क्या राजस्थान में गैस संकट का राजनीतिकरण किया जा रहा है? सीएम शर्मा का कांग्रेस पर आरोप
सारांश
Key Takeaways
- गैस संकट का मुद्दा राजस्थान तक सीमित नहीं है।
- मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर अनुचित राजनीति का आरोप लगाया।
- राज्य सरकार ने त्वरित कार्रवाई की है।
- केंद्र सरकार की स्थिति नियंत्रण में है।
- 24 घंटे बिजली आपूर्ति का लक्ष्य 2027 तक।
जयपुर, 18 मार्च (राष्ट्र प्रेस)। राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने बुधवार को गैस की कमी के मुद्दे पर कांग्रेस पर तीखा हमला करते हुए सवाल उठाया कि क्या इस समस्या का अनुचित राजनीतिकरण किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने पूछा, “क्या यह गैस संकट केवल राजस्थान तक सीमित है? क्या राजस्थान ने इस समस्या को उत्पन्न किया है? या यह एक राष्ट्रीय मुद्दा है?”
उन्होंने यह भी बताया कि राज्य सरकार ने नागरिकों को असुविधा से बचाने के लिए तुरंत कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा, “हम किसी भी नागरिक को परेशानी में नहीं डालेंगे। जिस दिन यह मुद्दा सामने आया, उसी दिन हमने बैठक बुलाई और स्पष्ट निर्देश दिए कि राजस्थान में गैस संबंधी कोई समस्या नहीं होनी चाहिए।”
केंद्र सरकार पर भरोसा जताते हुए शर्मा ने कहा कि स्थिति नियंत्रण में है।
उन्होंने कहा कि पहले हम पांच दिन का स्टॉक रखते थे, जिसे अब बढ़ाकर आठ दिन किया गया है, और इसे भविष्य में और बढ़ाने की योजना है।
विपक्ष पर हमला करते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता देश की छवि को नुकसान पहुंचा रहे हैं। उन्होंने कहा कि चाहे भारत में हो या विदेश में, कांग्रेस सदस्य देश की प्रतिष्ठा को धूमिल करने पर तुले हुए हैं। जब मैं सच बोलता हूं, तो वे भड़क जाते हैं। उन्हें जनता की पीड़ा और उनके कल्याण के लिए किए जा रहे प्रयासों को समझना चाहिए।
मुख्यमंत्री ने राजस्थान अंतर्राष्ट्रीय केंद्र में आयोजित ‘उद्यमी संवाद’ कार्यक्रम को संबोधित करते हुए पूर्व सरकार की आलोचना की। उन्होंने कहा कि उस समय कोई स्पष्ट नीतिगत ढांचा नहीं था। युवाओं को गुमराह किया गया, उद्यमियों को बाधाओं का सामना करना पड़ा, और योजनाओं के लिए आवंटित केंद्रीय निधि भ्रष्टाचार में बर्बाद हो गई।
मुख्यमंत्री ने निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने का भी आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि विकास के लिए बिजली और पानी आवश्यक हैं। हमारा लक्ष्य 2027 तक किसानों और उद्योगों को 24 घंटे बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करना है।