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संतकबीरनगर: गणेश विसर्जन जुलूस में बवाल, सपा सांसद पप्पू निषाद की गाड़ी पर पथराव; दोनों पक्षों पर FIR

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संतकबीरनगर: गणेश विसर्जन जुलूस में बवाल, सपा सांसद पप्पू निषाद की गाड़ी पर पथराव; दोनों पक्षों पर FIR

सारांश

संतकबीरनगर में गणेश विसर्जन की रात सपा सांसद पप्पू निषाद का काफिला और जुलूस आमने-सामने आ गए। एक तरफ सांसद का पथराव का आरोप, दूसरी तरफ जुलूस के युवक का दावा — गाड़ी की टक्कर से चोट और फिर मारपीट। अब दोनों पक्षों पर FIR, SC/ST एक्ट की धाराएँ भी शामिल।

मुख्य बातें

18 सितंबर 2026 की रात अमरडोभा चौराहे , संतकबीरनगर पर गणेश विसर्जन जुलूस और सपा सांसद के काफिले के बीच हिंसक विवाद हुआ।
सपा सांसद लक्ष्मीकांत उर्फ पप्पू निषाद की गाड़ी का शीशा टूटा, काफिले के कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए।
सांसद की तहरीर पर जुलूस में शामिल लोगों के खिलाफ FIR दर्ज; विशाल कुमार की शिकायत पर सांसद, जिला पंचायत सदस्य विश्वकेतु यादव और अन्य के खिलाफ भी FIR ।
विशाल की शिकायत में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएँ भी शामिल।
पुलिस वीडियो फुटेज और मौके पर मौजूद गवाहों के बयानों के आधार पर जांच कर रही है।

उत्तर प्रदेश के संतकबीरनगर जिले में 18 सितंबर 2026 की रात गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस के दौरान समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद लक्ष्मीकांत उर्फ पप्पू निषाद के काफिले और जुलूस में शामिल लोगों के बीच हिंसक विवाद हो गया। बखिरा थाना क्षेत्र के अमरडोभा चौराहे पर हुई इस घटना में सांसद की गाड़ी का शीशा टूट गया और कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए। 20 सितंबर 2026 को पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए हैं।

घटनाक्रम: कैसे बढ़ा बवाल

सांसद लक्ष्मीकांत निषाद की तहरीर के मुताबिक, 18 सितंबर की रात करीब 10:30 बजे वह अपने सहयोगियों और सुरक्षाकर्मियों के साथ बेलहर कला स्थित अपने आवास की ओर जा रहे थे। अमरडोभा चौराहे पर गणेश प्रतिमा विसर्जन जुलूस मौजूद था। पुलिस की मदद से काफिले के वाहनों को भीड़ के बीच से निकाला जा रहा था।

सांसद का कथित आरोप है कि इसी दौरान जुलूस में शामिल कुछ लोगों ने उनकी गाड़ी और काफिले के अन्य वाहनों पर ईंट-पत्थर और लाठी-डंडों से हमला किया, जिससे वाहन क्षतिग्रस्त हुए। उन्होंने पुलिस से वीडियोग्राफी की जांच कर दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है।

दूसरे पक्ष का बयान

संतोषपुर निवासी विशाल कुमार ने 20 सितंबर को बखिरा थाने में दी गई शिकायत में अलग ही तस्वीर पेश की है। विशाल के अनुसार, चौराहे पर एक डीजे का जनरेटर खराब हो जाने से संगीत बंद हो गया और इसी कारण जुलूस रुक गया।

विशाल का कथित आरोप है कि इसी दौरान सांसद पप्पू निषाद और उनके समर्थकों की तीन-चार गाड़ियाँ हूटर बजाते हुए जुलूस के बीच से निकलने लगीं, जिस दौरान वह सांसद की गाड़ी की चपेट में आकर गिर गया और उसे कमर में चोट आई। शिकायत में यह भी आरोप लगाया गया है कि विरोध करने पर सांसद के समर्थकों ने उसके साथ मारपीट और गाली-गलौज की। विशाल का कहना है कि पथराव जुलूस की ओर से इसी घटनाक्रम के जवाब में हुआ।

दोनों पक्षों पर FIR, SC/ST एक्ट भी शामिल

पुलिस ने सांसद लक्ष्मीकांत निषाद की तहरीर के आधार पर जुलूस में शामिल लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है। वहीं, विशाल कुमार की शिकायत पर सांसद, जिला पंचायत सदस्य विश्वकेतु यादव और अन्य लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। विशाल की शिकायत में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम समेत अन्य धाराओं का उल्लेख है।

गौरतलब है कि यह ऐसे समय में हुआ है जब उत्तर प्रदेश में त्योहारी मौसम के दौरान सांप्रदायिक और राजनीतिक तनाव के मामलों में सतर्कता बढ़ी हुई है। एससी/एसटी अधिनियम की धाराएँ जोड़े जाने से मामले की गंभीरता और भी बढ़ गई है।

जांच की स्थिति

पुलिस के अनुसार, घटना के दौरान मौके पर मौजूद अधिकारियों और सुरक्षाकर्मियों की भूमिका, साथ ही उपलब्ध वीडियो फुटेज की जांच की जा रही है। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि दोनों पक्षों के आरोपों की पड़ताल के बाद सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज है और प्रशासन स्थिति पर नज़र बनाए हुए है।

संपादकीय दृष्टिकोण

जहाँ ऐसी घटनाएँ जल्दी ही राजनीतिक रंग ले लेती हैं। विशाल कुमार की शिकायत में SC/ST अधिनियम जोड़ा जाना मामले को जटिल बनाता है और जांच पर दबाव बढ़ाता है। असली सवाल यह है कि क्या पुलिस वीडियो फुटेज के आधार पर निष्पक्ष रूप से घटनाक्रम तय कर पाएगी, या दोनों पक्षों की FIR एक-दूसरे को काटती रहेंगी और मामला लंबित पड़ा रहेगा।
RashtraPress
20 सितंबर 2026

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

संतकबीरनगर गणेश विसर्जन विवाद में क्या हुआ?
18 सितंबर 2026 की रात बखिरा थाना क्षेत्र के अमरडोभा चौराहे पर गणेश विसर्जन जुलूस और सपा सांसद लक्ष्मीकांत उर्फ पप्पू निषाद के काफिले के बीच टकराव हुआ, जिसमें सांसद की गाड़ी का शीशा टूट गया और कई वाहन क्षतिग्रस्त हुए। दोनों पक्षों ने एक-दूसरे पर हिंसा का आरोप लगाया है।
इस मामले में FIR किन-किन पर दर्ज हुई है?
पुलिस ने दो अलग FIR दर्ज की हैं — सांसद पप्पू निषाद की तहरीर पर जुलूस में शामिल लोगों के खिलाफ, और विशाल कुमार की शिकायत पर सांसद, जिला पंचायत सदस्य विश्वकेतु यादव और अन्य के खिलाफ। विशाल की शिकायत में SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम की धाराएँ भी शामिल हैं।
जुलूस में शामिल विशाल कुमार ने क्या आरोप लगाए हैं?
विशाल कुमार का आरोप है कि सांसद के काफिले की गाड़ी की चपेट में आकर वह गिर गया और उसे कमर में चोट आई। उसने यह भी आरोप लगाया कि विरोध करने पर सांसद के समर्थकों ने उसके साथ मारपीट और गाली-गलौज की।
पुलिस इस मामले की जांच कैसे कर रही है?
पुलिस के अनुसार, दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर मुकदमे दर्ज किए गए हैं और घटना स्थल पर उपलब्ध वीडियो फुटेज, मौजूद अधिकारियों तथा गवाहों के बयानों की जांच की जा रही है। जांच के बाद सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी।
सांसद पप्पू निषाद कौन हैं?
लक्ष्मीकांत उर्फ पप्पू निषाद उत्तर प्रदेश से समाजवादी पार्टी (सपा) के सांसद हैं। घटना के समय वह बेलहर कला स्थित अपने आवास की ओर जा रहे थे।
राष्ट्र प्रेस
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