार शंकर राम (3 असम राइफल), नायब सूबेदार डब्बल सिंह बिष्ट (21 पैरा स्पेशल फोर्सेज), हवलदार जगतार सिंह (4 पैरा स्पेशल फोर्सेज), लांस नायक कपिल देव (11 राष्ट्रीय राइफल्स), सिपाही जसविंदर सिंह (7 सिख लाइट इंफैंट्री) और लांस नायक नरेंद्र सिंधु (9 राष्ट्रीय राइफल्स, मरणोपरांत) शामिल हैं।
नौसेना से लेफ्टिनेंट कमांडर शिवम कुमार और वायुसेना से स्क्वाड्रन लीडर सुधीर कुमार (फ्लाइंग पायलट) को शौर्य चक्र प्रदान किया गया। गृह मंत्रालय की ओर से धीरज सिंह कटोच (डीएसपी), अजय सिंह चिब (इंस्पेक्टर), सुखवीर सिंह (डीवाई एसपी), नियाज अहमद (असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर), अंजनी कुमार (डिप्टी कमांडेंट) और दीपक साह (कांस्टेबल) सम्मानित हुए।
सेना मेडल और नौसेना-वायुसेना पदक
बार टू सेना मेडल (वीरता) से सम्मानित 5 अधिकारियों में मेजर डी.एस. पाओशो (7 मद्रास), मेजर अनुज महाजन (36 असम राइफल्स), मेजर कृष्ण कांत (21 पैरा स्पेशल फोर्सेज), सूबेदार रमेश कुमार (159 इंफैंट्री बटालियन, टेरिटोरियल आर्मी) और नायब सूबेदार राजेंद्र सिंह (2 पैरा स्पेशल फोर्सेज) शामिल हैं।
36 सेना मेडल (वीरता) विजेताओं में लेफ्टिनेंट कर्नल पुष्कर विजय चौधरी, लेफ्टिनेंट कर्नल सोनम टोपडेन भूटिया से लेकर पैराट्रूपर हिमांशु कुमार (21 पैरा स्पेशल फोर्सेज) तक विभिन्न रैंक के वीर सम्मिलित हैं। इनमें सूबेदार पेरभात गौर, लांस हवलदार पलाश घोष, लांस नायक सुजय घोष, लांस नायक प्रीतपाल सिंह और सिपाही हरमिंदर सिंह को यह सम्मान मरणोपरांत दिया गया।
नौसेना मेडल (वीरता) से कमांडर विनीत शर्मा, कमांडर युवराज कुमार और एसी अविनाश अन्नासो सम्मानित हुए। वायुसेना मेडल (वीरता) के विजेताओं में ग्रुप कैप्टन राहुल जगोटा, ग्रुप कैप्टन राहुल रावत, विंग कमांडर आशीष राजपूत, फ्लाइट लेफ्टिनेंट यश और मास्टर वारंट ऑफिसर रविंदरजीत सिंह शामिल हैं।
राष्ट्रीय महत्व और आगे की राह
यह ऐसे समय में आया है जब देश की सीमाओं और आंतरिक सुरक्षा पर दबाव लगातार बना हुआ है। गौरतलब है कि वीरता पुरस्कार हर वर्ष गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर घोषित किए जाते हैं, और ये सम्मान सशस्त्र बलों के मनोबल और राष्ट्रीय गौरव के प्रतीक माने जाते हैं। इस वर्ष मरणोपरांत सम्मान पाने वाले वीरों के परिजनों को नई दिल्ली में आयोजित समारोह में पुरस्कार प्रदान किए जाएंगे।